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MP High Court Recruitment 2021-22: मप्र हाईकोर्ट में स्टेनोग्राफर और असिस्टेंट के 1255 पदों पर निकली भर्ती

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MP High Court Recruitment:-

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने स्टेनोग्राफर ग्रेड -2, स्टेनोग्राफर ग्रेड -3, स्टेनोग्राफर ग्रेड -3 (कोर्ट मैनेजर स्टाफ), सहायक ग्रेड -3 और सहायक ग्रेड -3 (अंग्रेजी जानने वाले) के 1255 पदों पर भर्तियां निकालकर आवेदन मांगे हैं | इसके लिए 30 नवंबर से आवेदन की प्रक्रिया शुरू हुई है और आवेदन की आखिरी तारीख 20 दिसंबर 2021 है | संबंधित स्ट्रीम में ग्रेजुएशन की डिग्री और कंप्यूटर का सर्टिफिकेट हासिल कर चुके उम्मीदवार इन पदों पर आवेदन करने के योग्य हैं | अलग-अलग ग्रेड के इन पदों पर उम्मीदवारों का चयन भर्ती परीक्षा के जरिए होगा |

Name of PostTotal Vacancies
Stenographer Grade II108
Stenographer Grade III205
Stenographer Grade III (Court Manager Staff)11
Assistant Grade III910
Assistant Grade III (English Knowledge)21

महत्वपूर्ण तारीखें:-

आवेदन शुरू होने की तारीख- 30 नवंबर 2021

आवेदन की आखिरी तारीख- 20 दिसंबर 2021

आवेदन शुल्क जमा करने की आखिरी तारीख- 30 दिसंबर 2021

आयु सीमा:-

उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम उम्र 18 और अधिकतम 40 साल मांगी गई है |

Pay Scale:

  • Stenographer Grade II: 28700 – 91300/- ₹
  • Stenographer Grade III: 25300 – 80500/- ₹
  • Assistant Grade III: 19500 – 62000/- ₹

शैक्षणिक योग्यता:-

  • किसी मान्यता प्राप्त ग्रेड-द्वितीय विश्वविद्यालय से किसी भी विषय में स्नातक (स्नातक की डिग्री) |
  • सी.पी.सी.टी. एमपी से स्कोर कार्ड परीक्षा उत्तीर्ण सूचना प्रौद्योगिकी को बढ़ावा देने के लिए एजेंसी (एमएपी-आईटी)
  • या एमपी सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त कोई अन्य एजेंसी / संस्थान |
  • एमपी सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त बोर्ड / संस्थान से हिंदी आशुलिपि परीक्षा 100 W.P.M की गति से उत्तीर्ण हुई |
  • एमपी सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त संस्थान से कंप्यूटर एप्लीकेशन में एक वर्षीय डिप्लोमा कोर्स उत्तीर्ण |

चयन प्रक्रिया:-

  • लिखित परीक्षा
  • साक्षात्कार |

Exam Subjects:

  • Stenographer Grade II/ Grade III: 400 शब्दों का हिंदी आशुलिपि श्रुतलेख (लगभग) + ट्रांसक्रिप्शन / टाइपिंग |
  • Assistant Grade III: हिंदी टाइपिंग (लगभग 350 शब्द) + डायरेक्ट डिक्टेशन टाइपिंग (लगभग 400 शब्द)
  • Assistant Grade III (अंग्रेजी ज्ञान): 400 शब्दों का अंग्रेजी आशुलिपि श्रुतलेख (लगभग) + ट्रांसक्रिप्शन / टाइपिंग |

आवेदन शुल्क:-

जनरल कैटेगरी और अन्य राज्यों के उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क 777 रुपये है | वहीं ओबीसी, एससी और एसटी कैटेगरी के लिए यह शुल्क 555 रुपये है | आवेदन शुल्क डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और नेट बैंकिंग से जमा किया जा सकता है |

ऐसे करें आवेदन:-

योग्य इच्छुक उम्मीदवार मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ऑफिशियल वेबसाइट https://mphc.gov.in के माध्यम से 30/11/2021 दोपहर 12:00 बजे से ऑनलाइन आवेदन करें | ऑनलाइन आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 30/12/2021 अपराह्न 11:55 तक है |

Detailed Notification Click Here

Apply Online Registration Click Here

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ITR Filing on New Portal: कैसे फाइल करना है इनकम टैक्स रिटर्न (ITR), Step by Step समझें

ITR कैसे भरते हैं- ITR Filing on New Portal:-

इनकम टैक्स रिटर्न फाइल (Income tax Return File) करने के लिए हाल ही में नया पोर्टल लॉन्च किया गया | हालांकि, इसमें तकनीकि दिक्कतें आईं | लेकिन, अब इसे बनाने वाली कंपनी इंफोसिस (Infosys) का दावा है कि सभी दिक्कतों को दूर कर दिया गया है |

इनकम टैक्स विभाग (Income tax department) का दावा है कि नया पोर्टल टैक्सपेयर्स के लिए काफी आसान है | टैक्सपेयर्स नए पोर्टल पर आसानी से ITR फाइल कर सकते हैं | नए पोर्टल में चैटबॉट और पोर्टल के मोबाइल ऐप के चलते टैक्सपेयर्स के लिए यह बेहतर अनुभव है |

इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की आखिरी तारीख सरकार ने 31 दिसंबर 2021 रखी है | अगर आपने अभी तक अपना आईटीआर फाइल नहीं किया है, तो जानिए कि कैसे आप स्टेप बाई स्टेप अपना आईटीआर खुद फाइल कर सकते हैं | नौकरी पेशा कुछ मिनटों की प्रोसेस में अपना इनकम टैक्स रिटर्न फाइल कर सकते हैं |

ITR को ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों तरीके से भर सकते हैं | हालांकि, जिन टैक्सपेयर्स को ज्यादा डेटा भरना होता है, उनके लिए ऑफलाइन मोड ही ठीक है | दरअसल, एक बार में ITR फाइल करने के लिए महज 40 मिनट का समय मिलता है | ऑफलाइन मोड में फाइलिंग के लिए JSON यूटिलिटी डाउनलोड करना होता है | क्योंकि एक्सेज/JAVA Utility डिसकांटिन्यू कर दिया गया है | आम टैक्सपेयर्स के लिए ऑनलाइन ITR फाइल करना ही ठीक है |

ITR फ़ार्म के प्रकार:-

इनकम टैक्स विभाग की वेबसाइट पर बहुत से फ़ार्म होते हैं जिनका उपयोग विभिन्न इनकम और टैक्स देने वालों के आधार पर ITR फाइल करने के लिए किया जाता है | असेसमेंट वर्ष 2021-22 में, ITR-1 से ITR-7 के लिए सात फॅार्म हैं | इनमें से कुछ फॅार्म अन्य फॅार्मों की अपेक्षा बड़े हो सकते हैं और उनके लिये अधिक जानकारी भी आवश्यक हो सकती है | इसलिए यह जानकारी लेना ज़रुरी है कि कौन सा फार्म आपके लिए उचित होगा |

  • ITR-1: इस फ़ार्म को ‘सहज’ भी कहा जाता है | सहज एक ऐसे व्यक्ति द्वारा फाइल किया जाता है जो वेतन, पेंशन, एक घर संपत्ति, ब्याज या अन्य तरीको से (लॉटरी और घोड़ों की दौड़ से कमाई को छोड़कर) इनकम प्राप्त करता है और जिसकी कुल इनकम 50 लाख रुपये तक है |
  • ITR-2: उन व्यक्तियों या HUF (हिंदू अविभाजित परिवारों) के लिए है जिनके पास इनकम तो है, लेकिन किसी व्यवसाय या अन्यथा पेशे के लाभ से नहीं है |
  • ITR-3: उन अलग-अलग व्यक्तियों या HUF (हिंदू अविभाजित परिवारों) के लिए है जिसकी आय का स्रोत किसी व्यवसाय या पेशे के लाभ से है |
  • ITR-4: यह फार्म उन लोगों के लिए है जिनके पास व्यवसाय या पेशे से अनुमानित ( तय नहीं) आय है |
  • ITR-5: यह फार्म व्यक्तियों, HUF (हिंदू अविभाजित परिवारों), कंपनी और फॉर्म ITR-7 फाइल करने वाले व्यक्तियों के अलावा अन्य सभी के लिए है |
  • ITR-6: यह फार्म उन सभी कंपनियों के लिए है जो इनकम टैक्स एक्ट की धारा 11 के तहत छूट का दावा नहीं कर रहे हैं |
  • ITR-7: यह फार्म उन व्यवसाय सहित उन सभी लोगों के लिए है जिन्हें धारा 139(4A), धारा 139(4B), धारा 139(4C), धारा 139(4D), धारा 139 (4E) या 139 (4F) के तहत कर रिटर्न फाइल करना आवश्यक है |

ITR कैसे फाइल करें. ITR कैसे भरते हैं?

