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Punjab Teacher भर्ती 2020: Pre Primary Teacher के 8393 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें

Punjab Teacher भर्ती 2020: Pre Primary Teacher

Punjab Teacher भर्ती 2020 Pre Primary Teacher:- स्कूल शिक्षा विभाग पंजाब (School Education Dept Punjab) ने Pre Primary Teacher के 8393 पदों के लिए भर्ती अधिसूचना प्रकाशित की है | वे उम्मीदवार जो 8393, प्री प्राइमरी शिक्षक (Pre Primary Teacher) पदों में रुचि रखते हैं, वे विवरण और सभी पात्रता मानदंड के लिए अधिसूचना को पढ़ सकते हैं और ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं | योग्य और इच्छुक उम्मीदवार स्कूल शिक्षा विभाग पंजाब की आधिकारिक वेबसाइट https://educationrecruitmentboard.com/ के माध्यम से 01/12/2020 से 21/12/2020 तक आवेदन कर सकते हैं |

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Punjab Teacher भर्ती की आवश्यक तिथियां:-

ऑनलाइन आवेदन की प्रारंभिक तिथि – 01 दिसंबर 2020

ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि – 21 दिसंबर 2020

Punjab Teacher भर्ती 2020: Pre Primary Teacher भर्ती आवेदन शुल्क:-

General/Other उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 1000/- रुपये

SC/ST उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 500/- रुपये

Sainik उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – NIL

Punjab Teacher भर्ती के पदों का विवरण:-

  • Punjab Pre Primary Teacher भर्ती के पदों के विवरण के लिए आधिकारिक अधिसूचना देखें |

Punjab Teacher भर्ती का वेतनमान:-

  • Pre Primary Teacher के लिए वेतनमान – 32000/- रुपये प्रतिमाह

Punjab Teacher भर्ती के लिए आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • उम्मीदवारों को 45% अंकों के साथ 12 वीं / इंटरमीडिएट उत्तीर्ण होना चाहिए और नर्सरी शिक्षक शिक्षा कार्यक्रम में 1 वर्षीय डिप्लोमा या किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड / विश्वविद्यालय / संस्थान से समकक्ष होना चाहिए |

Punjab Teacher भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

  • न्यूनतम आयु सीमा – 18 वर्ष
  • अधिकतम आयु सीमा – 37 वर्ष

Punjab Teacher भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • Test.
  • Interview.

How to Apply:- Punjab Teacher भर्ती:

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: Punjab.

Punjab Teacher भर्ती के लिए Important Links:-

Punjab Teacher Recruitment Notification PDF Click Here

Apply Online Click Here

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UCIL भर्ती 2020: Apprentice के 244 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें |

UCIL भर्ती 2020, Apprentice:

यूरेनियम कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड/Uranium Corporation of India Ltd (UCIL) ने 244 पदों पर पूर्व आईटीआई ट्रेड अपरेंटिस (Ex ITI Trade Apprentice) रिक्ति की UCIL भर्ती 2020 के लिए नवीनतम अधिसूचना जारी की है | यूरेनियम कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (UCIL) जॉब्स के लिए आधिकारिक वेबसाइट http://ucil.gov.in/ भर्ती 2020 के माध्यम से आवेदन करने के इच्छुक उम्मीदवार, Ex ITI Trade Apprentice पद के 244 पदों पर 10 दिसंबर 2020 तक आवेदन कर सकते हैं |

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UCIL भर्ती 2020, Apprentice, की आवश्यक तिथियां:-

ऑनलाइन आवेदन की प्रारंभिक तिथि – 23 नवंबर 2020

ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि – 10 दिसंबर 2020

UCIL भर्ती के पदों का विवरण:-

  • Fitter – 80 पद
  • Electrician – 80 पद
  • Welder (Gas & Electric) – 40 पद
  • Turner/Machinist – 15 पद
  • Instrument Mechanic – 10 पद
  • Mech. Diesel /Mech. MV – 10 पद
  • Carpenter – 05 पद
  • Plumber – 04 पद

UCIL भर्ती का वेतनमान:-

  • UCIL भर्ती के वेतनमान के लिए आधिकारिक अधिसूचना देखें |

UCIL भर्ती आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • उम्मीदवारों को किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड / विश्वविद्यालय / संस्थान से 10 वीं कक्षा, आईटीआई या समकक्ष उत्तीर्ण होना चाहिए |

UCIL भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

  • न्यूनतम आयु सीमा – 18 वर्ष
  • अधिकतम आयु सीमा – 25 वर्ष

UCIL भर्ती 2020 के लिए आवेदन शुल्क:-

  • General/OBC उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 500/- रुपये
  • SC/ST उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – NIL

UCIL भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • Merit List

How to Apply:- UCIL भर्ती 2020, Apprentice

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: All India.

UCIL भर्ती के लिए Important Links:-

UCIL Apprentice Recruitment Notification PDF Click Here

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Dev Uthani Ekadashi 2020: क्यों मनाया जाता है देवउठनी एकादशी और तुलसी विवाह का त्यौहार ?

Dev Uthani Ekadashi 2020:-

Ekadashi 2020- हिंदू धर्म में सबसे शुभ और पुण्यदायी मानी जाने वाली एकादशी, कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष को मनाई जाती है | यह देवउठनी एकादशी 25 नवंबर, बुधवार को है, जिसे हरिप्रबोधिनी और देवोत्थान एकादशी के नाम से भी जाना जाता है | पौराणिक मान्यता के अनुसार आषाढ़ शुक्ल एकादशी से कार्तिक शुक्ल एकादशी के बीच श्रीविष्णु क्षीरसागर में शयन करते हैं और फिर भादों शुक्ल एकादशी को करवट बदलते हैं |  पुण्य की वृद्धि और धर्म-कर्म में प्रवृति कराने वाले श्रीविष्णु कार्तिक शुक्ल एकादशी को निद्रा से जागते हैं |

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार श्रीहरि विष्णु इसी दिन राजा बलि के राज्य से चातुर्मास का विश्राम पूरा करके बैकुंठ लौटे थे, इस एकादशी को कई नामों से जाना जाता है जिनमें देवोत्थान एकादशी, देवउठनी ग्यारस, प्रबोधिनी एकादशी प्रमुख हैं | इस साल देवउठनी एकादशी 25 नवंबर, बुधवार को है | इस दिन से सभी मांगलिक कार्य शुरू हो जाते हैं | इस एकादशी तिथि को तुलसी विवाह किया जाता है |

इसलिए कहा जाता है देवउठनी:- Ekadashi 2020

कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को देवउठनी एकादशी के नाम से जाना जाता है | शास्त्रों में लिखा है कि इस दिन भगवान विष्णु चार महीने (जिनको चातुर्मास कहा जाता है) की योगनिद्रा के बाद शयन से जागृत होते हैं | इसलिए इस एकादशी को देवउठनी या देवोत्थान एकादशी के नाम से जाना जाता है और श्रीहरी की इस दिन विधि-विधान के साथ पूजा की जाती है | देवशयनी एकादशी को सभी शुभ कार्य बंद हो जाते हैं और देवउठनी एकादशी के साथ फिर से सभी शुभ कार्य प्रारंभ हो जाते हैं | इसलिए कार्तिक अमावस्या पर दीपावली के अवसर पर देवी लक्ष्मी की आराधना बगैर श्रीहरी के की जाती है, क्योंकि श्रीहरी उस वक्त योगनिद्रा में रहते हैं | देवउठनी एकादशी पर भगवान विष्णु के जागने पर देवी-देवता श्रीहरी और देवी लक्ष्मी की एक साथ पूजा कर देव दीपावली मनाते हैं | इसके साथ ही इस दिन से परिणय संस्कार यानी मांगलिक प्रसंगों का प्रारंभ भी हो जाता है |

अगले दिन शालिग्राम-तुलसी विवाह:-

स्कंदपुराण के कार्तिक माहात्मय में भगवान शालिग्राम की स्तुति की गई है और कहा गया है कि इसके दर्शन से समस्त तीर्थों का फल प्राप्त होता है | प्रति वर्ष कार्तिक मास की द्वादशी को महिलाएं प्रतीक स्वरूप तुलसी और भगवान शालिग्राम का विवाह करवाती हैं | इस वर्ष गुरुवार, 26 नवंबर को शालिग्राम और तुलसी का विवाह होगा. उसके बाद ही हिंदू धर्म के अनुयायी विवाह आदि शुभ कार्य प्रारंभ करते हैं |

तुलसी से क्यों किया था भगवान विष्णु ने विवाह:-

शंखचूड़ नामक दैत्य की पत्नी वृंदा अत्यंत सती थी. बिना उसके सतीत्व को भंग किए शंखचूड़ को परास्त कर पाना असंभव था | श्री हरि ने छल से रूप बदलकर वृंदा का सतीत्व भंग कर दिया और तब जाकर शिव ने शंखचूड़ का वध किया | वृंदा ने इस छल के लिए श्री हरि को शिला रूप में परिवर्तित हो जाने का शाप दिया | श्री हरि तबसे शिला रूप में भी रहते हैं और उन्हें शालिग्राम कहा जाता है | इन्ही वृंदा ने अगले जन्म में तुलसी के रूप में पुनः जन्म लिया था | श्री हरि ने वृंदा को आशीर्वाद दिया था कि बिना तुलसी दल के कभी उनकी पूजा सम्पूर्ण ही नहीं होगी | जिस प्रकार भगवान शिव के विग्रह के रूप में शिवलिंग की पूजा की जाती है | उसी प्रकार भगवान विष्णु के विग्रह के रूप में शालिग्राम की पूजा की जाती है | शालिग्राम एक गोल काले रंग का पत्थर है जो नेपाल के गण्डकी नदी के तल में पाया जाता है, इसमें एक छिद्र होता है और पत्थर के अंदर शंख, चक्र, गदा या पद्म खुदे होते हैं |

Dev Uthani Ekadashi 2020: देवउठनी एकादशी व्रत पर क्या करें क्या न करें ?

देवउठनी एकादशी 2020 Dev Uthani Ekadashi:-

देवउठनी एकादशी 2020 हिंदू धर्म में सबसे शुभ और पुण्यदायी मानी जाने वाली एकादशी, कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष को मनाई जाती है | यह देवउठनी एकादशी 25 नवंबर, बुधवार को है, जिसे हरिप्रबोधिनी और देवोत्थान एकादशी के नाम से भी जाना जाता है | पौराणिक मान्यता के अनुसार आषाढ़ शुक्ल एकादशी से कार्तिक शुक्ल एकादशी के बीच श्रीविष्णु क्षीरसागर में शयन करते हैं और फिर भादों शुक्ल एकादशी को करवट बदलते हैं |  पुण्य की वृद्धि और धर्म-कर्म में प्रवृति कराने वाले श्रीविष्णु कार्तिक शुक्ल एकादशी को निद्रा से जागते हैं |

इसी कारण से सभी शास्त्रों इस एकादशी का फल अमोघ पुण्यफलदाई बताया गया है | देवउठनी एकादशी दिवाली के बाद आती है | इस एकादशी पर भगवान विष्णु निद्रा के बाद उठते हैं इसलिए इसे देवोत्थान एकादशी कहा जाता है | मान्यता है कि भगवान विष्णु चार महीने के लिए क्षीर सागर में निद्रा करने के कारण चातुर्मास में विवाह और मांगलिक कार्य थम जाते हैं | फिर देवोत्थान एकादशी पर भगवान के जागने के बाद शादी- विवाह जैसे सभी मांगलिक कार्य आरम्भ हो जाते हैं | इसके अलावा इस दिन भगवान शालिग्राम और तुलसी विवाह का धार्मिक अनुष्ठान भी किया जाता है |

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार श्रीहरि विष्णु इसी दिन राजा बलि के राज्य से चातुर्मास का विश्राम पूरा करके बैकुंठ लौटे थे, इस एकादशी को कई नामों से जाना जाता है जिनमें देवोत्थान एकादशी, देवउठनी ग्यारस, प्रबोधिनी एकादशी प्रमुख हैं | इस साल देवउठनी एकादशी 25 नवंबर, बुधवार को है | इस दिन से सभी मांगलिक कार्य शुरू हो जाते हैं | इस एकादशी तिथि को तुलसी विवाह किया जाता है |

देवउठनी एकादशी 2020 व्रत में क्या न करें :-

  • एकादशी पर किसी भी पेड़-पौधों की पत्तियों को नहीं तोड़ना चाहिए |
  • एकादशी वाले दिन पर बाल और नाखून नहीं कटवाने चाहिए |
  • एकादशी वाले दिन पर संयम और सरल जीवन जीने का प्रयास करना चाहिए | इस दिन कम से कम बोलने की किसी कोशिश करनी चाहिए और भूल से भी किसी को कड़वी बातें नहीं बोलनी चाहिए |
  • हिंदू शास्त्रों में एकादशी के दिन चावल का सेवन नहीं करना चाहिए |
  • एकादशी वाले दिन पर किसी अन्य के द्वारा दिया गया भोजन नहीं करना चाहिए |
  • एकादशी पर मन में किसी के प्रति विकार नहीं उत्पन्न करना चाहिए |
  • इस तिथि पर गोभी, पालक, शलजम आदि का सेवन न करें |
  • देवउठनी एकादशी का व्रत रखने वाले व्यक्ति को बिस्तर पर नहीं सोना चाहिए |

देवउठनी एकादशी व्रत में क्या करें?

  • देवउठनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु की प्रतिमा के सामने दीपक अवश्य जलाना चाहिए |
  • देवउठनी एकादशी के दिन आपको सूर्योदय से पहले उठ जाना चाहिए |
  • देवउठनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु के नाम का कीर्तन भी करना चाहिए |  
  • देवउठनी एकादशी के दिन निर्जल व्रत रखना चाहिए |
  • देवउठनी एकादशी के दिन किसी गरीब और गाय को भोजन अवश्य कराना चाहिए |

Dev Uthani Ekadashi 2020: आज है देवउठनी एकादशी और तुलसी विवाह, जानें पूजा का शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्‍व

Dev Uthani Ekadashi 2020:-

Dev Uthani Ekadashi 2020: हिंदू धर्म में सबसे शुभ और पुण्यदायी मानी जाने वाली एकादशी, कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष को मनाई जाती है | यह देवउठनी एकादशी 25 नवंबर, बुधवार को है, जिसे हरिप्रबोधिनी और देवोत्थान एकादशी के नाम से भी जाना जाता है | पौराणिक मान्यता के अनुसार आषाढ़ शुक्ल एकादशी से कार्तिक शुक्ल एकादशी के बीच श्रीविष्णु क्षीरसागर में शयन करते हैं और फिर भादों शुक्ल एकादशी को करवट बदलते हैं |  पुण्य की वृद्धि और धर्म-कर्म में प्रवृति कराने वाले श्रीविष्णु कार्तिक शुक्ल एकादशी को निद्रा से जागते हैं |

इसी कारण से सभी शास्त्रों इस एकादशी का फल अमोघ पुण्यफलदाई बताया गया है | देवउठनी एकादशी दिवाली के बाद आती है | इस एकादशी पर भगवान विष्णु निद्रा के बाद उठते हैं इसलिए इसे देवोत्थान एकादशी कहा जाता है | मान्यता है कि भगवान विष्णु चार महीने के लिए क्षीर सागर में निद्रा करने के कारण चातुर्मास में विवाह और मांगलिक कार्य थम जाते हैं | फिर देवोत्थान एकादशी पर भगवान के जागने के बाद शादी- विवाह जैसे सभी मांगलिक कार्य आरम्भ हो जाते हैं | इसके अलावा इस दिन भगवान शालिग्राम और तुलसी विवाह का धार्मिक अनुष्ठान भी किया जाता है |

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार श्रीहरि विष्णु इसी दिन राजा बलि के राज्य से चातुर्मास का विश्राम पूरा करके बैकुंठ लौटे थे, इस एकादशी को कई नामों से जाना जाता है जिनमें देवोत्थान एकादशी, देवउठनी ग्यारस, प्रबोधिनी एकादशी प्रमुख हैं | इस साल देवउठनी एकादशी 25 नवंबर, बुधवार को है | इस दिन से सभी मांगलिक कार्य शुरू हो जाते हैं | इस एकादशी तिथि को तुलसी विवाह किया जाता है |

देवउठनी एकादशी 2020 का शुभ समय:– Dev Uthani Ekadashi 2020:

ग्रेगोरियन चंद्र कैलेंडर के अनुसार, देवउठनी एकादशी बुधवार, 25 नवंबर को पड़ रही है।

एकादशी तिथि शुरू होती है: 25 नवंबर, 2020 दोपहर 02:42 बजे से

एकादशी तिथि समाप्त: 26 नवंबर, 2020 को शाम 05:10 बजे तक

Dev Uthani Ekadashi 2020

देवउठनी एकादशी का महत्व:-

प्रबोधिनी एकादशी को पापमुक्त एकादशी के रूप में भी जाना जाता है | धार्मिक मान्यताओं के अनुसार राजसूय यज्ञ करने से भक्तों को जिस पुण्य की प्राप्ति होती है, उससे भी अधिक फल इस दिन व्रत करने पर मिलता है | भक्त ऐसा मानते हैं कि देवउठनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु की पूजा-अराधना करने से मोक्ष को प्राप्त करते हैं और मृत्युोपरांत विष्णु लोक की प्राप्ति होती है |

कैसे करें एकादशी की पूजा:

  • इस दिन भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की पूजा की जाती है | इस दिन को विष्णु को जगाने के लिए कहा जाता है |
  • इस दिन, भक्त सुबह जल्दी उठते हैं, नए या साफ कपड़े पहनते हैं | फिर, भगवान विष्णु का व्रत मनाया जाता है |
  • जब घर के आंगन में विष्णु के पैर बनाए जाते हैं |
  • जब ओखली में गेरू से पेंटिंग बनाई जाती है और आटा को फल, मिठाई, अनुभवी फल और गन्ना लगाकर कवर किया जाता है |
  • दीपों को रात में घर के बाहर जलाया जाता है और जहां इसकी पूजा की जाती है |

तुलसी विवाह का है विधान:-

इस दिन कई स्थानों पर शालिग्राम तुलसी विवाह का भी प्रावधान है | बता दें कि शालिग्राम भगवान विष्णु का ही एक स्वरूप है | मान्यता है कि इस बात का जिक्र मिलता है कि जलंधर नाम का एक असुर था | उसकी पत्नी का नाम वृंदा था जो बेहद पवित्र व सती थी | उनके सतीत्व को भंग किये बगैर उस राक्षस को हरा पाना नामुमकिन था | ऐसे में भगवान विष्णु ने छलावा करके वृंदा का सतीत्व भंग कर दिया और राक्षस का संहार किया |

इस धोखे से कुपित होकर वृंदा ने श्री नारायण को श्राप दिया, जिसके प्रभाव से वो शिला में परिवर्तित हो गए | इस कारण उन्हें शालिग्राम कहा जाता है | वहीं, वृंदा भी जलंधर के समीप ही सती हो गईं | अगले जन्म में तुलसी रूप में वृंदा ने पुनः जन्म लिया | भगवान विष्णु ने उन्हें वरदान दिया कि बगैर तुलसी दल के वो किसी भी प्रसाद को ग्रहण नहीं करेंगे |

पौराणिक कथा के अनुसार भगवान विष्णु ने कहा कि कालांतर में शालिग्राम रूप से तुलसी का विवाह होगा | देवताओं ने वृंदा की मर्यादा और पवित्रता को बनाए रखने के लिए भगवान विष्णु के शालिग्राम रूप का विवाह तुलसी से कराया | इसलिए प्रत्येक वर्ष कार्तिक शुक्ल एकादशी तिथि के दिन तुलसी विवाह कराया जाता है |

कैसे करें तुलसी विवाह:

  • तुलसी जी का विवाह कर रहे हैं तो पूजा के समय मां तुलसी को सुहाग का सामान और लाल चुनरी जरूर चढ़ाएं |
  • गमले में शालिग्गराम को साथ रखें और तिल चढ़ाएं |
  • तुलसी और शालिग्राम को दूध में भीगी हल्दी का तिलक लगाएं |
  • पूजा के बाद किसी भी चीज के साथ 11 बार तुलसी जी की परिक्रमा करें |
  • मिठाई और प्रसाद का भोग लगाएं। मुख्य आहार के साथ ग्रहण और वितरण करें |
  • पूजा खत्म होने पर शाम को भगवान विष्णु से जागने का आह्वान करें |

Canara Bank भर्ती 2020: Specialist Officer के 220 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें |

Canara Bank भर्ती 2020, Specialist Officer:

केनरा बैंक (Canara Bank) ने Scale I और Scale II में विभिन्न विषयों में केनरा बैंक SO भर्ती के विशेषज्ञ अधिकारी (Specialist Officer) के लिए एक अधिसूचना जारी की है और केनरा बैंक ने Scale II और Scale III में अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए एक विशेष भर्ती अभियान चलाया है | केनरा बैंक ने 25 नवंबर 2020 से 15 दिसंबर 2020 तक अपनी आधिकारिक वेबसाइट कैनरा बैंक जॉब्स http://canarabank.com/ पर ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए हैं |

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Canara Bank भर्ती की आवश्यक तिथियां:-

ऑनलाइन आवेदन की प्रारंभिक तिथि – 25 नवंबर 2020

ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि – 15 दिसंबर 2020 तक

Canara Bank भर्ती 2020 Specialist Officer भर्ती के पदों का विवरण:-

  • Backup Administrator – 04
  • Extract, Transform & Load (ETL) Specialist  – 05
  • BI Specialist – 05
  • Antivirus Administrator  – 05
  • Network Administrator – 10
  • Database Administrator – 12
  • Developer / Programmer – 25
  • System Administrator – 21
  • SOC Analyst – 04
  • Manager’s Law – 43
  • Cost Accountant – 01
  • Chartered Accountant – 20
  • Manager Finance – 21
  • Information Security Analyst – 04
  • Ethical Hackers and Penetration Testers – 02
  • Cyber Forensic Analyst – 02
  • Data Mining Expert  – 02
  • OFSAA Administrator – 02
  • OFSS Techno Functional – 05
  • Base 24 Administrator – 02
  • Storage Administrator – 04
  • Middleware Administrator – 05
  • Data Analyst – 02
  • Manager – 13
  •  Senior Manager – 01

Canara Bank भर्ती का वेतनमान:-

  • JMGS-I – Rs. 23700 – 980/7 – 30560 – 1145/2 – 32850 – 1310/7 – 42020
  • MMGS-II – Rs. 31705 – 1145/1 – 32850 – 1310/10 – 45950
  • MMGS-III – Rs. 42020 – 1310/5 – 48570 – 1460/2 – 51490

Canara Bank Specialist Officer भर्ती 2020 आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • उम्मीदवारों को किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड / विश्वविद्यालय / संस्थान से स्नातक / पोस्ट ग्रेजुएशन, CA या समकक्ष होना चाहिए।

Canara Bank भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

  • न्यूनतम आयु सीमा – 20 वर्ष
  • अधिकतम आयु सीमा – 38 वर्ष

Canara Bank भर्ती 2020 के लिए आवेदन शुल्क:-

  • General/OBC उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 600/- रुपये
  • SC/ST उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 100/- रुपये

Canara Bank भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • Online Test
  • GD
  • Interview.

How to Apply:- Canara Bank भर्ती 2020,Specialist Officer

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: All India.

Canara Bank भर्ती के लिए Important Links:-

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अगर आपको ये Article अच्छा लगा हो तो आप इसे अपने friends और family के साथ भी जरूर Share करे | अगर आपको  कोई Problem आ रही हो तो आप हमसे निचे दिए गए comment box में पूछ सकते है | EnterHindi Team आपकी जरूर Help करेगी |

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Pradhan Mantri Har Ghar Nal Yojana 2021 – सभी घरों में पाइपलाइन से पानी पहुँचाने के लिए और जल स्त्रोत बचाने के लिए

Pradhan Mantri Har Ghar Nal Yojana 2021:-

Pradhan Mantri Har Ghar Nal Yojana 2021- नरेंद्र मोदी ने 22 नवंबर 2020 को योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में वस्तुतः हर घर नल योजना 2021 (Pradhan Mantri Har Ghar Nal Yojana 2021) शुरू की है | जल जीवन मिशन के तहत इस योजना का उद्देश्य सभी घरों में पर्याप्त पानी की आपूर्ति करना और जल स्रोतों का संरक्षण करना है |

केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2024 तक प्रत्येक परिवार को पानी उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा है | पहले चरण में, यह योजना उत्तर प्रदेश के 2 जिलों में शुरू की जाएगी | हर घर नल का जल योजना के माध्यम से, योगी आदित्यनाथ ने यूपी सरकार का नेतृत्व किया | मिर्जापुर और सोनभद्र जिलों के 41 लाख ग्रामीणों को लाभ मिलेगा |

भारत में पानी की कमी एक बड़ी समस्या है और दिन-ब-दिन फैलती जा रही है क्योंकि अधिकांश परिवार पानी की भारी कमी का सामना कर रहे हैं | इसलिए, मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार हर घर में नल से पानी पहुंचाने पर ध्यान दे रही है |

हर घर नल योजना के लिए 2 चयनित जिले वर्षों से सुरक्षित पेयजल के लिए संघर्ष कर रहे हैं | अब इस हर घर नल योजना के साथ, सरकार इस समस्या को हल करना चाहता है |

Pradhan Mantri Har Ghar Nal Yojana 2021 उत्तरप्रदेश में हर घर नल का जल योजना:-

केंद्र सरकार की हर घर नल जल योजना के तहत, उत्तरप्रदेश सरकार मिर्जापुर क्षेत्र के 1,606 गांवों में पाइप के माध्यम से पेयजल की आपूर्ति शुरू करेगा | नई हर घर नल का जल योजना का सीधा फायदा मिर्जापुर के 21,87,980 ग्रामीणों को मिलेगा |

मिर्जापुर में बांध पर एकत्रित पानी को शुद्ध किया जाएगा और फिर उसे पोर्टेबल बनाकर आपूर्ति की जाएगी | मिर्जापुर में योजना की लागत 2,343.20 करोड़ रुपये अनुमानित है |

सोनभद्र के लगभग 1,389 गाँव हर घर नल योजना से जुड़े होंगे | इन गांवों के लगभग 19, 53,458 परिवार पेयजल आपूर्ति योजना से जुड़ेंगे | सोनभद्र में, झीलों और नदियों के पानी को शुद्ध किया जाएगा और पीने के लिए आपूर्ति की जाएगी |