  • सबसे पहले ई-फाइलिंग इनकम टैक्स डिपार्टमेंट के आधिकारिक पोर्टल https://www.incometax.gov.in/iec/foportal पर जाएं |
  • पोर्टल के कोने में मौजूद Login विकल्प पर क्लिक करें |
ITR कैसे भरते हैं
  • पैन कार्ड / आधार कार्ड नंबर / नेट बैंकिंग से लॉगिन करें |
  • अब ई-फाइलिंग पोर्टल पर आपकी प्रोफाइल खुल जाएगी | Skip पर क्लिक करें |
  • अगले पेज पर पहुंचकर File Now पर क्लिक करें |
ITR कैसे भरते हैं
  • अपना Assesment Year चुनें और Continue पर क्लिक करें |
  • नए पेज पर फाइलिंग का मोड Online चुनें और Proceed पर क्लिक करें |
ITR कैसे भरते हैं
  • अगला पेज खुलने पर Start New Filing के विकल्प को चुनें |
  • अगले पेज पर जाकर Indivisual का विकल्प चुनकर Continue पर क्लिक करें |
  • अपना ITR फॉर्म चुनकर Proceed with ITR पर क्लिक करें |
  • रिटर्न फाइल करने के लिए जरुरी टैक्स फॉर्म का प्रकार चुनकर Proceed करें |
  • विशेष कारण से टैक्स रिटर्न फाइल कर रहें हैं तो उस विकल्प को चुनकर Proceed पर क्लिक करें |
  • Pre-filled Return को validate करें इसमें पहले पर्सनल इनफार्मेशन भरें |
  • दूसरे section में अपनी Gross Total Income की जानकारी भरें |
  • इसके बाद अपने Total Deductions की जानकारी भरें |
  • अभी तक आपने कितना Tax भरा है | “Tax Paid” इसकी जानकारी भरें |
  • अभी तक चुकाए Tax की जानकारी के साथ Toll Tax Liability भरें |

जरूरी डॉक्यूमेंट्स रखें अपने पास:-

ITR फाइल करने के लिए अपना PAN, Aadhaar, बैंक अकाउंट नंबर, इन्वेस्टमेंट डिटेल्स और उसके प्रूफ/सर्टिफिकेट, फॉर्म 16, फॉर्म 26 AS जैसे जरूरी डॉक्यूमेंट अपने पास रखें, क्योंकि आपके ITR संबंधी सारी जानकारी इन डॉक्यूमेंट्स से ही मिलेंगी | ज्यादातर जानकारी ITR फॉर्म में भरी होती हैं. सिर्फ क्रॉस वेरिफिकेशन के लिए डॉक्यूमेंट्स रखना जरूरी है |

वेरिफिकेशन न भूलें:-

सबसे जरूरी बात ये कि इलेक्ट्रॉनिक मोड से बिना डिजिटल सिग्नेचर यानी बिना ई-वेरिफिकेशन आयकर रिटर्न (ITR) फाइल करने वाले करदाता को इसे ITR अपलोडिंग के 120 दिनों के अंदर वेरिफाई करना होता है | इसके लिए 4 तरीके हैं-

  • आधार OTP के जरिए |
  • नेट बैंकिंग के जरिए ई-फाइलिंग अकाउंट में लॉग इन करके |
  • इलेक्ट्रॉनिक वेरिफिकेशन कोड (EVC) के जरिए |
  • ITR-V के दोनों तरफ दस्तखत की हुई कॉपी को बैंगलुरु भेजें |

याद रहे 120 दिनों के अंदर ITR-V फाइल न करने पर रिटर्न को ‘नहीं भरा हुआ’ यानी अमान्य घोषित किया जा सकता है |

PMFBY: रबी फसल के लिए बीमा नहीं कराया है तो 31 दिसंबर से पहले करा लें- वरना नहीं मिल पाएगा फायदा

Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana (PMFBY 2021):-

केंद्र सरकार किसानों की मदद के लिए हर संभव प्रयास करती है | ऐसे में सरकार किसानों की आमदनी दोगुनी करने के साथ ही फसल से जुड़ी कई योजनाएं चला रही है | इनमें से एक हैं प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana) | इस योजना की मदद से अगर किसानों को किसी भी तरह की प्राकृतिक आपदा के कारण अपनी फसल को नुकसान पहुंचता है, (Crop Insurance) तो वक्त रहते ये योजना किसानों के काम आती है | लेकिन इसके लिए किसानों को बीमा कराना बेहद जरूरी है, जिसके लिए उनके पास 31 दिसंबर 2021 तक का समय है |

प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना 2021 apply online

इच्छुक किसान Insurance Premium Calculator का उपयोग कर प्रीमियम राशि की जांच भी कर सकते हैं और प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) की आधिकारिक वेबसाइट http://pmfby.gov.in/ के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत भी दर्ज कर सकते हैं | केंद्र सरकार किसानों के कल्याण के लिए देश भर में इस योजना को कार्यान्वित कर रही है |

PMFBY 2021 योजना के तहत रबी फसलों के लिए प्रीमियम राशि 1.5% निर्धारित की गई थी पिछले फसल बीमा की तुलना में कहीं अधिक प्रीमियम निर्धारित किया गया है | प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने 13 जनवरी 2016 को इस कृषि बीमा / फसल बीमा योजना की शुरुआत की थी | PMFBY 2021 रबी फसलों के लिए फसल बीमा पंजीकरण लाइनें अभी खुली हुई हैं और सभी इच्छुक किसान प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) की आधिकारिक वेबसाइट  http://pmfby.gov.in/ पर खरीफ फसलों के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं |

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) के लिए आवेदन पत्र क्रमशः आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से या बैंकों / CSC के माध्यम से ऑनलाइन या ऑफलाइन जमा किए जा सकते हैं | सभी राष्ट्रीयकृत वाणिज्यिक बैंक, सहकारी बैंक और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) के तहत किसानों के पंजीकरण के लिए अधिकृत हैं |

किसान अगर 31 दिसंबर 2021 से पहले फसल का बीमा नहीं कराते हैं, तो उन्हें किसी तरह के नुकसान होने पर आर्थिक मदद नहीं मिल पाएगी | सरकार ने इस योजना का फायदा उठाने के लिए 31 दिसंबर तक का किसानों को वक्त दिया है | इसके बाद बीमा का फायदा नहीं मिलेगा | प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना वित्त वर्ष 2020-21, 2021-22 और 2022-23 के क्रियान्वयन के लिए गाइडलाइंस जारी कर दिए गए हैं |

कितना देना होगा फसल बीमा के लिए Premium:-

अगर फसलों को प्राकृतिक आपदाओं और किसी अन्य जोखिमों का सामना करना पड़ता है, तब ये योजना किसानों के काम आती है. पीएम फसल बीमा योजना (PFBY) का फायदा लेने के लिए भारत सरकार के पोर्टल पर रजिस्‍ट्रेशन कराना जरूरी है. रबी की प्रमुख फसलों में गेहूं, जौ, मसूर, सरसों के लिए 1.5% और आलू के लिए 5% प्रीमियम की दर तय की गई है |

नुकसान होने पर क्‍या करें किसान:-

दरअसल जब भी किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचता है, तो उन्हें 72 घंटे के अंदर-अंदर क्रियान्वयन अभिकरण/ संबंधित बैंक ब्रांच और कृषि व संबंधित विभाग को हालात का ब्‍योरा देना होता है | वहीं वो हैल्प लेने के लिए Toll Free No. 1800-889-6868 पर कॉन्टैक्ट कर सकते हैं | इसके अलावा डिफाल्टर किसान भी Fasal Bina करवा सकते हैं | उनका बीमा भी 1.5 परसेंट प्रीमियम पर ही होगा | केंद्र और राज्य मिलकर बाकी रकम की पेमेंट करेंगे |

किसानों को 100 रुपये पर मिले 537 रुपये:-

Pradhanmatri Fasal Bima Yojana की शुरुआत 13 जनवरी 2016 को की गई थी ताकि फसलों को होने वाले नुकसान से किसानों की फाइनेंशियल कंडीशन का जोखिम कम किया जा सके | केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर (Narendra Singh Tomar) का दावा है कि प्रीमियम के तौर पर भुगतान किए गए हर 100 रुपये पर किसानों को रिकॉर्ड 537 रुपये का दावा हासिल हुआ है | सरकार का दावा है कि दिसंबर 2020 तक किसानों ने 19 हजार करोड़ रुपये का बीमा प्रीमियम भरा | इसके बदले उन्हें लगभग 90 हजार करोड़ रुपये का क्लेम मिला |

Harnaaz Sandhu Biography in Hindi | हरनाज़ संधू का जीवन परिचय मिस यूनिवर्स 2021

Harnaaz Sandhu

Harnaaz Sandhu Biography in Hindi- चंडीगढ़ की हरनाज़ संधू को गुरुवार को मिस डीवा मिस यूनिवर्स इंडिया 2021 का ताज पहनाया गया | जयपुर की सोनल कुकरेजा को प्रथम रनर अप ट्रॉफी सौंपी गई और पुणे की रितिका खतनानी को मिस डीवा सुपरनैशनल 2022 का ताज पहनाया गया। डीवा का खिताब एक स्टार-स्टडेड इवेंट में दिया गया, जिसमें कृति सेनन और मलाइका अरोड़ा सहित फैशन उद्योग और बॉलीवुड के लोकप्रिय नाम शामिल थे |

हरनाज़ संधू अब नई मिस यूनिवर्स इंडिया 2021 बन गई हैं | बड़ी घोषणा करते हुए, LIVA मिस डीवा संगठन ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर हरनाज़ को ताज पहनाने की तस्वीरें साझा की थीं | पोस्ट के कैप्शन में लिखा था, ‘यूनिवर्स-यहां वह आती है! उसने हमारे मंच को जीत लिया है और अपने आकर्षण, धीरज और सुंदरता से हमारे दिलों पर कब्जा कर लिया है! हमें बहुत गर्व है और हम उसे मिस यूनिवर्स के मंच पर देखने का इंतजार कर रहे हैं! LIVA मिस डीवा यूनिवर्स 2021, हरनाज़ संधू!’

हरनाज़ संधू मिस यूनिवर्स इंडिया 2021 के खिताब की सबसे नई विजेता हैं | 21 वर्षीय ब्यूटी पेजेंट विजेता ने कई पेजेंट खिताब भी अपने नाम किए हैं और कई पंजाबी फिल्मों में अभिनय किया है | चंडीगढ़ की रहने वाली हरनाज़ ने चंडीगढ़ के स्कूल और कॉलेज में पढ़ाई की है |

हरनाज़ संधू का जीवन परिचय (Harnaaz Sandhu Biography in Hindi):-

हरनाज़ संधू का जन्म 3 अक्टूबर साल 2000 में चंडीगढ़, भारत में हुआ था | इन्हें बचपन से एक्टिंग करने का शौक रहा है | इन्होने अपन करियर बनाने के लिए शुरू से तैयारी की है | पहली बार साल 2017 में इन्होने मिस चंडीगढ का खिताब जीत कर खुद को साबित किया, और उसी साल वो टाइम्सफ्रेशफेस मिस चंडीगढ़ का खिताब जीता | इन्होने अपनी मॉडलिंग की शुरुवात किशोरावस्था से ही शुरू कर दी थी | और अभी तक ये कई फैशन कार्यक्रमों में भाग लिया है |

नाम (Name)हरनाज़ संधू
पूरा नाम (Full Name )हरनाज़ कौर संधू
टाइटल (Titles )फेमिना मिस इंडिया पंजाब 2019
मिस दिवा 2021 विजेता मिस दिवा यूनिवर्स
जन्म तारीख (Date of birth)3 मार्च 2000
उम्र( Age)21 साल (साल 2021 )
जन्म स्थान (Place of born )चंडीगढ़, भारत
गृहनगर (Hometown)चंडीगढ़, भारत
शिक्षा (Education )सूचना प्रौद्योगिकी स्नातक
स्कूल (School )शिवालिक पब्लिक स्कूल, चंडीगढ़
विश्व विद्यालय (University )गवर्नमेंट कॉलेज फॉर गर्ल्स, चंडीगढ़
राशि (Zodiac Sign)वृषभ राशि
लंबाई (Height)5 फीट 9 इंच
वजन (Weight )50 किग्रा
आँखों का रंग (Eye Color)भूरा
बालो का रंग( Hair Color)भूरा
धर्म (Religion)सिख धर्म
नागरिकता(Nationality)भारतीय
पेशा (Occupation)मॉडल
वैवाहिक स्थिति (Marital Status)  आविवाहित

21 वर्षीय हरनाज़ का जन्म एक सिख परिवार में हुआ था और वह चंडीगढ़ की रहने वाली हैं, जो योग के प्रति उत्साही हैं, और फिटनेस प्रेमी हरनाज़ ने अपनी किशोरावस्था में अपनी यात्रा शुरू की थी | 2017 में, उसने मिस चंडीगढ़ जीता, बाद में 2018 में उसने मिस मैक्स इमर्जिंग स्टार इंडिया 2018 का खिताब अपने नाम किया |

चंडीगढ़ में रहने वाली हरनाज संधू ने मॉडलिंग और कई पेजेंट में हिस्सा लेने और जीत हासिल करने के बावजूद भी पढ़ाई पर पूरा ध्यान दिया | हरनाज ने साल 2017 में मिस चंड़ीगढ़ का खिताब जीता था | इसके बाद उन्होंने मिस मैक्स इमर्जिंग स्टार इंडिया का खिताब अपने नाम किया | इसके अलावा हरनाज ने मिस इंडिया 2019 में हिस्सा लिया और तब वह टॉप 12 तक पहुंची थीं | इसके अलावा हरनाज कई फिल्मों में नजर आ चुकी हैं, जिसमें यारा दियां पू बारां और बाई जी कुट्टांगे शामिल हैं |

हरनाज संधू को एडवेंचर गेम्‍स पसंद हैं और वो हॉर्स राइडिंग, स्‍वीमिंग और ट्रैवलिंग करना पसंद करती हैं। हरनाज संधू का पहला स्‍टेज परफॉरमेंस 2017 में कॉलेज में एक शो से शुरू हुआ जिसके बाद उन्होंने मॉडलिंग में कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा।

Harnaaz Sandhu Social Media Accounts-

Harnaaz Sandhu Instagram- instagram.com/harnaazsandhu_03
Harnaaz Sandhu Facebook- facebook.com/harnaazsandhu.1.1
Harnaaz Sandhu Twitter-
twitter.com/harnaazsandhu03

हरनाज बनीं भारत की तीसरी मिस यूनिवर्स:-

मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता में भारत ने दो बार अपनी जगह बनाई है | हरनाज भारत की तीसरी मिस यूनिवर्स हैं | साल 1994 में सुष्मिता सेन ने भारत का प्रतिनिधित्व किया था, वह उन्होंने इस ताज को हासिल किया था | वहीं, साल 2000 में लारा दत्ता ने इस ताज पर अपना नाम दर्ज किया था |

हरनाज़ संधू का जीवनकाल (Harnaz Sandhu Life Summery)

  • 2 मार्च 2000 को उनका जन्म हुआ |
  • 2017 में मिस चंडीगढ़ 2017 का ख़िताब जीता |
  • 2018 में मिस मैक्स इमर्जिंग स्टार इंडिया 2018 का ख़िताब अपने नाम किया |
  • 2019 में फेमिना मिस इंडिया पंजाब 2019 का ख़िताब जीता |
  • 2021 में मिस दिवा यूनिवर्स बनी |

इन फिल्मों में आ चुकी हैं नजर (Harnaaz Sandhu Films)

हरनाज अपनी पढ़ाई और पेजेंट की तैयारी करने के साथ-साथ कई फिल्मों में भी नजर आ चुकी हैं। उन्होंने ‘यारा दियां पू बारां’ और ‘बाई जी कुट्टांगे’ जैसी फिल्मों में काम किया है।

Harnaz Sandhu Awards

हरनाज़ संधू मिस मैक्स इमर्जिंग स्टार इंडिया 2018 (Miss Max Emerging Star India 2018 )

साल 2018 में, हरनाज़ संधू मिस मुंबई के मलाड में इनफिनिटी मॉल में मैक्स इमर्जिंग स्टार 2018 का ग्रैंड फिनाले में मिस मैक्स इमर्जिंग स्टार इंडिया के रूप में उभरीं | स्टार-स्टडेड फिनाले में मेगास्टार टेरेंस लुईस , डब्बू रत्नानी और प्रोजेक्ट हेड – मैक्स इमर्जिंग स्टार, मार्क रॉबिन्सन शामिल थे | मिस्टर मैक्स इमर्जिंग स्टार 2018 का खिताब भुवनेश्वर के इम्तियाज हक और चंडीगढ़ की हरनाज कौर संधू को मिला |

हरनाज़ संधू फेमिना मिस इंडिया 2019 (Harnaaz Sandhu Femina Miss India 2019)

हरनाज़ ने फेमिना मिस इंडिया पंजाब 2019 का खिताब जीता और इसलिए उन्होंने फेमिना मिस इंडिया 2019 में भाग लिया था | देश भर के 29 अन्य उम्मीदवारों के साथ प्रतिस्पर्धा करते हुए शीर्ष 12 स्थान पर रहा | यह प्रतियोगिता भारत के मुंबई में सरदार वल्लभभाई पटेल इंडोर स्टेडियम में आयोजित की गई थी |

हरनाज़ संधू मिस दिवा 2021 (Harnaaz Sandhu Miss Diva 2021)

संधू को पहले टॉप 50 सेमीफाइनलिस्ट और बाद में टॉप 20 फाइनलिस्ट के रूप में पुष्टि की गई थी | प्रतियोगिता के शुरुआती दौर में उन्होंने मिस ब्यूटीफुल स्किन का खिताब भी जीता और मिस बीच बॉडी, मिस ब्यूटीफुल स्माइल, मिस फोटोजेनिक और मिस टैलेंटेड के लिए फाइनलिस्ट भी बनीं |