सोनभद्र में इस हर घर नल योजना पर सरकार 3,212.38 करोड़ रुपये खर्च करेगा | दोनों जिलों में कुल 41,41,438 परिवारों को हर घर नल का जल योजना का लाभ मिलेगा | 2 जिलों में योजना के लिए 5,555.38 करोड़ रुपये की कुल लागत अनुमानित की गई है | आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, 2 साल की अवधि के भीतर गांवों में पेयजल आपूर्ति शुरू की जाएगी |

हर घर नल योजना संपूर्ण राष्ट्र के लिए:-

नया जल शक्ति मंत्रालय बनाया गया था जिसमें जल संसाधन, नदी विकास और गंगा कायाकल्प और पेयजल और स्वच्छता मंत्रालय शामिल हैं | इस प्रधानमंत्री हर घर नल योजना (जल जीवन मिशन) के तहत, केंद्र सरकार वित्तीय वर्ष 2024 तक पाइप लाइनों और नलों के माध्यम से प्रत्येक परिवार को पानी उपलब्ध कराएगा |

जल शक्ति मंत्रालय के लिए पहला काम जल संसाधनों का संरक्षण करना है | इस उद्देश्य के लिए, केंद्र सरकार महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (MGNREGA) के श्रमिकों की मदद ले रहा है | 

जल संसाधनों को संरक्षित करने के लिए, पिछले कुछ महीनों में विभिन्न भारतीय और इजरायली अधिकारी पहले ही मिल चुके हैं | इज़राइल में, सभी घरों में पहले से ही पाइपलाइनों और नलों के माध्यम से शुद्ध पानी की आपूर्ति हो रही है | भारत में, लगभग 45% पानी का उपयोग घरों में पीने के उद्देश्य के लिए किया जाता है और 80% का उपयोग खेती में किया जाता है |

पानी की बढ़ती मांग:-

नीती आयोग के एक अनुमान के अनुसार, भारत में वित्त वर्ष 2030 तक जलापूर्ति की आवश्यकता दोगुनी होने वाली है | भारत के लगभग 60 करोड़ लोग पानी की भारी कमी का सामना कर रहे हैं |

शुद्ध पेयजल की अनुपलब्धता के कारण, भारत में हर साल लगभग 2 लाख लोग मर जाते हैं | ऐसा माना जा रहा है कि वित्त वर्ष 2030 तक पानी की मांग दोगुनी हो जाएगी और यह मांग पूरी नहीं हुई, तो भारत के सकल घरेलू उत्पाद में 6% की दुर्घटना होगी | इसलिए इस मुद्दे से निपटने के लिए, पीएम मोदी जल संरक्षण पर जोर दे रहे हैं और हर घर नल योजना शुरू कर रहे हैं |

NISHTHA TRAINING MODULE 9 QUESTION AND ANSWER PDF – MP_गणित का शिक्षा शास्त्र का प्रश्नोत्तरी

NISHTHA TRAINING MODULE 9 QUESTION AND ANSWER PDF :विद्यालयी शिक्षा में गणित का महत्वपूर्ण स्थान है। एक बच्चे के जीवन में इसके विविध उपयोगों को देखते हुए, यह आवश्यक है कि बच्चे इसके सीखने में रुचि लें। इसलिए प्राथमिक स्तर पर इस विषय के आनंददायी अध्ययन की ओर छात्र-छात्राओं को आकर्षित करने के लिए शिक्षण अधिगम प्रक्रियाओं में सुधार लाना आवश्यक है।

कोर्स 9 – MP_गणित का शिक्षा शास्त्र का

https://diksha.gov.in/explore-course/course/do_31314875217389977612263

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NISHTHA TRAINING MODULE 9 QUESTION AND ANSWER PDF – MP_गणित का शिक्षा शास्त्र का प्रश्नोत्तरी

प्रश्न 1: इनमे से किसे गणित को अनंदायी बनाने की जरुरत नहीं है :

  1. कार्य में मग्न रखना
  2. परिकल्पना और उनका सत्यापन करना
  3. केवल समस्याओं के बारे में छात्रों को बताना
  4. भागीदारी

उत्तर : केवल समस्याओं के बारे में छात्रों को बताना

प्रश्न 2: व्यंजक X+2 है :

  1. किसी ज्ञात और अज्ञात संख्या के बीच का सम्बन्ध
  2. 2X
  3. सिर्फ दो प्रतीकों की नियुक्ति
  4. X की पावर 2

उत्तर : किसी ज्ञात और अज्ञात संख्या के बीच का सम्बन्ध

प्रश्न 3: निम्नलिखित में कौन सा विकल्प सही नहीं है ? गणित सिखाने में खेल का उपयोग किया जाता है

  1. गणितीय समझ के लिए बढ़ी हुई समझ के लिए
  2. बच्चों की समस्या को सुलझाने की क्षमताओं के विकास के लिए समर्थन
  3. गणित के प्रति बेहतर रवैया बनाने के लिए
  4. बच्चों की उर्जा और समय की बर्बादी के लिए

उत्तर : बच्चों की उर्जा और समय की बर्बादी के लिए

प्रश्न 4: सन्दर्भों पर विचार करें : एक पेड के नीचे खड़ा एक आदमी अपने बायीं ओर 15 मीटर चलता है उसी स्थान से ….. (दीक्षा में पूरा प्रश्न पढ़ें )

  1. पूर्णांक
  2. लाइन
  3. चर
  4. अंश

उत्तर : पूर्णांक

प्रश्न 5: इनमे से कौन सा बयान सही नहीं है ? गणित की पढाई करते समय बच्चे सीखते हैं

  1. सिद्धांत तैयार करना
  2. तर्क के आधार पर बयान साबित करना
  3. विचारों को सामान्यीकृत करना
  4. गणितीय बयानों को याद करना

उत्तर : गणितीय बयानों को याद करना

प्रश्न 6: गणित कक्षा में बच्चों को :

  1. शिक्षक को कोई सुझाव नहीं देना चाहिए
  2. गणितीय अवधारणाओं के बारे में उनके विचारों को पेश कर और चर्चा करना चाहिए
  3. शिक्षक द्वारा दी गयी समस्याओं के समधान्समधन को लिखना चाहिए और चुप रहना चाहिए
  4. अध्याय के अभ्यास से सवालों के अलावा कुछ और नहीं पढना चाहिए

उत्तर : गणितीय अवधारणाओं के बारे में उनके विचारों को पेश कर और चर्चा करना चाहिए

प्रश्न 7: एक प्रासंगिक स्थिति पर काम करते हुए छात्र से उम्मीद है –

  1. अध्यापक जोर देता है इसलिए करें
  2. परीक्षा में लिखने के लिए
  3. यह सिर्फ मजाक के लिए करें
  4. इसमें शामिल गणितीय सिद्धांत की पहचान करें

उत्तर : इसमें शामिल गणितीय सिद्धांत की पहचान करें

प्रश्न 8: गणित में की गयी गतिविधियाँ

  1. छात्रों को शारीरिक रूप से तैयार करती हैं
  2. छात्रों को अवधारणाओं को याद रखने में मदद करती हैं
  3. छात्रों को तेजी से गणना के योग्य बनाती हैं
  4. छात्रों को ख़ुशी से गणित की अवधारणाओं को ढूँढने के योग्य बनाती है

उत्तर : छात्रों को ख़ुशी से गणित की अवधारणाओं को ढूँढने के योग्य बनाती है

प्रश्न 9: प्राथमिक स्तर पर गणित सीखने के मूल्यांकन के लिए इस पर ध्यान दिया जाना चाहिए

  1. बच्चे क्या सीखते हैं
  2. बच्चे कितना गणित याद कर सकते हैं
  3. बच्चे क्यों सीखते हैं
  4. बच्चे कैसे सीखते हैं

उत्तर : बच्चे कैसे सीखते हैं

प्रश्न 10: गणित यह विकसित करने में मदद नहीं करता :

  • कल्पना
  • शारीरिक शक्ति
  • अमूर्त सोच
  • तार्किक विचार

उत्तर : शारीरिक शक्ति

NISHTHA TRAINING MODULE 1 TO 9 QUESTION AND ANSWER PDF – सभी निष्ठां प्रशिक्षण के प्रश्नोत्तर पीडीऍफ़ में

NISHTHA TRAINING MODULE 1, 2, 3

NISHTHA TRAINING MODULE 1 QUESTION AND ANSWER PDF

प्रश्न 1- भारत में शिक्षा पर पहली और दूसरी राष्ट्रीय नीति को किन वर्षों में तैयार किया गया था?

  1. 1986 और 2019
  2. 1967 और 1989
  3. 1966 और 1992
  4. 1968 और1986

उत्तर: 1968 & 1986

निम्नलिखित में से कौन सा कथन पाठ्यक्रम के लिए मान्य नहीं है ?

  1. यह स्कूलों में शिक्षा के उद्देश्यों को लागु करने के लिए डिजाईन की गयी नियोजित गतिविधियों का एक समूह है
  2. यह राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा से विकसित होता है
  3. इसमें पाठ्यक्रम, पाठ्यपुस्तकों, शिक्षा शास्त्र और मूल्याङ्कन विधियों को शामिल किया गया है
  4. यह भारत में विभिन्न स्तरों पर शिक्षा के लिए दृष्टी प्रदान करता है

उत्तर : यह भारत में विभिन्न स्तरों पर शिक्षा के लिए दृष्टी प्रदान करता है..

प्रश्न – बच्चों को निः शुल्क और अनिवार्य शिक्षा का अधिकार (आर. टी. ई.)अधिनियम कब अधिनियमित किया गया और कों से वर्ष में लागू किया गया

  1. वर्ष में 2008 अधिनियम और अप्रैल 2009 में लागु हुआ
  2. वर्ष में 2008 अधिनियम और अप्रैल 2009 में लागू हुआ
  3. वर्ष में 2009 अधिनियम और अप्रैल 2009 में लागू हुआ
  4. वर्ष में 2009 अधिनियम और अप्रैल 2010 में लागू हुआ

उत्तर: वर्ष में 2009 अधिनियम और अप्रैल 2010 में लागू हुआ

प्रश्न निम्नलिखित में से राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेख के लिए कोण सा वाक्य सही है ?

  1. यह पाठ्यक्रम और पाठ्यपुस्तकों में शामिल की जाने वाली सामग्री पर मार्गदर्शन प्रदान करता है
  2. एन सी ई आर टी को एन सी ऍफ़ करने के लिए आदेश दिया गया है
  3. यह शिक्षा पर राष्ट्रीय नीति में उल्लिखित दृष्टी के अनुरूप शैक्षिक उद्देश्य प्रदान करता है
  4. सभी

सही उत्तर : सभी

प्रश्न समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए निम्नलिखित में से कौन सा महत्त्वपूर्ण नहीं है ?

  1. शिक्षक का विश्वाश की सभी बच्चे एक साथ सीख सकते हैं
  2. सभी
  3. शिक्षक सकारात्मक और निष्पक्ष रवैया
  4. शिक्षक की सामाजिक आर्थिक स्थिति

सही उत्तर : शिक्षक की सामाजिक-आर्थिक स्थिति

प्रश्न – सामान विकलांगता वाले दो बच्चे ?

  1. सभी
  2. कक्षा में शीषक द्वारा किसी भी हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं होगी
  3. हमेशा कक्षा में शिक्षक द्वारा सामान हस्तक्षेप की आवश्यकता होगी
  4. कक्षा में शिक्षक द्वारा विभिन्न हस्तक्षेप की आवश्यकता हो सकती है

उत्तर : कक्षा में शिक्षक द्वारा विभिन्न हस्तक्षेप की आवश्यकता हो सकती है

प्रश्न : राम दृष्टिबाधित छात्र है | निम्नलिखित में से कौन सा उसके लिए अभिविन्यास और गतिशीलता प्रशिक्षण के लिए सबसे उपयोगी होगा?

  1. नोटबंदी की लिए स्लेट और स्टाईलस
  2. आडियो क्लिप्स
  3. सीखने की गतिविधियों का मौखिक विवरण
  4. स्कूल भवन के स्पर्श नक़्शे

उत्तर : स्कूल भवन स्पर्श के नक़्शे

प्रश्न 1 – इन सभी को छोड़कर UDL सिद्धांत है ?

  1. काम करने के कई साधन
  2. व्यवहार प्रबंधन के कई साधन
  3. प्रस्तुति के कई साधन
  4. अभिव्यक्ति के कई साधन

सही उत्तर : व्यवहार प्रबंधन के कई साधन

प्रश्न – एन.ई.पी. 2020 स्चूली शिक्षा के मौजूदा 10+2 डिजाईन किस्मे बदलने का प्रस्ताव देता है

  1. 5+3+4
  2. 3+5+3+5
  3. 5+3+3+4
  4. इनमे से कोई नहीं

उत्तर : 5+3+3+4

प्रश्न – विकलांग व्यक्ति अधिनियम 2016 (R. P. W.D.अधिनियम 2016) समावेशी शिक्षा को शिक्षा की एक प्रणाली के रूप में परिभाषित करता है, जिसमे विकलांगता और बिना विकलांगता वाले छात्र सामिल हैं ?