तीनों प्रतियोगियों से सवाल पूछा गया था कि आप दवाब का सामना कर रहीं महिलाओं को क्या सलाह देंगी? इसका जवाब हरनाज संधू ने दिया कि आपको यह मानना होगा कि आप अद्वितीय हैं और यही आपको खूबसूरत बनाती है। बाहर आएं, अपने लिए बोलना सीखें क्योंकि आप अपने जीवन के नेता हैं | यह जवाब सुनकर हर कोई काफी प्रभावित हुआ और इसके साथ ही हरनाज संधू से इस साल का मिस यूनिवर्स 2021 का खिताब अपने नाम कर लिया |

हरनाज़ संधू मिस यूनिवर्स पेजेंट 2021 (Harnaaz Sandhu Miss Universe)

मिस यूनिवर्स पेजेंट 2021 का खिताब भारत की हरनाज़ संधू ने अपने नाम किया है। उनकी ताजपोशी मेक्सिको की पूर्व मिस यूनिवर्स 2020 एंड्रिया मेजा ने की। आपको बता दें कि भारत से दिया मिर्जा और उर्वशी रौतेला भी इस कार्यक्रम का हिस्सा बने जिसमें उर्वशी रौतेला ने इस कॉन्टेस्ट को जज भी किया। 

Harnaaz Sandhu करियर

  • टीनएज के बाद से, संधू ने पेजेंट्स में भाग लेना शुरू कर दिया और मिस चंडीगढ़ 2017 और मिस मैक्स इमर्जिंग स्टार इंडिया 2018 जैसे खिताब जीते |
  • हरनाज़ ने फेमिना मिस इंडिया पंजाब 2019 का खिताब जीता और इसलिए उन्होंने फेमिना मिस इंडिया 2019 में भाग लिया जहां उन्हें अंततः शीर्ष 12 में रखा गया |
  • संधू को पहले शीर्ष 50 सेमीफाइनलिस्ट और बाद में शीर्ष 20 फाइनलिस्ट के रूप में पुष्टि की गई थी | प्रारंभिक प्रतियोगिता के दौरान, उन्होंने मिस ब्यूटीफुल स्किन का खिताब भी जीता और मिस बीच बॉडी, मिस ब्यूटीफुल स्माइल, मिस फोटोजेनिक और मिस टैलेंटेड के लिए फाइनलिस्ट भी बनीं |
  • मिस दिवा 2021 प्रतियोगिता के अंत में, हरनाज़ संधू को मिस दिवा 2021 के रूप में ताज पहनाया गया, एडलाइन कैस्टेलिनो, निवर्तमान खिताब धारक और मिस यूनिवर्स 2020 की तीसरी रनर अप भी |
  • 2021 में, उन्होंने पंजाबी फिल्मों “यारा दिया पू बरन” और “बाई जी कुट्टंगे” में अभिनय किया |

दुबलेपन के लिए बनाया जाता था हरनाज का मजाक

17 साल की उम्र तक हरनाज काफी इंट्रोवर्ट हुआ करती थीं। स्कूल में उनके दुबलेपन का मजाक भी बनाया जाता था। इस वजह से कुछ समय के लिए वे डिप्रेशन में रहीं, लेकिन परिवार ने हमेशा उन्हें सपोर्ट किया। वे फूडी हैं पर फिटनेस का भी ख्याल रखती हैं।

एक इंटरव्यू में हरनाज ने बताया था कि वे अपनी पसंद की हर चीज खाती हैं। इन सब के बावजूद वर्कआउट करना नहीं भूलतीं। उनका मानना है कि सभी को अपने मन का खाना खाना चाहिए, लेकिन वर्कआउट करना नहीं छोड़ना चाहिए।

वो सवाल और जवाब जिन्होंने मिस यूनिवर्स का दिलाया ताज:-

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  • टॉप थ्री यानी अंतिम राउंड के दौरान सभी प्रतिभागियों से पूछा गया था कि, “आज के समय में दबाव का सामना कर रही उन युवा महिलाओं को वो क्या सलाह देना चाहेंगी जिससे वो उसका सामना कर सकें?”

इस सवाल पर हरनाज़ संधू ने कहा, “आज के युवा पर सबसे बड़ा दबाव उनका ख़ुद पर भरोसा करना है | यह जानना कि आप अनोखे हो यह आपको ख़ूबसूरत बनाता है | अपने आप की दूसरों से तुलना करना बंद करिए और पूरी दुनिया में जो हो रहा है उस पर बात करना बेहद ज़रूरी है | बाहर निकलिए, ख़ुद के लिए बोलिए क्योंकि आप ही अपने जीवन के नेता हैं | आप ख़ुद की आवाज़ हैं | मैं ख़ुद में विश्वास करती हूं और इसीलिए मैं आज यहां पर खड़ी हूं |”

  • इससे पहले टॉप-5 के राउंड में उनसे पूछा गया था कि, “अधिकतर लोग सोचते हैं कि जलवायु परिवर्तन एक छलावा है, आप उन्हें समझाने के लिए क्या करेंगी?”

हरनाज़ संधू ने इस पर जवाब दिया, “मेरा दिल टूट जाता है जब मैं प्रकृति को देखती हूं कि वो कितनी दिक़्क़तों से गुज़र रही है और यह सब हमारे ग़ैर-ज़िम्मेदाराना व्यवहार के कारण है | मैं पूरी तरह मानती हूं कि यह समय कम बात करने का और अधिक काम करने का है क्योंकि हमारा हर एक काम प्रकृति को या तो बचा सकता है या नष्ट कर सकता है | रोकथाम और सुरक्षा करना, पछताने और मरम्मत करने से बेहतर है | और दोस्तों मैं आज इसी के लिए आपको राज़ी करने की कोशिश कर रही हूं |”

Frequently Asked Questions (FAQ):-

हरनाज़ संधू कौन है ?

हरनाज़ संधू एक भारतीय मॉडल हैं | वह मिस दिवा यूनिवर्स 2021 खिताब की विजेता हैं |

हरनाज़ संधू इतनी चर्चा में क्यों है ?

हरनाज़ संधू मिस यूनिवर्स इंडिया 2021 के खिताब की सबसे नई विजेता हैं

मिस इंडिया यूनिवर्स हरनाज कौर संधू की उम्र और कद क्या है?

मिस इंडिया यूनिवर्स की उम्र 21 साल है और उनकी हाइट 5 फीट 9 इंच लंबी है |

हरनाज़ कौर संधू की जन्म तिथि क्या है?

2 मार्च 2000 को उनका जन्म हुआ |

मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता कब आयोजित होने वाली है?

मिस यूनिवर्स 70वें संस्करण का आयोजन दिसंबर 2021 में इजराइल में होने जा रहा है | हरनाज कौर खिताब जीतने के लिए इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का प्रतिनिधित्व करने जा रही हैं |

हरनाज़ संधू ने किन फिल्मों में काम किया है?

हरनाज़ संधू ने ‘यारा दियां पू बारां’ और ‘बाई जी कुट्टांगे’ जैसी फिल्मों में काम किया है।

हरनाज़ संधू ने अपनी पढाई कहाँ से की?

चंडीगढ़ की रहने वाली संधू ने शिवालिक पब्लिक स्कूल से पढ़ाई की. चंडीगढ़ के सेक्टर-42 स्थित पोस्ट ग्रेजुएट गवर्नमेंट गर्ल्स कॉलेज की छात्रा रहीं।

CBSE Board Exam 2022-23: कक्षा 9 वीं और 11 वीं के लिए 15 दिसंबर से शुरू होगा रजिस्ट्रेशन|

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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) अगले शिक्षा सत्र की बोर्ड परीक्षा में बैठने वाले 9वीं और 11वीं के छात्रों के लिए रजिस्ट्रेशन प्रोसेस जल्द शुरू होने जा रही है। सीबीएसई ने अपनी ऑफिशियल वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन का नोटिस जारी किया है। इसके अनुसार, 9वीं, 11वीं क्लास के रजिस्ट्रेशन 15 दिसंबर 2021 से शुरू होंगे।

अगले शैक्षणिक सत्र 2022-23 में सीबीएसई 10वीं, 12वीं बोर्ड परीक्षा में उपस्थित होने के लिए ये रजिस्ट्रेशन जरूरी है। बिना रजिस्ट्रेशन के छात्रों को बोर्ड एग्जाम में बैठने की अनुमति नहीं दी जाएगी। सीबीएसई ने कहा है कि उन्हीं छात्रों को कक्षा 10, 12 की बोर्ड परीक्षा में बैठने की अनुमति दी जाएगी, जिनके नाम और डिटेल्स उनके स्कूलों द्वारा जमा किए गए हैं। हालांकि, इससे पहले कि स्कूल स्टूडेंट्स की डिटेल्स जमा करना शुरू करें, उन्हें उस पोर्टल पर अपना रजिस्ट्रेशन कराना होगा।