  1. एक ही स्कूल में भाग लें लेकिन विकलांगता वाले छात्र अलग कक्षाओं में सीखते हैं
  2. एक साथ सीखें और शिक्षण और सीखने के प्रणाली सामान बनी हुई है
  3. एक साथ सीखें और सीखने के प्रणाली उपयुक्त रूप से अनुकूलित है
  4. सभी

सही उत्तर : एक साथ सीखें और शिक्षण और सीखने की प्रणाली उपयुक्त रूप से अनुकूलित है

निष्ठा प्रशिक्षण मॉड्यूल 2 – स्वस्थ विद्यालयी परिवेश निर्मित करने के लिए व्यक्‍त‍िगत-सामाजिक योग्यता विकसित करना के प्रश्न एवं उत्तर

प्रश्न – इनमे से कौन एक प्रभावी सहायक की विशेषता नहीं है?

  1. निर्णय लेने में मदद करना
  2. व्यवहार परिवर्तन को सुकर बनाना
  3. भावनाओं की समझने को सुकर बनाना
  4. व्यक्ति के लिए समस्याओं का समाधान करना

उत्तर : व्यक्ति के लिए समस्याओं का समाधान करना

प्रश्न निम्नलिखित में से कौन सा सवेंदनशील शिक्षक की विशेषताएँ हैं ?

  1. आलोचक और मूल्यांकन से आहत होना
  2. स्वयं की आवश्यकताओं के प्रति सचेत रहना
  3. हर समय स्वयं और दूसरों की निगरानी करने में सक्षम होना
  4. छात्रों की आवश्यकताओं और समस्याओं के अनुरूप होना

उत्तर : छात्रों की आवश्यकताओं और समस्याओं के अनुरूप होना

प्रश्न – छात्रों के लिए शिक्षकों को कक्षा के वातावरण में सकारात्मकता को बढ़ावा देने की आवश्यकता है ताकि छात्र अनुभव कर सकें :

  1. सुरक्षित और स्वीकृत
  2. संरक्षित और अनिश्चित
  3. अलग और देखने योग्य
  4. एकांत और सतर्क

उत्तर : सुरक्षित और स्वीकृत

प्रश्न – किसी अन्य व्यक्ति के दृष्टिकोण से स्थितियों को देखने में सक्षम होने की योग्यता/दक्षता को निम्न रूप में जाना जाता है :

  1. दृष्टिकोण जानना
  2. द्रंद से निपटना
  3. वास्तविकता परिक्षण
  4. सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार

उत्तर : दृष्टिकोण जानना

प्रश्न – एक शिक्षक संवेदनशीलता के गुण को चित्रित /दर्शा सकता है:

  1. दूसरों की भावनाओं और विचारों से अवगत होकर
  2. दूसरों की राय लेकर
  3. विचारों को व्यक्त और दूसरों को समग्र करना
  4. दूसरों के साथ काम करने की क्षमता होना

उत्तर : दूसरों की भावनाओं और विचारों से अवगत होकर

प्रश्न – तदनुभूति है ?

  1. किसी और की तरह महसूस करना और सोचना
  2. अपने और दूसरों से तर्क करना
  3. अपने स्वयं को समझना
  4. दूसरों के लिए खेद महसूस करना

उत्तर : किसी और की तरह महसूस करना और सोचना

प्रश्न – बच्चों के समूह के बीच द्रंद के मामले में, आप एक शिक्षक के रूप में कौन – सी युक्ति का उपयोग करेंगे:

  1. मामले को अपने आप हल करने के लिए छोड़ देंगे
  2. स्कूल प्रधानाचार्य को मामले के बारे में सूचित करेंगे
  3. अपने अधिकार का उपयोग करें और मुद्दे का फैसला करेंगे
  4. बच्चों के बीच संवाद करने में सहज बनायेंगे

उत्तर : बच्चों के बीच संवाद करने में सहज बनायेंगे

प्रश्न – स्कूल / कक्षाओं में स्वास्थ्य वातावरण को बढ़ावा देने के लिए शिक्षकों के गुण और कौशल इस प्रकार है

  1. संवेदनशीलता और देखभाल
  2. संवेदनशीलता और आशंका
  3. संवेदनशीलता और नियंत्रण
  4. सहानुभूति और देखभाल

उत्तर : संवेदनशीलता और देखभाल

प्रश्न – चौकस श्रवण कौशल उपस्थित होने के लिए एक शिक्षक को छात्रों के निम्नलिखित पर ध्यान देने की आवश्यकता होती है:

  1. गैर-मौखिक भाव
  2. व्यवहार और कार्य
  3. सभी
  4. मौखिक अभिव्यक्ति

उत्तर : सभी

प्रश्न – शिक्षक छात्रों को वास्तविक चिंता और रूचि का सम्प्रेषण कर सकते हैं:

  1. आँख से संपर्क करके
  2. उन्हें हमेशा उनका रास्ता देकर
  3. उनके कार्यों पर सवाल उठाकर
  4. उन्हें गतिविधियों में वरीयता देकर

उत्तर : आँख से संपर्क करके

निष्ठा प्रशिक्षण मॉड्यूल 3 – विद्यालय में स्वास्थ्य और कल्याण

प्रश्न – मुख्यतः घरेलु हिंसा कहाँ होती है?

  1. गरीब परिवार में
  2. कुलीन परिवार में
  3. ऊपर के दोनों
  4. इनमे से कोई नहीं

उत्तर : ऊपर के दोनों

प्रश्न – इस आसन को पहचाने

  1. भुजंगासन
  2. शलभासन
  3. धनुरासन
  4. मकरासन

उत्तर : भुजंगासन

प्रश्न – सभी भावनाएं ——–

  1. व्यक्त की जानी चाहिए
  2. दबा दी जाने चाहिए
  3. अच्छे भाव छुपाने एवं बुरे भाव व्यक्त करने चाहिए
  4. बुरे भाव छुपाने एवं अच्छे भाव व्यक्त करने चाहिए

उत्तर : व्यक्त की जानी चाहिए

प्रश्न – किस आसन में बाहें ऊपर की और खींची होती हैं?

  1. हस्तोत्तानासन
  2. शलभासन
  3. धनुरासन
  4. मकरासन

उत्तर : हस्तोत्तानासन

प्रश्न – संतुलित आहार से क्या तात्पर्य है ?

  1. उचित अनुपात में प्रोटीन,कर्बोहाईड्रेड, वसा, विटामिन का समावेश
  2. वसा और कर्बोहाईड्रेड का समावेश
  3. विटामिन और खनिज
  4. वसा और कर्बोहाईड्रेड

उत्तर: उचित अनुपात में प्रोटीन,कार्बोहाइड्रेट,वसा,विटामिन का समावेश

प्रश्न – स्कूल सुरक्षा और स्वच्छता में क्या नहीं आता है ?

  1. पीने का पानी और भूकंप
  2. अपर्याप्त स्वच्छता सुविधाएँ और सड़क सुरक्षा
  3. साँपों और किसी भी अन्य कीटों द्वरा परिसर पर आक्रमण, टूटी हुई कोई बाउंड्री नहीं होना
  4. इनमे से कोई नहीं

उत्तर : इनमे से कोई नहीं

प्रश्न – शारीरिक स्वास्थ्य में क्या नहीं आता ?

  1. व्यायाम
  2. योग
  3. टीवी पर व्यायाम देखना
  4. घरेलु शारीरिक गतिविधियाँ

उत्तर : टीवी पर व्यायाम देखना

प्रश्न – निम्नलिखित में कौन सा कथन सत्य है ?

  1. हमारे शरीर में परिवर्तन प्राकृतिक, सामान्य और स्वस्थ्य होते हैं
  2. बच्चों के बीच सभी परिवर्तन एक ही समय में होते हैं
  3. शारीरिक परिवर्तन हमेशा मानसिक – सामाजिक परिवर्तनों से पहले होते हैं
  4. बच्चे कभी तनाव महसूस नहीं करते

उत्तर: हमारे शरीर में परिवर्तन प्राकृतिक, सामान्य और स्वास्थ्य होते हैं

प्रश्न – शारीरिक शिक्षा में किन का समेकन नहीं किया जा सकता है ?

  1. केवल विज्ञानं और सामाजिक विज्ञानं
  2. केवल भाषा विज्ञानं
  3. अतिरिक्त पाठ्यक्रम गतिविधियाँ
  4. सभी

उत्तर : सभी

प्रश्न – इन्टरनेट, गैजेट्स और मीडिया के सुरक्षित उपयोग में क्या – क्या शामिल है ?

  1. साइबर बदमाशी/बुलिंग
  2. अजनबियों के साथ व्यक्तिगत विवरण साझा करना
  3. सोशल मीडिया पर व्यक्तिगत विवरण साझा नहीं करना
  4. सोशल मीडिया पर व्यक्तिगत स्थिति को नियमित रोप से अपडेट करना

उतर: अजनबियों के साथ व्यक्तिगत विवरण साझा करना

NISHTHA TRAINING MODULE 4 5 6

शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया में जेंडर आयामों की प्रासंगिकता की प्रासंगिकता NISHTHA TRAINING MODULE 4 5 6 –

यह मॉड्यलू जेंडर एवं शैक्षणिक प्रक्रियाओं के बारे में एक दृष्टि प्रदान करता है। यह इस बात की गहन जानकारी देता है कि जेंडर को अलग-अलग विषयों में कैसे समझा और रूपांतरित किया जा सकता है। मॉड्यलू शिक्षकों को जेंडर संबंधित मुद्दों पर संवेदनशीलता और समझ को गहन करने में सहायक होगा, साथ ही उन्हें जेंडर संबंधी समेकित पद्धतियाँ विकसित करने में व्यावहारिक रूप से उपयोगी दिशा-निर्देश प्रदान करेगा

नीचे आपको निष्ठा प्रशिक्षण 4, 5 6 (NISHTHA TRAINING MODULE 4 5 6) के प्रश्न एवं उत्तर दिए जा रहे हैं जिसकी सहायता से आप सही सही उत्तर दे सकते हैं तथा साथ पीडीऍफ़ भी दी जा रही है जिसे आप डाउनलोड कर प्रिंट निकाल सकते हैं |

NISHTHA TRAINING MODULE 4 QUESTION AND ANSWER PDF

प्रश्न निम्नलिखित  में से कौन सा वाक्य सही है?

  1. लड़के लड़कियों से अधिक मेहनती होते है। 
  2. महिलाओ का स्थान घर है।
  3. लड़के और लड़कियों से बराबरी का व्यवहार करना चाहिए।
  4. लड़कियों को स्कूल नहीं भेजना चाहिए वह शादी के लिए बनी है।

उत्तर-  लड़के और लड़कियों से बराबरी का व्यवहार करना चाहिए।

प्रश्न – जेंडर के बारे में निम्नलिखित में से  क्या सही नहीं है ?

  1. जेंडर महिलाओं, पुरुषो और ट्रांसजेंडर के बीच एक सामाजिक रूप से निर्मित अंतर है। 
  2. जेंडर  महिलाओं, पुरुषो और ट्रांसजेंडर के बीच जैविक अंतर को दर्शता है।
  3. जेंडर सम्बन्ध समय के साथ और लोगो के विभिन्न समूहों के बीच भिन्न होते है।
  4. कोई भी नहीं।  

उत्तर – जेंडर  महिलाओं, पुरुषो और ट्रांसजेंडर के बीच जैविक अंतर को दर्शता है।

प्रश्न-  निम्नलिखित में से कौन सा कथन लड़को/पुरुषो के बारे में इक जेंडर स्टीरियोटाइप नहीं है?

  1. लड़को/ पुरुषो को रोना नहीं चाहिए।
  2. लड़के/पुरुष बच्चे पैदा करने के साथ साथ खाना भी बना सकते है
  3. लड़के / पुरुष बेहतर चालक होते है। 
  4. लड़का / पुरुष परिवार के पालनकर्ता है। 

उत्तर-     लड़के/पुरुष बच्चे पैदा करने के साथ साथ खाना भी बना सकते है

प्रश्न-  निम्नलिखित में से कौन सा गुण लड़को और लड़कियों दोनों के लिए सही है?

  1. स्वतंत्र
  2. मेहनती
  3. सभी
  4. भावुक

उत्तर –   सभी

प्रश्न – क्यायह कथन सही है ‘ राजनीति में सत्ता और अधिकार के पदों को संभालने में पुरुष की तुलना में महिलाएं काम सक्षम है ? 

  1. नहीं, वे सत्ता और अधिकार के पदों को संभालने में पुरुषों की तरह ही सक्षम है।
  2. हां। महिलाएं घर के काम करने के अधिक अनुकूल हैं।
  3. हां। महिलाओं को जैविक रूप से कमजोर यौन (सेक्स) माना जाता है।
  4. हां, वे भावात्मक रूप से कमजोर हैं और निर्णय लेने में सक्षम नहीं हैं।

उत्तर – नहीं, वे सत्ता और अधिकार के पदों को संभालने में पुरुषों की तरह ही सक्षम है।

प्रश्न – निम्नलिखित में से कौन सा कथन जेंडर मिथक नहीं हैपहचानें

  1. लडको और लड़कियों के बीच जैविक अंतर उनकी संज्ञानात्मक क्षमताओं से संबंधित नहीं है।
  2. लड़के तर्कशील होते है और लड़कियां तर्कहीन होती है ।
  3. लड़के के लिए विज्ञान और तकनीक है।
  4. मेंस्ट्रुएशन के दौरान लड़कियों को रसोई में प्रवेश नहीं करना चाहिए।

उत्तर – लडको और लड़कियों के बीच जैविक अंतर उनकी संज्ञानात्मक क्षमताओं से संबंधित नहीं है।

प्रश्न– निम्नलिखित में से कौन सा कार्य लिंग भेद को नहीं दर्शाता है?