सीबीएसई स्कूलों को यह भी निर्देश दिया गया है कि वे ऑनलाइन सबमिशन के लिए रजिस्ट्रेशन करते समय अपना एफिलिएशन नंबर, यूजर आईडी में भरें। जिन स्कूलों को हाल ही में मान्यता मिली है, उन्हें ऑनलाइन डिटेल्स जमा करने के लिए बोर्ड के रीजनल ऑफिस से संपर्क करना होगा।

इस साल से सीबीएसई नहीं देगा ये सुविधा:

सीबीएसई के आधिकारिक नोटिस के अनुसार, स्कूलों को छात्रों के पर्सनल डिटेल्स को माता-पिता को क्रॉस-चेक करने के लिए बताना होगा। सीबीएसई इस साल से करेक्शन और एडिट करने के लिए करेक्शन विंडो बंद करने जा रहा है। सीबीएसई का कहना है कि सही ब्यौरा देना सिर्फ स्कूल की जिम्मेदारी है। स्कूलों को यह ध्यान रखना होगा कि सीबीएसई पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन के दौरान एक बार छात्रों को डाटा सबमिट होने के बाद बदला नहीं जा सकेगा। इसके लिए सीबीएसई से परमिशन लेनी होगी।

छात्रों का डाटा अपलोड करते समय स्कूल इन डिटेल्स का ध्यान रखें:

1. छात्र, माता-पिता, अभिभावक या अन्य के नाम की स्पेलिंग ठीक होनी चाहिए।

2. जन्म तिथि

3. विषयों के नाम

4. 10वीं या 12वीं में चुने गए सब्जेक्ट कोड्स

रजिस्ट्रेशन फीस:

  • 15 से 30 दिसंबर 2021 तक भारतीय छात्रों के लिए 9वीं और 11वीं क्लास – 300 रुपये।
  • विदेश में पढ़ने वाले 9वीं के छात्रों के लिए – 500 रुपये, 11वीं के लिए 600 रुपये, 31 जनवरी से 07 जनवरी 2022 तक लेट फीस के साथ।
  • भारतीय छात्रों के लिए 2300 रुपये और विदेश में पढ़ने वाले 9वीं के छात्रों के लिए 2500 रुपये और 11वीं के छात्रों के लिए 2600 रुपये।

सीबीएसई सर्कुलर प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करे

Bihar Land Record: बिहार भूमि, भूलेख नक्शा, जमाबंदी, खसरा संख्या चेक एवं डाउनलोड कैसे करें?

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बिहार भूमि, भूलेख:-

बिहार राजस्व विभाग ने भू नक्शा बिहार चेक एवं डाउनलोड करने की सुविधा ऑनलाइन कर दिया है | अब कोई भी अपने खेत, प्लाट या जमीन का नक्शा मैप घर बैठे प्राप्त कर पायेगा | पहले अगर हमें अपने जमीन का भू नक्शा चाहिए होता था तो सरकारी दफ्तर के चक्कर काटते है |

अधिकारीयों से मिलकर निवेदन करते है कि हमें भू नक्शा उपलब्ध करा दें | लेकिन काफी मशक्कत और चक्कर लगाने के बाद हमें ये डॉक्यूमेंट मिल पाता है | लेकिन अब आपको परेशान होने या ऑफिस के चक्कर लगाने की जरुरत नहीं है | आप घर बैठे ऑनलाइन अपने कंप्यूटर या मोबाइल फ़ोन से बिहार भूमि नक्शा ऑनलाइन देख सकते है और डाउनलोड भी कर सकेंगे |

बिहार राज्य के लोग अब घर बैठे इंटरनेट के माध्यम से मोबाइल पर अपनी भूमि, खेती और जमाबंदी से जुडी सभी जानकारी को बड़ी सरलता से हासिल कर सकते है अब लोगो को पटवारखाने और तहसील के चक्कर नहीं काटने पड़ेगे और  न ही किसी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा ।

इस ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से से आपको Bihar Land Records की कॉपी में जमीन के मालिक का नाम ,क्षेत्रफल ,खाता, संख्या,भूमि वर्गीकरण ,तहसील ,गांव ,पट्टेदार के नाम के साथ साथ बाकि हर जगह की जानकारी प्राप्त कर सकते है । पोर्टल पर अपनी भूमि की पूरी जानकारी प्राप्त करके आप जमीन पर मालिकाना हक़ जमा सकते है ।

आज बहुत सी सरकारी योजनाएं ऑनलाइन होती जा रही है | सभी राज्य भूलेख और भू नक्शा देखने की सुविधा ऑनलाइन प्रदान कर रही है | इसी क्रम में बिहार सरकार ने भी भू नक्शा देखने की वेबसाइट उपलब्ध कराया है | जहाँ बिहार के निवासी घर बैठे अपने जमीन का भू नक्शा प्राप्त कर पाएंगे |

लेकिन बहुत से लोगो को इसकी जानकारी नहीं होने के कारण ऑफिस के चक्कर लगाकर परेशान होते रहते है | इस आर्टिकल को पढ़ने के बाद आप भी घर बैठे भू नक्शा निकालना सीख जायेंगे | तो चलिए शुरू करते है |

बिहार के जिलों की लिस्ट जिसका भू नक्शा ऑनलाइन उपलब्ध है:-

नालंदा – Nalandaमधेपुरा – Madhepura
सुपौल – Supaulलखीसराय – Lakhisarai

उन जिलों की लिस्ट जिसका भू नक्शा ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है:-

अररिया – Arariaकिशनगंज – Kishanganj
अरवल – Arwalमधुबनी – Madhubani
औरंगाबाद – Aurangabadमुंगेर – Monghyr
बाँका – Bankaमुजफ्फरपुर – Muzaffarpur
बेगूसराय – Begusaraiनवादा – Nawada
भागलपुर – Bhagalpurपटना – Patna
भोजपुर – Bhojpurपूर्णिया – Purnea
बक्सर – Buxarरोहतास – Rohtas
दरभंगा – Darbhangaसहरसा – Saharsa
पूर्वी चम्पारण – East Champaranसमस्तीपुर – Samastipur
गया – Gayaसारन – Saran
गोपालगंज – Gopalganjशेखपुरा – Shiekhpura
जमुई – Jamuiशिवहर – Sheohar
जहानाबाद – Jehanabadसीतामढ़ी – Sitamarhi
कैमूर – Kaimurसीवान – Siwan
कटिहार – Katihar वैशाली – Vaishali
खगड़िया – Khagariaपश्चिमी चम्पारण – West Champaran

इन जिलों का भू नक्शा नकल प्राप्त करने के लिए राजस्व विभाग के कार्यालय में जाना होगा |

भू नक्शा बिहार 2021 ऑनलाइन चेक एवं डाउनलोड कैसे करें:-

अपने खेत या जमीन का भूमि नक्शा प्राप्त करने के लिए आपको ऑनलाइन प्रोसेस की जानकारी होना बहुत जरुरी है | तभी आप नक्शा प्राप्त कर पाएंगे |

  • सबसे पहले बिहार की भू नक्शा देखने की वेबसाइट bhunaksha.bih.nic.in में जाना है | आपकी सुविधा के लिए इस वेबसाइट की लिंक हम यहाँ दे रहे है | जहाँ से आप बिना कोई परेशानी के भू नक्शा वेब पोर्टल को ओपन कर सकेंगे –http://bhunaksha.bihar.gov.in/bhunaksha/#
  • ऑनलाइन भू नक्शा देखने की वेबसाइट ओपन हो जाने के बाद स्क्रीन पर अपना District, Sub Div, Circle और Mauza सेलेक्ट करें। जैसे नीचे स्क्रीनशॉट में बताया गया है –
Land Record Bihar
  • अपना District, Sub Div, Circle और Mauza सेलेक्ट करने के बाद स्क्रीन पर उस मौजा का भू नक्शा मैप दिखाई देगा | इस मैप में अपने जमीन का खसरा नंबर सेलेक्ट करना है | या सर्च बॉक्स में खसरा नंबर सर्च भी कर सकते है |
Land Record Bihar
  • जैसे ही मैप में अपना खसरा नंबर सेलेक्ट करेंगे, लेफ्ट साइड में उस खसरे का डिटेल दिखाई देगा | इसे अच्छे से देखकर वेरीफाई करे कि ये आपका ही खसरे का सही डिटेल है या नहीं |
Land Record Bihar
  • खसरे का डिटेल सही होने पर हम उसका भू नक्शा निकालेंगे | इसके लिए नीचे Map Report का विकल्प मिलेगा | भू नक्शा देखने के लिए इसी ऑप्शन को सेलेक्ट कीजिये | जैसे नीचे स्क्रीनशॉट में बताया गया है –
Land Record Bihar
  • जैसे ही Map Report ऑप्शन पर जायेंगे, स्क्रीन पर आपके जमीन का भू नक्शा ओपन हो जायेगा | इसमें आप नक़्शे से सम्बन्धित सभी डिटेल देख सकते है |

भू नक्शा की ऑनलाइन प्रति  डाउनलोड करके प्रिंट करवा सकते है | जब भी किसी सरकारी काम में इसकी जरुरत पड़े हम इस नक़्शे को पेश कर सकते है | भू नक्शा बिहार डाउनलोड करने के लिए स्टेप-6 में जाने के बाद कीबोर्ड में Ctrl+P प्रेस करना है | या ब्राउज़र के मेनू ऑप्शन से भी Print ऑप्शन सेलेक्ट कर सकते है | इसके बाद Save as PDF का ऑप्शन सेलेक्ट करके भू नक्शा Save कर सकते है |

बिहार भूमि नक्शा से सम्बंधित प्रश्न (FAQs):-

भु नक्शा बिहार मैप ऑनलाइन कैसे निकाले ?

इसके लिए राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग बिहार की ऑफिसियल वेबसाइट bhunaksha.bih.nic.in/bhunaksha में जाकर अपना जिला, तहसील और गांव सेलेक्ट करना है | इसके बाद खसरा नंबर सेलेक्ट करके नक्शा प्राप्त कर सकते है |

खेत का नक्शा बिहार कैसे निकाले ?

इसके लिए आपके पास आपके खेत का खसरा क्रमांक होना चाहिए | खेत का नक्शा निकालने के लिए ऑफिसियल वेबसाइट में जाकर जिला, तहसील एवं गांव सेलेक्ट करें | इसके बाद मैप में खेत का खसरा नंबर सर्च करके नक्शा निकाल सकते है |

बिहार के अन्य जिलों का भू नक्शा कब तक अपडेट होगा ?

बिहार के छूटे हुए जिले का भू नक्शा देखने की सुविधा वर्तमान में नहीं है | ये कब तक वेबसाइट में अपडेट होंगे इसके बारे में आपको राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग बिहार ही सही जानकारी बता पायेगा |

भू नक्शा से सम्बंधित समस्या के लिए संपर्क कहाँ करें ?

अगर आपके खेत, प्लाट या अन्य जमीन का भू नक्शा डिटेल में त्रुटि हो या इससे समबन्धित आपकी कोई समस्या हो तो अपने तहसील कार्यालय में संपर्क करें | आप नीचे दिए गए ईमेल पर भी संपर्क कर सकते है –revenuebihar@gmail.com

Kashi Vishwanath Dham: जानें काशी विश्वनाथ कॉरिडोर की 10 बड़ी बातें

Kashi Vishwanath Dham:-

काशी विश्‍वनाथ धाम की सूरत बदल गई है | अब गंगा किनारे वाराणसी के पुराने घाटों से सीधे बाबा विश्‍वनाथ तक पहुंचा जा सकेगा | सात तरह के पत्‍थरों से विश्‍वनाथ धाम को सजाया गया है | यहां आने वाले श्रद्धालु रुद्र वन यानी रुद्राक्ष के पेड़ों के बीच से होकर बाबा विश्‍वनाथ का दर्शन करने पहुंचेंगे | काशी विश्‍वनाथ धाम कॉरिडोर 5 लाख स्‍कवॉयर फीट में बना है | इसे रेकॉर्ड 21 महीनों में तैयार किया गया है | निर्माण पर 900 करोड़ रुपये खर्च हुए | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार दोपहर काशी विश्‍वनाथ धाम कॉरिडोर का लोकार्पण करेंगे | विश्‍वनाथ धाम लोकार्पण उत्‍सव का देश में 51 हजार स्‍थानों पर लाइव प्रसारण किया जाएगा |

अब काशी विश्वनाथ मंदिर आने-वाले श्रद्धालुओं को गलियों और तंग संकरे रास्तों से नहीं गुजरना पड़ेगा | यह कॉरिडोर बनने के बाद गंगा घाट से सीधे कॉ‍रिडोर के रास्‍ते बाबा विश्‍वनाथ के दर्शन किए जा सकते हैं | इसकी कुल लगात 900 करोड़ रुपए है | काशी को दुनिया के सबसे पवित्र शहरों में से एक माना जाता है | मान्यता है भगवान विश्वनाथ यहां ब्रह्मांड के स्वामी के रूप में निवास करते हैं | काशी विश्वनाथ मंदिर भगवान शिव के 12 ज्योतिर्लिंग में से एक है |

काशी विश्वनाथ धाम की 10 बड़ी खास बातें:-

  • करीब सवा 5 लाख स्क्वायर फीट में बना काशी विश्वनाथ धाम बनकर पूरी तरह तैयार है | इस भव्य कॉरिडोर में छोटी-बड़ी 23 इमारतें और 27 मंदिर हैं |
  • इस पूरे कॉरिडोर को लगभग 50,000 वर्ग मीटर के एक बड़े परिसर में बनाया गया है | इस कॉरिडोर को 3 भागों में बांटा गया है | इसमें 4 बड़े-बड़े गेट और प्रदक्षिण पथ पर संगमरमर के 22 शिलालेख लगाए गए हैं | जिसमें काशी की महिमा का वर्णन है |
  • इसके अलावा इस कॉरिडोर में मंदिर चौक, मुमुक्षु भवन, तीन यात्री सुविधा केंद्र, चार शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, मल्टीपरपस हॉल, सिटी म्यूजियम, वाराणसी गैलरी जैसी सुख-सुविधाओं की भी व्यवस्था की गई है |
  • काशी विश्वनाथ कॉरिडोर में अगर गोदौलिया वाले गेट से कोई एंट्री करेगा तो यूटिलिटी भवन, सिक्योरिटी ऑफिस मिलेगा |
  • इसके अलावा यात्री सुविधा केंद्र नंबर 1 और 2 सरस्वती फाटक की तरफ हैं |
  • इसमें चुनार के गुलाबी पत्थर, मकराना के सफेद मार्बल और वियतनाम के खास पत्थरों का इस्‍तेमाल किया गया है |
  • 250 साल के बाद मंदिर का पहली बार जीर्णोद्धार हुआ है |
  • इस कॉरिडोर के बनने के बाद  श्रद्धालु 50 फीट की सड़क से गंगा किनारे से बाबा विश्‍वनाथ के दर्शन कर सकेंगे |
  • काशी विश्वनाथ धाम में महादेव के प्रिय पौधे रुद्राक्ष, बेल, पारिजात, वट और अशोक लगाए जाएंगे |
  • बाबा विश्‍वनाथ मंदिर के लिए प्रसाद तैयार हो रहा है, जो 8 लाख से ज्यादा परिवारों में वितरित होगा |

कैसे और क‍ितने में बनकर तैयार हुआ कॉरिडोर?:-

  • 345 करोड़ की लागत से हुआ काशी विश्‍वनाथ धाम का निर्माण
  • 339 करोड़ की लागत से धाम के लिए खरीदे गए 300 भवन
  • 5.3 लाख वर्ग फुट में बना है विश्‍वनाथ धाम
  • विश्‍वनाथ मंदिर से गंगा तट का 400 मीटर में बना है धाम
  • 30 फीसदी क्षेत्र में बने हैं 24 भवन, शेष खुला या हरियाली को समर्पित
  • 5.43 करोड़ रुपये से हाईटेक सुरक्षा व्‍यवस्‍था
  • इंटीग्रेटेड कमांड कंट्रोल सेंटर से नियंत्रण
  • मंदिर व आसपास चार स्‍तरीय सुरक्षा व्‍यवस्‍था
  • एयर सर्विलांस सिस्‍टम से आकाश में निगरानी
  • चुनार के बलुआ पत्‍थर के अलावा सात प्रकार के लगे हैं पत्‍थर
  • मकराना के दूधिया मार्बल से फ्लोरिंग
  • जैसलमेर का मंडाना स्‍टोन घाट किनारे सीढि़यों पर
  • वैदिक केंद्र, संग्रहालय व खास भवनों में ग्रेनाइट और कोटा
  • भूकंप और भूस्‍खलन से बचाने को पत्‍थरों को जोड़ा गया है पीतल की प्‍लेटों से
  • 18 इंच लंबी तथा 600 ग्राम वजन की पीतल प्‍लेटों को कसने के लिए 12 इंच की गुल्‍ली
  • पीतल और पत्‍थरों के बीच की जगह भरने को केमिकल लेपाक्‍स अल्‍ट्रा फिक्‍स का इस्‍तेमाल |