  1. परिवार की रोटी कमाने वाला होने के कारण रोहित अपने परिवार के लिए सभी फैसले लेता है।
  2. शारदा अपना ज्यादातर समय रसोई में खाना बनाने में बिताती है।
  3. शेफाली पर्वतारोही बनने के लिए प्रशिक्षण के रही है।
  4. बंटी और उसके दोस्त आमतौर पर टॉय कार और टॉय गन के साथ खेलते हैं।

उत्तर –  शेफाली पर्वतारोही बनने के लिए प्रशिक्षण के रही हैं।

प्रश्न – पुरुषत्व और स्त्रीत्व को संदर्भित करता है

  1. पितृसत्तात्मक
  2. यौन ( सेक्स)
  3. जेंडर
  4. लिंगभेद

उत्तर – जेंडर

प्रश्न – जेंडर और यौन( सेक्स) के बीच आवश्यक अंतर क्या है ?

  1. यौन ( सेक्स) एक जैविक अंतर है जबकि जेंडर पुरुषों और महिलाओं के बीच एक सामाजिक रूप से निर्धारित अंतर है।
  2. जेंडर एक जैविक अंतर है जबकि यौन (सेक्स) पुरुषों और महिलाओं के बीच सामाजिक रूप से निर्धारित अंतर है।
  3. जेंडर और यौन (सेक्स) में कोई अंतर नहीं है।
  4. कोई भी नहीं।

उत्तर – यौन ( सेक्स) एक जैविक अंतर है जबकि जेंडर पुरुषों और महिलाओं के बीच एक सामाजिक रूप से निर्धारित अंतर है।

प्रश्न– निम्नलिखित में से कौन सा कथन लड़कियों/महिलाओं के बारे में स्टरिओटाइप नहीं है?

  1. लड़कियों/ महिलाओं को पतली और सुंदर होना चाहिए।
  2. लड़कियां/ महिलाएं खराब निर्णय लेने वाली होती है।
  3. लड़कियां/ महिलाएं बातूनी होती है।
  4. लड़कियों/ महिलाओं के पास नेतृत्व कौशल है और वे किसी भी पेशे में उत्कृष्टता प्राप्त कर सकती है।

उत्तर – लड़कियों/ महिलाओं के पास नेतृत्व कौशल है और वे किसी भी पेशे में उत्कृष्टता प्राप्त कर सकती है।

NISHTHA TRANING MODULE 5 QUESTION AND ANSWER PDF

शिक्षण, अधिगम और मूल्यांकन में आई.सी.टी. (सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी) का समन्वय :- सूचना एवं संचार तकनीक (आईसीटी ) व शिक्षा शास्त्र का शिक्षण – अधिगम में समायोजन का मॉड्यूल शिक्षक/शिक्षक प्रशिक्षक को शिक्षण, अधिगम और मूल्यांकन में उपयुक्त आईसीटी को प्रयोग करने में सक्षम बनाता है। 

प्रश्न–  ई– सामग्री निर्माण के निशुल्क एवं ओपन सोर्स सॉफ्टवेयर/मंच है 

  1. HSP
  2. सभी
  3. स्क्रैच
  4. ऑडेसिटी और ओपनशॉट वीडियो एडिटर

    उत्तर – सभी

प्रश्न– निम्नलखित में से कौन का कथन सत्य नहीं है

  1. ओपनशॉट वीडियो एडिटर गॆम्स और एनिमेशन बनाने के लिए फ्री ऑनलाइन प्रोग्रामिंग सॉफ्टवेयर है।
  2. फ्री माइंड और फ्री प्लेन, माइंड मैपिंग के निशुल्क सॉफ्टवेयर है, जिनका इस्तेमाल विचारो और अवधारणाओं की चित्र के माध्यम से प्रस्तुतिकरण के लिए किया जाता है।
  3. गूगल फॉर्म (Google forms), काहुट (kahoot), हॉट पोटैटो (hot potato) और मेंटिमीटर (Mentimeter), आंकलन के लिए ऑनलाइन टूल्स/प्लेटफॉर्म है।
  4. स्टलेरियम, जियोजब्रा, कालजियम और एवोगड्रो विषय विशेष निशुल्क और ओपन सोर्स सॉफ्टवेयर है।

     उत्तर- ओपनशॉट वीडियो एडिटर गॆम्स और एनिमेशन बनाने के लिए फ्री ऑनलाइन प्रोग्रामिंग सॉफ्टवेयर है।

प्रश्न – – पाठशाला है.

  1. हर समय और हर जगह पर निशुल्क उपलब्ध
  2. सभी
  3. सभी शैक्षिक ई- संस्थानों जैसे; पाठयपुस्तक, ऑडियो,  पत्र- पत्रिका अन्य प्रिंट और नॉन- प्रिंट किस्म के शैक्षिक ई- संस्थानो का प्रदर्शन और प्रसार
  4. एक वेब पोर्टल या मोबाईल एप जो छात्रों, शिक्षकों, माता – पिता और शोधकर्ता के लिए शैक्षिक संस्थान उपलब्ध कराता है।

    उत्तर – सभी

प्रश्न– एक फ्री और ओपन सोर्स सॉफ्टवेयर है

  1. कोई भी नहीं
  2. जिसे कॉपीराइट धारक से पुन: उपयोग और पुनर्वितरण की अनुमति की आवश्यक होती है
  3. स्वामित्व (proprietary) वाले सॉफ्टवेयर
  4. जिसे उपयोग करने के लिए लाइसेंस की आवश्यकता होती है।

    उत्तर – कोई भी नहीं

प्रश्न– आईसीटी समेकित शिक्षण के लिए विषय– वस्तु विश्लेषण की क्या आवश्यकता है।

  1. आईसीटी उपकरणों का उपयोग करके कक्षा में विभिन्न गतिविधियों का आयोजन।
  2. विभिन्न आईसीटी उपकरणों का उपयोग करके शिक्षण दृष्टिकोण या विधियों कि योजना
  3. सीखने के परिणामों को प्राप्त करने और उनका आंकलन करने के लिए उन अवधारणाओं पर जोर दें, जहा आईसीटी को एकीकृत किया जा सकता है,
  4. सभी

उत्तर – सभी

प्रश्न– ओपन एजुकेशनल रिसोर्स (OER) है

  1. यह पूर्ण पाठ्यक्रम, पाठ्यक्रम सामग्री, मॉड्यूल, पाठयपुस्तक, स्ट्रीमिंग वीडियो, सॉफ्टवेयर, और कोई भी अन्य उपकरण, सामग्री या तकनीक का samaveshthai को ज्ञान के अभिगमन में मदद करता है
  2. NROER सुलभ स्कूल विषय अवधारणा आधारित एक पुस्तकालय है जिसमे ऑडियो, वीडियो, सीखने कि वस्तुएं, चित्र, प्रश्न बैंक, गतिविधियां/प्रस्तुतियां है , जिन्हें डाउनलोड और साझा किया का सकता है और टिप्पणी की जा सकती है।
  3. अधिगम, शिक्षण और मू्यांकन के लिए उपयोगी स्वतंत्ररूप से उपलब्ध खुलेआम लाइसेंस प्राप्त सामग्री और मीडिया
  4. सभी

उत्तर – सभी

प्रश्न– ई – सामग्री है

  1. सूचना को की इलेक्ट्रॉनिक उपकारणों, कंप्यूटर/संगणक जाल – तंत्र इंटरनेट द्वारा उपलब्ध कराई जाए
  2. ररिपॉजिटरी और वेब पोर्टल जैसे NROER , ई- पाठशाला , साक्षात, ओलाब आदि से प्राप्त सामग्री
  3. डिजिटल टेक्स्ट, चित्र, ऑडियो, वीडियो, एनिमेशन, इंटरैक्टिव और सिमुलेशन के रूप में सामग्री।
  4. सभी

उत्तर – सभी

प्रश्न – आईसीटी कैसे अधिनियमशिक्षण और मूल्यांकन में सहयोग देता है ?

  1. श्रव्य- दृश्य सहित ज्ञानेन्द्रिय ग्रहणशील रणनीति प्रदान करता है जिससे अधिगम की वृद्धि होती है।
  2. स्वयं निर्धारित गति से अधिगम और अवधारणा निर्माण को प्रोत्साहित करता है।
  3. अधिगम के साधनों को कहीं और कभी भी अधिगम का अवसर प्रदान करता है।
  4. सभी

उत्तर – सभी

प्रश्न– अधिगम एवम् शिक्षण के लिए आई सी टी क्यों महत्वपर्ण हैं?

  1. गुणवत्ता में सुधार के लिए
  2. शिक्षण को प्रभावी बनाने के लिये
  3. सभी
  4. पारंपरिक विधि में बदलाव के लिए

उत्तर- सभी

प्रश्न–  आई सी टी संबंधित नहीं है ?

  1. कल्पना (imagine)
  2. प्राप्त करना (receive)
  3. पुन: प्राप्ति (retrieve)
  4. सृजन (creation)

उत्तर – कल्पना (imagine)

NISHTHA TRAINING MODULE 6 QUESTION AND ANSWER PDF :

कला समेकित शिक्षा एक शिक्षण मॉडल है, जो ‘कला के माध्यम से सीखने’ पर आधारित है। यह मॉड्यूल शिक्षार्थियों को अपने शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया में कला को समेकित करने में, सीखने में, और अभ्यास करने में सक्षम बनाता है। यह मॉड्यूल कला समेकित शिक्षण गतिविधियों को योजना बनाना, विभिन्न तरीकों का उपयोग करना जैसे कि कला आधारित आइस-ब्रेकर, बुद्धिशीलता, कला निर्माण, विचारणा, कल्पना, खोज, अवलोकन, प्रतिबिंबित, स्वतंत्र रूप से व्यक्त करना, लेखन आदि सभी गतिविधियाँ ,प्रयोगिक अनुभूति की परिकल्पना से बनाए जाने आदि को समेकित करता है । कला समेकित शिक्षा को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए शिक्षार्थी को प्रदान पर्याप्त जानकारी प्रदान करें|

प्रश्न-1  कला समेकित शिक्षा के माध्यम से शिक्षक क्या विकसित कर सकेगे ?

  1.  क अनूलाभव के लिए गतिविधियां
  2.  काला प्रतियोगिता की भावना
  3. अकादमिक परिणाम के लिए परीक्षा के संसाधन
  4. कला आधारित ऐतिहासिक परियोजनाएं

उत्तर –  क अनूलाभव के लिए गतिविधियां

प्रश्न-2 निम्नलिखित में से कौन सी कला प्रदर्शन कला नहीं है ;

  1.  स्वाभिनय
  2.  चित्रकला
  3.  संगीत
  4.  नृत्य

उत्तर –  चित्रकला

प्रश्न-3  कला समेकित गतिविधियां इनमें से किस सिद्धांत पर आधारित है?

  1.  अनुभव आधारित अधिनियम
  2. रट कर याद करना
  3. पाठ्य पुस्तक से नकल करना
  4. सही उत्तर लिखना

 उत्तर – अनुभव आधारित अधिनियम

प्रश्न– 4 समेकित का अर्थ है ?

  1.  विज्ञान के अलावा अन्य विषयो के साथ कला का संयोजन
  2. विभिन्न पाठ्यक्रम क्षेत्रों के शिक्षण के साथ कला का संयोजन
  3. कम से कम एक कला रूप के विषय का गहन ज्ञान
  4. भाषा और सामाजिक आध्यन के साथ कला का संयोजन

उतर – विभिन्न पाठ्यक्रम क्षेत्रों के शिक्षण के साथ कला का संयोजन

प्रश्न -5 कला समेकित शिक्षा की गतिविधियों को वीडियो देखने के बादकौन सी ध्वनियां उंगलियों से बनाई जा सकती हैं?

  1. हवा की ध्वनि
  2. आग की ध्वनि
  3. पानी की ध्वनि
  4. बारिश की ध्वनि

उत्तर – बारिश की ध्वनि

प्रश्न – 6  विशेष जरूरतों वाले बच्चों (CSWN)  को निम्न में से किसके माध्यम से आनंददायी अधिगम में लगाया जा सकता है?

  1. पाठ को याद करवा कर
  2. लिखने का अभ्यास करवा कर
  3. कला समेकित शिक्षा
  4. ऊंची आवाज में पढ़ कर

उत्तर – कला समेकित शिक्षा

प्रश्न-7 कला समेकित शिक्षा में, ‘कला’ को किस संदर्भ में लिया गया है?

  1. शिक्षण- शास्त्र का एक टूल
  2. लोक कला
  3. परंपरागत कला
  4. परीक्षा की एक कला

उत्तर– शिक्षण- शास्त्र का एक टूल

प्रश्न– 8 कला रूपों के एकीकरण के माध्यम सेशिक्षकों द्वारा मूल्यांकन नहीं किया जा सकता है;

  1. संभव नहीं है
  2. केवल एक अवधारणा है
  3. गलत
  4. सही

उत्तर–  गलत

प्रश्न– 9  गणित की विभिन्न अवधारणाऍविज्ञानसामाजिक अध्ययन और भाषा को समेकित अधिगम के ज़रिए प्रभावकारी ढंग से पढ़ाया जा सकता है ;

  1.  सही
  2. गलत
  3. संभव नहीं है
  4. केवल इक अवधारणा है

उत्तर– सही

प्रश्न– 10  समेकित शिक्षा निम्नलखित में से किन क्षेत्रों के विकास में सहायक होती है;

  1. सभी
  2. मनोज्ञात्मक क्षेत्र (Psycho-motor domain)
  3. भावनात्मक क्षेत्र
  4. संज्ञात्मक क्षेत्र

उत्तर- सभी

NISHTHA TRAINING MODULE 7 8 9

NISHTHA TRAINING MODULE 7 QUESTION AND ANSWER PDF :-

प्रश्न : गणित में सीखने की अक्षमता का आकलन निम्नलिखित परीक्षणों में से किसके द्वारा उचित रूप से किया का सकता है?