काशी विश्‍वनाथ धाम में क्‍या है खास:-

  • पिंक सिंटी की तरह चुनार के गुलाबी पत्‍थरों से सजा विश्‍वनाथ धाम
  • गंगा व्‍यू गैलरी से भक्‍तों को दिखेगा विश्‍वनाथ दरबार और गंगा की अविरल धारा
  • पाइप लाइन से विश्‍वनाथ मंदिर गर्भगृह तक आएगी गंगधार
  • पहला ऐसा आध्‍यात्मिक केंद्र जहां भारत माता की भी प्रतिमा
  • आदि शंकराचार्य और महारानी अहिल्‍याबाई की भी प्रतिमा लगी
  • मुख्‍य मंदिर परिसर का विस्‍तार कर 80 फीट लंबे और 40 फीट चौड़ा परिक्रमा पथ
  • 157 जोड़ी खंभों पर बना है परिक्रमा मंडप
  • 352 साल बाद ज्ञानवापी मंडप-कूप और आदि विश्‍वेश्‍वर के नंदी मुख्‍य मंदिर का हिस्‍सा
  • चारों दिशाओं में 32 फीट ऊंचे और 40 फीट चौड़े किले जैसे फाटक
  • विशाल मंदिर चौक में एक समय में रह सकेंगे 50 हजार श्रद्धालु
  • शिव वन में दिखेंगे रुद्राक्ष, हरसिंगार, मदार आदि के वृक्ष
  • वाराणसी गैलरी में दिखेगी इतिहास से लेकर पहचान से जुड़ी हर चीज
  • कॉरिडोर एरिया के मकानों में कैद रहे 27 प्राचीन मंदिरों की मणिमाला
  • मंदिर परिसर में संगमरमर पर उकेरा गया है काशी के महात्‍म्‍य का चित्रात्‍मक वर्णन |

नए परिसर में क्‍या-क्‍या बदला है:-

  • चुनार के बलुआ पत्‍थर के अलावा सात प्रकार के लगे हैं पत्‍थर
  • मकराना के दूधिया मार्बल से फ्लोरिंग
  • जैसलमेर का मंडाना स्‍टोन घाट किनारे सीढि़यों पर
  • वैदिक केंद्र, संग्रहालय व खास भवनों में ग्रेनाइट और कोटा
  • भूकंप और भूस्‍खलन से बचाने को पत्‍थरों को जोड़ा गया है पीतल की प्‍लेटों से
  • 18 इंच लंबी तथा 600 ग्राम वजन की पीतल प्‍लेटों को कसने के लिए 12 इंच की गुल्‍ली
  • पीतल और पत्‍थरों के बीच की जगह भरने को केमिकल लेपाक्‍स अल्‍ट्रा फिक्‍स का इस्‍तेमाल |

एमपी भूलेख 2021: मध्य प्रदेश खसरा खतौनी नकल, भू नक्शा, भूलेख

मध्य प्रदेश भूलेख (MP Bhulekh):-

MP Bhulekh- मध्य प्रदेश सरकार द्वारा सभी प्रकार की सरकारी सुविधाएं ऑनलाइन उपलब्ध करवाई जा रही हैं | सरकार द्वारा मध्य प्रदे भूलेख की भी आधिकारिक वेबसाइट लांच कर दी गई है | इस वेबसाइट के माध्यम से प्रदेश के नागरिक अपनी भूमि से जुड़ी सभी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं | अब भूमि से संबंधित किसी भी प्रकार की जानकारी प्राप्त करने के लिए किसी भी सरकारी कार्यालय में जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी |

आप लोग ऑनलाइन पोर्टल पर अपने ज़मीन का पूरा विवरण देखने के बाद पूरा मालिकाना हक़ जमा सकते है क्योकि इसमें आपकी ज़मीन से जुडी सभी जानकारी बिलकुल सही दी जाती है | राज्य की अलग अलग जगहों पर एमपी भूलेख को अलग अलग नाम से जाना जाता है जैसे भूमि अभिलेख, खेत के कागज़ात, खेत का नक्शा, भूमि का ब्यौरा, खाता आदि | राज्य के जो इच्छुक लाभार्थी अपनी भूमि से जुडी मध्य प्रदेश खसरा खतौनी नकल, भू नक्शा प्राप्त करना चाहते है तो वह घर बैठे इंटरनेट के माध्यम से  ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर एमपी भूलेख ऑनलाइन ही सरलता से देख सकते है |

MP Bhulekh का उद्देश्य:-

जैसे की आप लोग जानते है की ऑनलाइन सुविधा के शुरू होने से पहले राज्य के नागरिको को अपनी भूमि से जानकारी प्राप्त करने के लिए सरकारी राजस्व विभाग या अन्य विभाग के कार्यालयों के कई चक्कर लगाने पड़ते हैं | और बहुत सी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है इन सभी परशानियों को देखते हुए राज्य सरकार ने एमपी भूलेख की पूरी जानकारी ऑनलाइन कर दी गयी है | अब लोग घर बैठे इंटरनेट के माध्यम से आसानी मध्य प्रदेश खसरा खतौनी ,भू नक्शा ,जमाबंदी आदि सकते है या तो अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र (Common Service Center – CSC) में जाकर अपनी जमीन व खेत का पूरा ब्यौरा आराम से प्राप्त कर सकते हैं | अब लोगो को सरकारी कार्यलयो के चक्कर काटने नहीं पड़ेंगे | इससे समय की बचत होगी |

एमपी भूलेख के लाभ:-

  • MP Bhulekh खसरा खतौनी आप मध्य प्रदेश भूलेख के माध्यम से डाउनलोड भी कर सकते है |
  • इस ऑनलाइन सुविधा के माध्यम से राज्य के लोग अपनी भूमि से जुडी सभी जानकारी देखने के लिए कोई शुल्क नहीं देना होगा |
  • इस योजना के ज़रिये सरकारी कार्यालय/ पटवारखानों मे दलालों के जरिए होने वाला भ्रष्टाचार खत्म होगा |
  •  मध्य प्रदेश के नागरिक ऑनलाइन माध्यम से अपनी भूमि की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं |
  • इस ऑनलाइन भूलेख पोर्टल के शुरू होने से यूपी के लोगो के समय की भी बचत होगी |

एमपी भूलेख खसरा खतौनी ऑनलाइन कैसे चेक करें:- (MP Bhulekh Khasra Khatauni Naksha)

मध्य प्रदेश के जो इच्छुक लाभार्थी भूलेख खसरा खतौनी ऑनलाइन चेक करना चाहते है तो नीचे दिए गए तरीके को फॉलो करे:-

  • सर्वप्रथम आवेदक को MP bhulekh की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा | ऑफिसियल वेबसाइट पर जाने के बाद आपके सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इस होम पेज पर आपको खसरा/खतौनी , नक्शा(अक्स) का ऑप्शन दिखाई देगा | आपको इस खसरा/खतौनी ऑप्शन पर क्लिक करना होगा | ऑप्शन पर क्लिक करने के बाद आपके सामने आगे खुल जायेगा |
  • इसके पश्चात वर्तमान/पूर्व वर्ष खसरा विकल्प पर क्लिक करना होगा |
mp bhulekh gov in free naksha
  • इसके पश्चात आपको क्या आप भू-अभिलेख में खसरा, खोजना चाहते हैं? विकल्प पर क्लिक करना होगा |
  • इस पेज पर आपको कुछ जानकारी जैसे अपने जिला ,तहसील ,पटवारी हल्का , गांव आदि का चयन करना होगा | इसके बाद भू-स्वामी या खसरा नंबर का चयन करें |
  • उसके बाद स्क्रीन पर दिखाया गया Captcha Code भरें तथा विवरण देखें पर क्लिक करना होगा ।अतः इसके बाद आप खसरा/ बी-1/ नक्शा पर क्लिक करके Print Out ले सकते है |

आबादी सर्वे अधिकार अभिलेख ऑनलाइन कैसे चेक करें:-

  • सर्वप्रथम आवेदक को MP bhulekh की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा | ऑफिसियल वेबसाइट पर जाने के बाद आपके सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इसके पश्चात आबादी सर्वे अधिकार अभिलेख विकल्प पर क्लिक करना होगा |
mp bhulekh gov in free naksha
  • इसके पश्चात क्या आप अधिकार अभिलेख खोजना चाहते हैं? विकल्प पर क्लिक करना होगा |
  • इस पेज पर आपको कुछ जानकारी जैसे अपने जिला ,तहसील, गांव आदि का चयन करना होगा | इसके बाद भू-स्वामी, ब्लॉक संख्या, प्लॉट संख्या का चयन करें |
  • उसके बाद स्क्रीन पर दिखाया गया Captcha Code भरें तथा विवरण देखें पर क्लिक करना होगा । अतः इसके बाद आप विवरण देखें पर क्लिक करके Print Out ले सकते है |

बंदोबस्त खतौनी (स्कैन) ऑनलाइन कैसे चेक करें:-

  • सर्वप्रथम आवेदक को MP bhulekh की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा | ऑफिसियल वेबसाइट पर जाने के बाद आपके सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इसके पश्चात बंदोबस्त खतौनी (स्कैन) विकल्प पर क्लिक करना होगा |
  • इसके पश्चात क्या आप अभिलेखों की स्कैन प्रतिलिपि को खोजना चाहते हैं ? विकल्प पर क्लिक करना होगा |
  • इस पेज पर आपको कुछ जानकारी जैसे अपने जिला ,तहसील, गांव आदि का चयन करना होगा | इसके बाद अभिलेख, खसरा, पृष्ठ क्रमांक का चयन करें |
  • उसके बाद स्क्रीन पर दिखाया गया Captcha Code भरें तथा विवरण देखें पर क्लिक करना होगा । अतः इसके बाद आप विवरण देखें पर क्लिक करके Print Out ले सकते है |