  1. अभिकषमता परीक्षण (एप्टीट्यूड टेस्ट )
  2. नैदानिक परीक्षण
  3. छानबीन परीक्षण
  4. उपलब्धि परीक्षण

उत्तर: नैदानिक परिक्षण

प्रश्न : एक शिक्षक कक्षा के कार्य को एकत्रित कर पढ़ती है, फिर छात्रों की जरूरतों को पूरा करने के लिए अगले पाठ की योजना बनाते हुए समायोजित करती है | वह कर रही है :

  1. सीखने के लिए आकलन
  2. सीखने के रूप में आकलन
  3. सीखने का आकलन
  4. सीखने पर आकलन

उत्तर : सीखने के लिए आकलन

प्रश्न : सतत और व्यापक आकलन आवश्यक है :-

  1. अधिक- बारंबार त्रुटियों की तुलना में कम – बारंबार त्रुटियों को ठीक करने के लिए
  2. शिक्षा बोर्ड की जवाबदेही को कम करने के लिए
  3. यह समझने के लिए कि कैसे अधिगम को अवलोकन, रिकॉर्ड और बेहतर बनाया जा सकता है
  4. शिक्षण के साथ परीक्षणों को सुधरने के लिए

उत्तर : यह समझने के लिए कि कैसे अधिगम को अवलोकन, रिकॉर्ड और बेहतर बनाया जा सकता है

प्रश्न: निम्नलिखित में से कौन सा एक उपयुक्त प्रारंभिक आकलन कार्य नहीं है?

  1. खुले प्रश्न
  2. परियोजना
  3. अवलोकन
  4. छात्रों की रैंकिंग

उत्तर: छात्रों की रैंकिंग

प्रश्न: कक्षा में समूह गतिविधियों द्वारा छात्रों में निम्नलिखित में से केसे विकसित किया जाता है ?

  1. नेतृत्व की भावना
  2. सहयोग
  3. अनुशासन
  4. उत्साह की भावना

उत्तर: सहयोग

प्रश्न : छात्र अधिगम मानदंड हिस्सा है

  1. सीखने के लिए आकलन
  2. सीखने के रूप में आकलन
  3. सीखने का आकलन
  4. सीखने पर आकलन

उत्तर: सीखने का आकलन

प्रश्न : निम्न में से कौन सी विद्यालय आधारित आकलन की मुख्य विशेषता है?

  1. योग्यता आधारित गतिविधि
  2. शिक्षक केन्द्रित गतिविधि
  3. सामग्री आधारित गतिविधि
  4. प्रशिक्षण आधारित गतिविधि

उत्तर : योग्यता आधारित गतिविधि

प्रश्न : आकलन का उद्देश्य है :

  1. छात्रों की उपलब्धियों का आकलन करना
  2. किसी चीज की गुणवत्ता के बारे में निर्णय लेना
  3. किसी एक विषय में छात्र का परिक्षण करना
  4. किसी छात्र को अंक प्रदान करना

उत्तर : किसी चीज की गुणवत्ता के बारे में निर्णय लेना

प्रश्न : निर्देश के अंत में उपलब्धि का आकलन करना :

  1. सीखने के लिए आकलन है
  2. सीखने के रूप में आकलन है
  3. सीखने का आकलन है
  4. नैदानिक आकलन है

उत्तर : सीखने का आकलन है

प्रश्न : अधिगम का अनुविक्षक आकलन हिस्सा है :

  1. सीखने का आकलन का
  2. सारांशित आकलन का
  3. नैदानिक आकलन का
  4. रचनात्मक आकलन का

उत्तर : रचनात्मक आकलन का

NISHTHA TRAINING MODULE 8 QUESTION AND ANSWER PDF – MP_पर्यावरण अध्ययन का शिक्षाशास्त्र प्रश्न्नोत्तरी

प्रश्न 1: निम्नलिखित में से कौन सा कथन पाठ्यचर्या सम्बन्धी अपेक्षाओं और सीखने के प्रतिफलों के बारे में सही है ?

  1. प्रत्येक कक्षा के लिए सीखने के प्रतिफल अलग होते हैं
  2. पाठ्यचर्या सम्बन्धी और सीखने के प्रतिफलों के बीच कोई सम्बन्ध नही है
  3. प्रत्येक कक्षा के लिए अपेक्षाएं अलग होती हैं
  4. सीखने के प्रतिफल पाठ्यचर्या अपेक्षाओं को हासिल करने में मदद करेंगे

उत्तर : प्रत्येक कक्षा के लिए सीखने के प्रतिफल अलग होते हैं

प्रश्न 2: कक्षा 1 और 2 में, पर्यावरण अध्ययन :

  1. किसी भी तरह से नही पढाया जाता है
  2. पढ़ना संभव नही है
  3. भाषा और गणित के साथ पढाया जाता है
  4. अलग विषय के रूप में पढाया जाता है

उत्तर : भाषा और गणित के साथ पढाया जाता है

प्रश्न 3: प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन के सीखने के उदेश्यों में शामिल नहीं किया जाता है :

  1. विद्यार्थियों को वैज्ञानिक नियम याद करने में मदद करना
  2. विद्यार्थियों को उनके सामाजिक – सांस्कृतिक पर्यावरण को समझने में मदद करना
  3. शिक्षार्थियों को उनके भौतिक पर्यवरण को समझने में मदद करना
  4. शिक्षार्थियों को उनके परिवेश को जागरूक करना और महत्त्व बताना

उत्तर : विद्यार्थियों को वैज्ञानिक नियम याद करने में मदद करना

प्रश्न 4: विभिन्न मापदंडों के लिए विद्यार्थियों की सीखने की प्रगति और उनके स्तरों का पता लगाने के लिए निम्नलिखित विकल्पों में से कोण सा सबसे उपयुक्त है?

  1. लिखित परीक्षा
  2. मौखिक परीक्षा
  3. वर्कशीट
  4. रूब्रिक्स

उत्तर : रूब्रिक्स

प्रश्न 5: पर्यावरण को सुरक्षित रखने वाले तीन ‘र’ हैं

  1. रिजर्व, रिड्यूस, रिसाइकल
  2. रिकवर, रियूज, रिटेन
  3. रेकग्नाइज़, रिसाइकल, रियूज
  4. रिड्यूस, रियूज, रिसाइकल

उत्तर : रिड्यूस, रियूज, रिसाइकल

प्रश्न 6: निम्नलिखित में से कौन सा पर्यावरण अध्ययन शिक्षण – अधिगम के अनुरूप नही हैं ?

  1. प्रत्येक बच्चे को प्रश्न पूछने का अधिकार है|
  2. प्रत्येक बच्चा अपने ज्ञान का सर्जन स्वयं करता है |
  3. प्रत्येक बच्चा अपने तरीके से अद्वितीय है |
  4. प्रत्येक बच्चा अपनी पाठ्यचर्या का सर्जन करता है

उत्तर : प्रत्येक बच्चा अपने ज्ञान का सर्जन स्वयं करता है |

प्रश्न 7: निम्नलिखित में से कौन सा बच्चों के बीच व्यक्तिगत सामाजिक गुणों को बढ़ने में मदद करता है ?

  1. सम्बंधित मुद्दे पर विशेष व्याख्यान आयोजित करना |
  2. कक्षा में इस पर शिक्षक द्वारा प्रतिदिन 5 मिनट की बात करना |
  3. विषय पर प्रश्नोत्तरी आयोजित करना |
  4. कक्षा में सहयोगी और सहकारी रूप से सीखने को बढ़ावा देना |

उत्तर : कक्षा में सहयोगी और सहकारी रूप से सीखने को बढ़ावा देना |

प्रश्न 8:प्राथमिक स्तर के पर्यावरण अध्ययन की पाठ्यचर्या में होना चाहिए :

  1. केवल पाठ्यपुस्तक में संकल्पनों की पूरी व्याख्या पर ध्यान केन्द्रित करें |
  2. शब्दों की पूर्ण रूप से सही परिभाषा पर अधिक जोर दे |
  3. अध्याय के अंत में अधिक अभ्यास प्रश्न शामिल करें |
  4. आसपास की चीजों की जाँच पड़ताल करने के अवसर उपलब्ध करवाएं

उत्तर : आसपास की चीजों की जाँच पड़ताल करने के अवसर उपलब्ध करवाएं

प्रश्न 9: पर्यावरण अध्ययन जिसे बढ़ावा नहीं देता है :

  1. करके सीखना
  2. पूछताछ और जांच – पड़ताल
  3. परिभाषाओं को याद करना
  4. बहुत सवाल पूछना

उत्तर : परिभाषाओं को याद करना

प्रश्न 10:राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा के अनुसार पर्यावरण अध्ययन के लिए कौन सा वाक्यांश सही है ?

  1. पर्यावरण अध्ययन को विज्ञानं और सामाजिक विज्ञानं की तरह अलग से पढाया जाना चाहिए |
  2. पर्यावरण अध्ययन की पृकृति अंतर- विषयक है |
  3. पर्यावरण अध्ययन को केवल पर्यावरण की संकल्पनाओं पर केन्द्रित रहना चाहिए |
  4. पर्यावरण की प्रकृति एकल – विषयक है |

उत्तर : पर्यावरण अध्ययन की पृकृति अंतर- विषयक है |

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धान की खरीदी हेतु किसान पंजीयन की जानकारी | कितने क्विंटल का बना है किस तिथि में आपको बेचने के लिए जाना है सारी जानकारी

kisan panjiyan सम्बंधित जानकारी कैसे प्राप्त करे

kisaan dhan panjiyan ki jankari kaise prapr karen 2020-21 : जून जुलाई में बोई जाने वाली खरीफ फसल जैसे धान की खरीदी कृषि उपज मंडियों के माध्यम से प्रारम्भ हो चुकी है सभी किसानों को मैसेज के माध्यम से सूचित भी किया जा चुका है जिसके लिए से रजिस्टर्ड मोबाइल या किसान कोड के माध्यम से ऑनलाइन पावती निकलकर आपको उपज मंडी में जमा करना होता है कुछ किसान बंधू विचलित हो जाते हैं और परेशान हो जाते है की आखिर ये है क्या चीज़ कहाँ से और किस प्रकार मिलेगी । हम ये तो नहीं कह सकते की सभी किसान बंधू ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का उपयोग करते हैं और वो इस आर्टिकल को पढ़ सकते हैं लेकिन उनके घर में जरूर कोई न कोई होगा जो की इंटरनेट का उपयोग करता होगा यदि आप भी उन्ही में से हैं तो इस पोस्ट को पढ़ें और उनकी मदद करें की कैसे वो ऑनलाइन पंजीयन सम्बंधित जानकारी प्राप्त कर सकते हैं

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Mpeuparjan

Google में search करें Mpeuparjan और पहली लिंक पर जाएँ या सीधे Mpeuparjan की वेबसाइट पर जाने के लिए इस लिंक http://mpeuparjan.nic.in का उपयोग करें |अब खरीफ वाले टैब में खरीफ किसान पंजीयन 2020-21 वाली लिंक पर क्लिक करें ।

kisan panjiyan

KHARIF PROCURMENT MONITORING SYSTEM 2020-2021

अब KHARIF PROCURMENT MONITORING SYSTEM में किसान कोड से पंजीयन सम्बंधित जानकारी प्राप्त करने के लिए किसान पंजीयन/आवेदन सर्च लिंक पर क्लिक करें जैसे की नीचे इमेज के माध्यम से दिखाया गया है |

मोबाइल नंबर या किसान कोड या समग्र आईडी दर्ज करें 

अब आप अपना रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर या किसान कोड एंटर करें या समग्र आईडी दर्ज करें इसके बाद सुरक्षा कोड को सामने वाले टेक्स्ट बॉक्स में लिखें और किसान सर्च बटन पर क्लिक करें । सर्च करते ही किसान से सम्बंधित जानकारी स्क्रीन पर आ जावेगी जिसमे सेवा सहकारी समिति के नाम के साथ कुल सत्यापित रकवा तथा अधिकतम कितनी मात्र आप सेवा सहकारी समिति कृषि उपज मंडी में ले जा सकते हैं इसकी भी जानकारी आपकी स्क्रीन में होगी |

Max Yield कालम में अधिकतम ले जाने वाली फसल की मात्र लिखी होती है जिसका मलब है आपके भू- रकवा के आधार पर आधिकतम दी हुई मात्रा ही बिक्री हेतु ले जा सकते हैं इससे अधिक ले जाने पर उसे स्वीकार नहीं किया जायेगा |

जानकारी देखें

आप यहाँ पर सम्बंधित किसान की किसान पंजीयन सम्बंधित जानकारी देख सकते हैं जैसे किसान का नाम किसान कोड खता क्रमांक रकवा आदि और इसका प्रिंट ले लें ताकि आप कृषि उपज मंडी में जमा कर सकें और अपने फसल की बिक्री कर सकें । पंजीयन आवेदन का प्रिंट लेने के लिए पंजीयन पर्ची प्रिंट करने के लिए क्लिक करे लिंक पर जाएँ और उक्त पंजीयन का प्रिंट ले. |

खरीफ फसल पंजीयन सम्बंधित अधिक जानकारी के लिए निचे दिए गए वीडियो की मदद लें.

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NISHTHA TRAINING MODULE 8 QUESTION AND ANSWER PDF – MP_पर्यावरण अध्ययन का शिक्षाशास्त्र प्रश्न्नोत्तरी

NISHTHA TRAINING MODULE 8 QUESTION AND ANSWER PDF : यह मॉड्यूल प्राथमिक स्तर पर राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा-2005 के अनुसार बच्चों को लक्ष्यों एवं उद्देश्यों को पूरा करने के लिए सार्थक रूप से सक्षम बनाने हेतु, शिक्षण-अधिगम से जुड़े समुदाय को पर्यावरण अध्ययन (ईवीएस), जो कि एक मुख्य पाठयचर्या क्षेत्र है, के विभिन्न शिक्षाशास्त्रीय पहलुओं को समझने में मदद करेगा।

कोर्स 8- MP_ पर्यावरण अध्ययन का शिक्षा शास्त्र

https://diksha.gov.in/explore-course/course/do_31314874971428454412104

इन्हें भी पढ़ें :-

  1. NISHTHA TRAINING MODULE 1 TO 9 QUESTION AND ANSWER PDF – सभी निष्ठां प्रशिक्षण के प्रश्नोत्तर पीडीऍफ़ में
  2. NISHTHA TRAINING MODULE 7 QUESTION AND ANSWER PDF – MP_विद्यालय आधारित आकलन प्रश्नोत्तरी
  3. NISHTHA TRAINING MODULE 4 5 6 QUESTION AND ANSWER PDF| निष्ठा प्रशिक्षण मॉड्यूल 4, 5, 6 के प्रश्नोत्तर पीडीऍफ़ सहित
  4. निष्ठा प्रशिक्षण मॉड्यूल 1, 2, 3 के प्रश्नोत्तर पीडीऍफ़ सहित

NISHTHA TRAINING MODULE 8 QUESTION AND ANSWER PDF – MP_पर्यावरण अध्ययन का शिक्षाशास्त्र प्रश्न्नोत्तरी

प्रश्न 1: निम्नलिखित में से कौन सा कथन पाठ्यचर्या सम्बन्धी अपेक्षाओं और सीखने के प्रतिफलों के बारे में सही है ?

  1. प्रत्येक कक्षा के लिए सीखने के प्रतिफल अलग होते हैं
  2. पाठ्यचर्या सम्बन्धी और सीखने के प्रतिफलों के बीच कोई सम्बन्ध नही है
  3. प्रत्येक कक्षा के लिए अपेक्षाएं अलग होती हैं
  4. सीखने के प्रतिफल पाठ्यचर्या अपेक्षाओं को हासिल करने में मदद करेंगे

उत्तर : प्रत्येक कक्षा के लिए सीखने के प्रतिफल अलग होते हैं

प्रश्न 2: कक्षा 1 और 2 में, पर्यावरण अध्ययन :

  1. किसी भी तरह से नही पढाया जाता है
  2. पढ़ना संभव नही है
  3. भाषा और गणित के साथ पढाया जाता है
  4. अलग विषय के रूप में पढाया जाता है

उत्तर : भाषा और गणित के साथ पढाया जाता है

प्रश्न 3: प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन के सीखने के उदेश्यों में शामिल नहीं किया जाता है :

  1. विद्यार्थियों को वैज्ञानिक नियम याद करने में मदद करना
  2. विद्यार्थियों को उनके सामाजिक – सांस्कृतिक पर्यावरण को समझने में मदद करना
  3. शिक्षार्थियों को उनके भौतिक पर्यवरण को समझने में मदद करना
  4. शिक्षार्थियों को उनके परिवेश को जागरूक करना और महत्त्व बताना

उत्तर : विद्यार्थियों को वैज्ञानिक नियम याद करने में मदद करना

प्रश्न 4: विभिन्न मापदंडों के लिए विद्यार्थियों की सीखने की प्रगति और उनके स्तरों का पता लगाने के लिए निम्नलिखित विकल्पों में से कोण सा सबसे उपयुक्त है?

  1. लिखित परीक्षा
  2. मौखिक परीक्षा
  3. वर्कशीट
  4. रूब्रिक्स

उत्तर : रूब्रिक्स

प्रश्न 5: पर्यावरण को सुरक्षित रखने वाले तीन ‘र’ हैं

  1. रिजर्व, रिड्यूस, रिसाइकल
  2. रिकवर, रियूज, रिटेन
  3. रेकग्नाइज़, रिसाइकल, रियूज
  4. रिड्यूस, रियूज, रिसाइकल

उत्तर : रिड्यूस, रियूज, रिसाइकल

प्रश्न 6: निम्नलिखित में से कौन सा पर्यावरण अध्ययन शिक्षण – अधिगम के अनुरूप नही हैं ?

  1. प्रत्येक बच्चे को प्रश्न पूछने का अधिकार है|
  2. प्रत्येक बच्चा अपने ज्ञान का सर्जन स्वयं करता है |
  3. प्रत्येक बच्चा अपने तरीके से अद्वितीय है |
  4. प्रत्येक बच्चा अपनी पाठ्यचर्या का सर्जन करता है

उत्तर : प्रत्येक बच्चा अपने ज्ञान का सर्जन स्वयं करता है |

प्रश्न 7: निम्नलिखित में से कौन सा बच्चों के बीच व्यक्तिगत सामाजिक गुणों को बढ़ने में मदद करता है ?

  1. सम्बंधित मुद्दे पर विशेष व्याख्यान आयोजित करना |
  2. कक्षा में इस पर शिक्षक द्वारा प्रतिदिन 5 मिनट की बात करना |
  3. विषय पर प्रश्नोत्तरी आयोजित करना |
  4. कक्षा में सहयोगी और सहकारी रूप से सीखने को बढ़ावा देना |

उत्तर : कक्षा में सहयोगी और सहकारी रूप से सीखने को बढ़ावा देना |

प्रश्न 8:प्राथमिक स्तर के पर्यावरण अध्ययन की पाठ्यचर्या में होना चाहिए :

  1. केवल पाठ्यपुस्तक में संकल्पनों की पूरी व्याख्या पर ध्यान केन्द्रित करें |
  2. शब्दों की पूर्ण रूप से सही परिभाषा पर अधिक जोर दे |
  3. अध्याय के अंत में अधिक अभ्यास प्रश्न शामिल करें |
  4. आसपास की चीजों की जाँच पड़ताल करने के अवसर उपलब्ध करवाएं

उत्तर : आसपास की चीजों की जाँच पड़ताल करने के अवसर उपलब्ध करवाएं

प्रश्न 9: पर्यावरण अध्ययन जिसे बढ़ावा नहीं देता है :

  1. करके सीखना
  2. पूछताछ और जांच – पड़ताल
  3. परिभाषाओं को याद करना
  4. बहुत सवाल पूछना

उत्तर : परिभाषाओं को याद करना

प्रश्न 10:राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा के अनुसार पर्यावरण अध्ययन के लिए कौन सा वाक्यांश सही है ?

  1. पर्यावरण अध्ययन को विज्ञानं और सामाजिक विज्ञानं की तरह अलग से पढाया जाना चाहिए |
  2. पर्यावरण अध्ययन की पृकृति अंतर- विषयक है |
  3. पर्यावरण अध्ययन को केवल पर्यावरण की संकल्पनाओं पर केन्द्रित रहना चाहिए |
  4. पर्यावरण की प्रकृति एकल – विषयक है |

उत्तर : पर्यावरण अध्ययन की पृकृति अंतर- विषयक है |

SBI भर्ती 2020: Apprentice के 8500 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें |

SBI भर्ती 2020, Apprentice:

भारतीय स्टेट बैंक/State Bank of India (SBI) ने अप्रेंटिस (Apprentice) के पद पर भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किया है | देश के करीब सभी राज्यों में अप्रेंटिस (Apprentice) के 8500 पद रिक्त हैं जिन पर भर्ती के लिए SBI Notification 2020 जारी कर दिया गया | जो इच्छुक उम्मीदवार इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करना चाहते हैं | वे 20 नवंबर 2020 से 10 दिसंबर 2020 तक आवेदन कर सकते हैं |

Latest Sarkari Jobs और सरकारी नौकरी के लिए यहाँ क्लिक करें।

SBI भर्ती की आवश्यक तिथियां:-

  • ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन और शुल्क का भुगतान शुरू करने की तिथि20-11-2020
  • ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन और शुल्क का भुगतान करने की अंतिम तिथि10-12-2020
  • ऑनलाइन आवेदन की प्रिंटेड कॉपी लेने की अंतिम तिथि25-12-2020
  • ऑनलाइन परीक्षा की तारीखजनवरी, 2021 के महीने में

SBI भर्ती 2020 Apprentice भर्ती के पदों का विवरण:-

क्रमांकराज्य का नामभाषापदों की संख्या
1गुजरातगुजरती480
2आंध्र प्रदेशतेलुगु / उर्दू620
3कर्नाटककन्नड़600
4मध्य प्रदेशहिंदी430
5छत्तीसगढ़हिंदी90
6पश्चिम बंगालबंगाली / नेपाली480
7ओडिशाOdia400
8हिमाचल प्रदेशहिंदी130
9हरियाणाहिन्दी / पंजाबी162
10पंजाबपंजाबी / हिंदी260
11तमिलनाडुतमिलनाडु470
12पांडिचेरीतमिल6
13दिल्लीहिंदी7
14उत्तराखंडहिंदी269
15तेलंगानातेलुगु / उर्दू460
16राजस्थानहिंदी720
17केरलमलयालम141
18उत्तर प्रदेशहिंदी / उर्दू1206
19महाराष्ट्रमराठी644
20अरुणाचल प्रदेशअंग्रेजी25
21असमअसमिया / बंगाली / बोडो90
22मणिपुरमणिपुरी12
23मेघालयअंग्रेजी / गारो / खासी40
24मिजोरममिजो18
25नागालैंडअंग्रेजी35
26त्रिपुराबंगाली / कोकबोरोक30
27बिहारहिंदी / उर्दू475
28झारखंडहिंदी / संथाली200

SBI भर्ती 2020, Apprentice का वेतनमान:-

  • अपरेंटिस पहले वर्ष के दौरान 15000/- रुपये प्रति माह, दूसरे वर्ष के दौरान 16500/- रुपये प्रति माह और तीसरे वर्ष के दौरान 19000/- रुपये प्रति माह के लिए पात्र हैं |

SBI भर्ती 2020 Apprentice भर्ती आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • SBI Apprentice recruitment  2020 के लिए अप्लाई करने वाले आवेदक को किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/संस्थान से स्नातक की डिग्री पास होनी चाहिए |

SBI भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

आयु सीमा {31-10-2020 तक}

  1. आवेदक की न्यूनतम आयु 20 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए.
  2. कैंडिडेट्स की अधिकतम आयु 28 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए
  3. आरक्षित वर्ग के कैंडिडेट्स को अधिकतम आयु में छूट नियमानुसार दी जायेगी |

SBI भर्ती 2020 के लिए आवेदन शुल्क:-

  • General/OBC उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 300/- रुपये
  • SC/ST उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – NIL

SBI भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • लिखित परीक्षा,
  • स्थानीय भाषा परीक्षण
  • मेडिकल टेस्ट

How to Apply:- SBI भर्ती 2020, Apprentice

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: All India.

SBI भर्ती के लिए Important Links:-

SBI Apprentice Recruitment Notification PDF Click Here

Apply Online Click Here

Official Website Click Here

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पंजाब सरकार ने पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना को मंजूरी दी

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना (PDSY):-

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना /Punjab Divyangjan Shaktikaran Yojana (PDSY) को राज्य मंत्रिमंडल द्वारा 18 नवंबर 2020 को मंजूरी दी गई है | विकलांग व्यक्ति कल्याण योजना के पहले चरण का उद्देश्य विकलांग व्यक्तियों के लिए कल्याणकारी योजनाओं के लाभों को सुनिश्चित करने के लिए मौजूदा कार्यक्रमों को मजबूत करना है | दूसरे चरण में, राज्य सरकार ने विशेष रूप से विकलांग व्यक्तियों के सशक्तिकरण के लिए 13 नए हस्तक्षेप करने का प्रस्ताव किया है |

पंजाब दिव्यांगजन सशक्तिकरण योजना (PDSY) 2020 को लागू करने का निर्णय चंडीगढ़ में सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह की अध्यक्षता में हुई आभासी कैबिनेट बैठक में लिया गया है | नई पंजाब दिव्यांगजन सशक्तिकरण योजना सरकारी नौकरियों में विकलांग (PwD) लोगों के बैकलॉग को भरेगी | इस योजना में, रोजगार सृजन विभाग 6 महीने में PwD के रिक्त पदों को भरने पर जोर देगा |

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना का उद्देश्य:-

इस योजना का उद्देश्य राज्य रोजगार योजना के तहत विकलांग व्यक्तियों के लिए जॉब कोटा बैकलॉग को मंजूरी देना है | सामाजिक सुरक्षा, महिला और बाल विकास मंत्री अरुणा चौधरी ने कहा कि विकलांग व्यक्तियों को अद्वितीय विकलांगता आईडी के लिए नामांकन कराने का उद्देश्य था कि वे 30 मौजूदा योजनाओं और कार्यक्रमों से लाभान्वित हो सकें |

अब तक केवल 1.17 लाख लोगों के पास आईडी है | 2011 की जनगणना के अनुसार, पंजाब में, 2.72 करोड़ की आबादी में, 6.5 लाख विकलांग व्यक्ति हैं – जिसमे 3.79 लाख (58 फीसदी) पुरुष और 2.74 लाख (42 फीसदी) महिलाएं है | विकलांग व्यक्तियों की संख्या 20-29 (1.17 लाख) आयु वर्ग में सबसे अधिक है | विकलांगों के अधिकतम (20 प्रतिशत) आंदोलन में विकलांग हुए हैं 12.6 प्रतिशत visual विकलांगता और 22.4 प्रतिशत में hearing विकलांगता है |

पहले चरण में, मौजूदा कार्यक्रमों को मजबूत बनाने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि उनका लाभ विकलांग व्यक्तियों तक पहुंचे, जबकि दूसरे चरण में ऐसे व्यक्तियों के सशक्तीकरण के लिए 13 नए हस्तक्षेप प्रस्तावित हैं |

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना का Phase 1:-

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना के चरण 1 में, सरकार सरकारी विभागों द्वारा चलाई जा रही मौजूदा योजनाओं का लाभ पीडब्ल्यूडी को देने पर ध्यान केंद्रित करेगी | यह जीवन के सभी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, रोजगार, सुरक्षा और सम्मान के संबंध में सेवाओं, लाभों और अधिकारों को कवर करेगा |

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना का Phase 2:-

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना (PDSY) के चरण- II में नई पहल और कार्यक्रम होंगे | इन नई पहलों में उन पहलुओं और जरूरतों को शामिल किया जाएगा जो किसी भी मौजूदा केंद्र / राज्य प्रायोजित योजना या पीडब्ल्यूडी-उन्मुख योजनाओं के तहत विभिन्न विभागों द्वारा कवर नहीं किए गए हैं | यह योजना मौजूदा योजनाओं और कार्यक्रमों के अभिसरण और एकीकरण पर केंद्रित है जो PwD के लिए उनके लाभ को अधिकतम करने के लिए है | PDSY योजना के चरण 2 में, 13 हस्तक्षेपों में निम्नलिखित शामिल हैं:-

  • Treatment on suffering disability
  • Mobility aids
  • Assistive devices
  • Five days of special leave in a calendar year
  • Free education
  • Empowerment of disabled girl students
  • Recreational activities
  • Home schooling for children with special needs
  • State award for outstanding work done by teachers with disability.

पंजाब दिव्यांगजन शक्तिकरण योजना का कार्यान्वयन:-

सामाजिक सुरक्षा और महिला और बाल विकास मंत्री के नेतृत्व में एक सलाहकार समूह, सभी कैबिनेट मंत्रियों के साथ सदस्य योजना के कार्यान्वयन की निगरानी करेंगे | इन सभी सदस्यों की देखरेख में राज्य सरकार विकलांग व्यक्तियों के कल्याण के लिए पंजाब दिव्यांगजन शक्ति योजना को सफलतापूर्वक लागू करना चाहता है |

South East Central Railway भर्ती 2020: Apprentice के 413 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें

South East Central Railway भर्ती 2020: Apprentice

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे /South East Central Railway (SECR) ने 432 पदों पर अपरेंटिस (Apprentice) भर्ती के लिए नवीनतम अधिसूचना जारी की है | दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (SECR) के 413 पदों पर Apprentice Jobs के लिए आवेदन करने के इच्छुक उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट https://secr.indianrailways.gov.in/ के माध्यम से 01 दिसंबर 2020 तक आवेदन कर सकते हैं |

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South East Central Railway भर्ती 2020: Apprentice की आवश्यक तिथियां:-

ऑनलाइन आवेदन की प्रारंभिक तिथि – 02/11/2020

ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि – 01/12/2020

South East Central Railway भर्ती के पदों का विवरण:-

Trade Apprentice Raipur Division

  • Welder – 50 पद
  • Turner – 25 पद
  • Fitter – 50 पद
  • Electrician – 50 पद
  • Stenographer (Hindi) – 02 पद
  • Stenographer (English) – 02 पद
  • H.S. Inspector – 03 पद
  • Computer Operator – 08 पद
  • Machinist – 10 पद
  • Mechanic Diesel – 15 पद
  • Mechanic Refrigeration and Air Conditioning – 10 पद
  • Mechanic Auto Electrical and Electronics – 30 पद

Wagon Repair Shop, Raipur

  • Fitter – 69 पद
  • Welder – 69 पद
  • Machinist – 04 पद
  • Electrician – 09 पद
  • M.M. Vehicle – 03 पद
  • Turner – 02 पद
  • Stenographer (Hindi) – 01 पद
  • Stenographer (English) – 01 पद

South East Central Railway भर्ती का वेतनमान:-

  • Apprentice पद के लिए वेतनमान – 5200-20200/-

South East Central Railway भर्ती आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • उम्मीदवारों को संबंधित ट्रेडों में 10 वीं कक्षा, आईटीआई पाठ्यक्रम या मान्यता प्राप्त बोर्ड / विश्वविद्यालय / संस्थान से समकक्ष उत्तीर्ण होना चाहिए |

South East Central Railway भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

  • न्यूनतम आयु सीमा – 15 वर्ष
  • अधिकतम आयु सीमा – 24 वर्ष

South East Central Railway भर्ती 2020 के लिए आवेदन शुल्क:-

  • आधिकारिक अधिसूचना देखें |

South East Central Railway भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • Merit List.

How to Apply:- South East Central Railway भर्ती 2020, Apprentice

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: Bilaspur, Chhattisgarh.

South East Central Railway भर्ती के लिए Important Links:-

South East Central Railway Recruitment Notification PDF Click Here

Apply Online Click Here

Official Website Click Here

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राजस्थान तारबंदी योजना 2020 के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें

राजस्थान तारबंदी योजना 2020:-

राजस्थान सरकार किसानो के हित मे इस नई योजना की शुरुआत कर रही है | इस योजना मे राजस्थान सरकार अपने राज्य मे रह रहे किसानो को उनके खेत मे बाड़ बनाने/तारबंदी करने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करेगी | इस योजना मे आने वाले कुल खर्चे मे से सरकार आपको 50% खर्चा देगी | आजकल छोटे किसानो के लिए खेती करना बहुत ही मुश्किल हो गया है क्योंकि आजकल खेती के उपकरण इत्यादि ही बड़े महंगे आते है | कई बार तो खेती की फसलों मे मौसम की मार पड़ जाती है जिससे की किसानो को बहुत ही नुकसान का सामना करना पड़ता है | इस योजना को किसानों को थोड़ी राहत मिलेगी |

आवारा पशु फसलों को बहुत नुकसान पहुंचाते हैं | जिससे किसानों की बहुत फसल बर्बाद हो जाती है | इसीलिए अधिकतर किसान अपने खेतों के चारों तरफ तारबंदी कर देते हैं | ताकि कोई आवारा पशु खेत में ना जा सके | परंतु सभी किसान पैसों की कमी के कारण ऐसा नहीं कर पाते | इसीलिए राजस्थान सरकार द्वारा एक योजना शुरू की गई है | जिसका नाम है राजस्थान तारबंदी योजना (Tarbandi Yojana Rajasthan 2020) है | इस योजना के अंतर्गत किसानो को खेत में तार लगवाने के लिए सरकार द्वारा आर्थिक सहायता की जाएगी | जिससे कि सभी किसान कांटेदार तारबंदी करवा कर अपने खेतों की रक्षा कर सकें | और फसलों को आवारा पशुओं द्वारा होने वाले नुकसान से बचाया जा सके |

राजस्थान तारबंदी योजना का उद्देश्य:-

इस योजना का मुख्य उद्देश्य छोटे किसानों को उनकी फसल की सुरक्षा करने में मदद करना है | जिससे की फसल की पैदावार अच्छी हो | इसके लिए सरकार द्वारा कुल 8 लाख 49 हजार मीटर क्षेत्र के लिए मंजूरी दी गई है | फसलों के उत्पादन के समय कई बार तो आवारा पशु भी खेत मे घुसकर सारी फसल को बर्बाद कर देते है | परंतु अब इस नई योजना की सहयता से किसान अपने खेतो मे बाड़ बना कर या फिर कहे की तारबंदी करके अपने खेतो को बचा सकते है | राजस्थान के सभी जिलो को लक्ष्य के आधार पर विभाजित किया गया |

तारबंदी योजना से किसानों को काफी फायदा हो रहा है | जो हमारे किसान भाई खेत के संरक्षण के लिए कई प्रकार के उपाय करते थे | अब वह उस प्रक्रिया से बच गए हैं | इस योजना के अंतर्गत सरकार द्वारा अनुदान पर मिलने वाली बाढ़/ तार लगाने से किसानों के खेतों को आवारा पशुओं से बचाया जा रहा है | योजना के अंतर्गत तारबंदी का 50% खर्चा सरकार द्वारा किया जाएगा, बाकी का 50% योगदान किसान का होगा | इसमें अधिकतम रु 40,000 तक खर्च सरकार द्वारा किया जाएगा |

  • इस योजना का अधिकतर लाभ छोटे तथा सीमांत किसानों को दिया जाएगा |
  • Tarbandi (Bada) Yojna के अंतर्गत अधिकतम 400 मीटर तक की तारबंदी के लिए ही सब्सिडी दी जाएगी |
  • इससे आवारा पशुओं द्वारा होने वाली फसल की बर्बादी को रोका जा सकेगा |
  • इसके लिए कम से कम 3 लाख 96 हजार रुपए तक की राशि उपलब्ध करवाई जाएगी |

राजस्थान तारबंदी योजना के लिए पात्रता:-

  • किसान जो भी आवेदन करना चाहता है वो राजस्थान का स्थायी निवासी होना चाहिए |
  • यह योजना के लाभ के लिए किसान के पास 0.5 हेक्टेयर कृषि योग्य भूमि होनी चाहिए |
  • इस योजना के लिए आपको कम से कम 50% तक की सहयाता राज्य सरकार की तरफ से दी जाएगी |
  • यह राशि सीधे किसानो के खाता मे आएगी |
  • अगर आपकी जमीन पर पहले से ही किसी अन्य योजना के तहत राशि प्राप्त है तो आप इस योजना के लिए पात्र नहीं है |
  • इस योजना के तहत 40,000 रुपए तक की सहयाता लेने के लिए पहले आपको अपने 50% पैसे लगाने होंगे |

राजस्थान तारबंदी योजना आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज:-

  • राशन कार्ड (Ration Card)
  • आधार कार्ड (Aadhaar Card)
  • जमीन की जमाबंदी कम से कम 6 महीने पुरानी
  • हलफनामा |

राजस्थान तारबंदी योजना 2020 के लाभ:-

  • तारबंदी योजना राजस्थान सरकार की एक नई योजना है | इस योजना में किसानों को तार खरीदने के लिए अनुदान दिया जा रहा है |
  • जैसे कि आप लोगों को पता है आवारा पशु खेत में खड़ी फसल को बहुत ही नुकसान पहुंचाते हैं | अगर किसान ने अपने खेत की तारबंदी की है तो पशु उसमें नहीं आ सकते | इससे उसके खेत की सुरक्षा होती है |
  • राजस्थान सरकार अब किसानों को अपने खेतों में तार लगाने के लिए Rajasthan Tarbandi Subsidy Yojana के अंतर्गत सब्सिडी प्रदान करेगी |
  • इसके लिए किसान को जरूरी कागजात के साथ अपने निकटतम कार्यालय में संपर्क करना होगा |
  • किसान अपनी तहसील में या ब्लॉक में जाकर भी इसके बारे में जानकारी ले सकता है |
  • तारों का उपयोग बहुत ही पहले से हो रहा है | तारों के लिए बहुत सी सरकारी पहले भी अनुदान दे चुकी है |
  • अगर किसान बाजार में तार खरीदने जाए तो उसे यह बहुत ही ज्यादा कीमत पर मिलेंगे |
  • इसके उलट तारबंदी योजना के अंतर्गत कार खरीदने पर उसे सब्सिडी मिलने से काफी फायदा होगा |

राजस्थान तारबंदी योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन:-

  • राजस्थान में तार बंदी योजना के लिए आवेदन करने के लिए आप अपने नजदीकी जन सुविधा केंद्र (CSC Center) में जा सकते हैं |
  • इसके बाद वहाँ से आप तारबंदी योजना (Tarbandi Yojana) के लिए आवेदन फॉर्म प्राप्त करें | और उस फॉर्म में पूछी गयी सभी जानकारियों को भरें |
  • आवेदन फॉर्म में अपना मोबाइल नंबर (Mobile Number) दर्ज करना ना भूले | क्योंकि तारबंदी कार्यालय से इसी नंबर से आपको कॉल आएगा |
  • आवेदन फॉर्म भरने के बाद अपने दस्तावेजों की कॉपी भी संग्लित करें |
  • अब फॉर्म भरने के बाद उसे कार्यालय के किसी अधिकारी के पास जमा करवा दें |
  • अब योग्यता जाँच के लिए केंद्र के अधिकारीयों के पास आपकी रिपोर्ट दे दी जाएगी | उसके बाद आपके बैंक खाते में पैसे दिए जायेंगे |