री-नम्बरिंग सूची (स्कैन) ऑनलाइन कैसे चेक करें:-

  • सर्वप्रथम आवेदक को MP bhulekh की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा | ऑफिसियल वेबसाइट पर जाने के बाद आपके सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इसके पश्चात री-नम्बरिंग सूची (स्कैन) विकल्प पर क्लिक करना होगा |
  • इसके पश्चात क्या आप अभिलेखों की स्कैन प्रतिलिपि को खोजना चाहते हैं ? विकल्प पर क्लिक करना होगा |
  • इस पेज पर आपको कुछ जानकारी जैसे अपने जिला ,तहसील, गांव आदि का चयन करना होगा | इसके बाद अभिलेख, खसरा, पृष्ठ क्रमांक का चयन करें |
  • उसके बाद स्क्रीन पर दिखाया गया Captcha Code भरें तथा विवरण देखें पर क्लिक करना होगा । अतः इसके बाद आप विवरण देखें पर क्लिक करके Print Out ले सकते है |

भूमि बंधक ऑनलाइन कैसे चेक करें:-

  • सर्वप्रथम आवेदक को MP Bhulekh की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा | ऑफिसियल वेबसाइट पर जाने के बाद आपके सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इसके पश्चात भूमि बंधक विकल्प पर क्लिक करना होगा |
  • इसके पश्चात क्या आप अनुसूचित व्यावसायिक बैंक अधिकृत एडमिन अथवा बैंक शाखा प्रबंधक के रूप में रजिस्टर करना चाहते हैं ? विकल्प पर क्लिक करना होगा |
mp bhulekh gov in free naksha

Frequently Asked Questions (FAQs):-

आवेदन के लिये कैसे रजिस्टर करें ?

MP WebGIS वेबसाइट (mpbhulekh.gov.in) पर जाएं और “अकाउंट पंजीकरण” पर क्लिक करें | अकाउंट पंजीकरण से सम्बंधित सभी आवश्यक जानकारी दर्ज करें | आपका पासवर्ड आपके द्वारा प्रदान की गयी ईमेल आईडी पर भेज दिया जाएगा |

अपना पासवर्ड भूल जाने या खो जाने की स्तिथि में पुनः कैसे प्राप्त कर सकते हैं ?

MP WebGIS वेबसाइट (mpbhulekh.gov.in) के होम पेज पर जाएं | होम पेज पर “Forgot Password” लिंक पर क्लिक करें | पॉप अप विंडो में उपयोगकर्ता नाम और उपयोगकर्ता के प्रकार दर्ज करें और सबमिटकरें | पासवर्ड पंजीकरण के समय आप के द्वारा प्रदान की गयी ईमेल पर भेज दिया जाएगा |

आप अपनी शिकायत कैसे रजिस्टर कर सकते हैं ?

MP WebGIS वेबसाइट (mpbhulekh.gov.in) के होम पेज पर जाएं | होम पेज पर ” Grievance ” आईकॉन पर क्लिक करें | शिकायत आवेदन फॉर्म में सभी आवश्यक जानकारी दर्ज करने के पश्चात उपरोक्त फॉर्मजमा करें | एक युनीक शिकायत आईडी प्रदान किया जाएगा जिससे आप अपनी शिकायत ट्रैक कर सकते हैं |

आप खसरा विवरण कैसे देख सकते हैं ?

MP WebGIS वेबसाइट (mpbhulekh.gov.in) के होम पेज पर जाएं | होम पेज पर “Search” आईकॉन पर क्लिक करें | सम्बंधित जिला, तहसील , गांव और खसरा का चयन करने के पश्चात, आप खसरे का विवरण देख सकते हैं | इस जानकारी को देखने के लिए रजिस्टर करने की आवश्यकता नहीं है |

खसरा क्या है ?

खसरा वह रिकॉर्ड है ,जिसमें विशेषतः भूमि के विवरण के संबंध में उल्लेख होता है, जैसे कि : – सर्वे नम्बर , नाम , पिता का नाम , पते की जानकारी , भूमि , मिट्टी के प्रकार , भू-राजस्व , फसल विवरण और सिंचाई के स्रोत आदि |

नामांतरण क्या है ?

क्षेत्र पुस्तिका एवं अन्य सुसंगत भू-अभिलेखों में दर्ज नाम के स्थान पर विधिक रूप से किसी अन्य व्यक्ति अथवा व्यक्तियों का नामों का लिखा जाना नामांतरण कहलाता है |

व्यपवर्तन या डायवर्सन से क्या आशय है ?

नियमानुसार डायवर्सन से आशय भूराजस्व के पुनर्निर्धारण से है व्यवहारिक रूप से प्रत्येक भूमि /भूखंड का भूराजस्व उसके उपयोग के अनुसार निर्धारित है जब किसी भूमि /भूखंड के उपयोग में परिवर्तन किया जाता है तो इसे व्यपवर्तन या डायवर्सन जैसे कृषि से आवासीय,आवासीय से व्यावसायिक तथा कृषि से व्यावसायिक आदिमध्यप्रदेश भूराजस्व संहिता भूराजस्व का निर्धारण तथा पुनर्निर्धारण नियम 2018 के

डायवर्सन कब एवं किस स्थिति में किया जाना चाहिए ?

डायवर्सन, किसी भी एक प्रयोजन में निर्धारित भूमि का उपयोग किसी अन्य प्रयोजन में लाये जाने से पहले कराना चाहिए, जैसे कि कृषि से आवासीय, अथवा आवासीय से व्यवसायिक करने पर डायवर्सन किया जाना आवश्यक है |

Police Commissioner System क्या है? जानिए पुलिस कमिश्नर सिस्टम से जुडी हुई पूरी जानकारी की

क्या आप भी जानना चाहते हैं की Police Commissioner System क्या है? और पुलिस कमिश्नर सिस्टम कैसे काम करेगा तो आज इस लेख में हम आपको इसके बारे में पूरी जानकारी देने वाले हैं।

मध्यप्रदेश के भोपाल-इंदौर में पुलिस कमिश्नर सिस्टम लागू हो गया है। इसके बाद लोगों के मन में सवाल लाजिमी है कि आखिर इस सिस्टम से क्या फायदा होने वाला है। कुछ अनुमतियों के लिए अलग-अलग दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। सिर्फ पुलिस की परमिशन से ही काम चल जाएगा।

यानी प्रशासन के कुछ पावर पुलिस के पास भी होंगे। इसके अलावा इस Police Commissioner System में और क्या-क्या बदला है? कैसे काम करता है? मध्यप्रदेश के दो पूर्व DGP से इस सिस्टम के बारे में सबकुछ।

Police Commissioner System क्या है?

Police Commissioner System को आसान भाषा में समझें तो फिलहाल पुलिस अधिकारी कोई भी फैसला लेने के लिए स्वतंत्र नहीं होते। वो आकस्मिक परिस्थितियों में कलेक्टर (DM), संभागीय आयुक्त या शासन के दिए निर्देश पर ही काम करते हैं। पुलिस कमिश्नर सिस्टम लागू होने के बाद अब जिला अधिकारी और एक्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट के कुछ अधिकार पुलिस अधिकारियों को भी मिल गए हैं। शहर में धरना प्रदर्शन की अनुमति देना, दंगे के दौरान लाठी चार्ज या कितना बल प्रयोग हो, ये निर्णय सीधे पुलिस ही करेगी।

आजादी से पहले अंग्रेजों के दौर में कमिश्नर प्रणाली लागू थी। इसे आजादी के बाद भारतीय पुलिस ने अपनाया। इस सिस्टम में पुलिस कमिश्नर का सर्वोच्च पद होता है। अंग्रेजों के जमाने में ये सिस्टम कोलकाता, मुंबई और चेन्नई में हुआ करता था। इसमें ज्यूडिशियल पावर कमिश्नर के पास होता है। यह व्यवस्था पुलिस प्रणाली अधिनियम, 1861 पर आधारित है।

police commissioner system in hindi

यह जिले का सर्वोच्च पुलिस अफसर होगा। इसे अब हम पुलिस कप्तान भी कह सकते हैं, जो पहले भोपाल-इंदौर जैसे शहरों में IG हुआ करते थे। यह एकमात्र पद होगा।

2 ACP : अतिरिक्त पुलिस आयुक्त दो होंगे। ये सीधे पुलिस कमिश्नर को रिपोर्ट करेंगे। इनकी जिम्मेदारियां अलग-अलग होंगी। ये DIG रेंज के अफसर होंगे। एक ACP लॉ एंड ऑर्डर के साथ सिस्टम देखेंगे तो दूसरे क्राइम और हेडक्वार्टर का जिम्मा।

8 DCP : शहर में आठ DCP यानी आठ SP हो जाएंगे। अभी ये तीन हुआ करते थे लेकिन डायरेक्ट फील्ड में दो ही रहते थे। आठ SP होने पर यातायात, क्राइम, हेडक्वार्टर, इन्फॉरमेशन, सिक्योरिटी आदि की जिम्मेदारी अलग-अलग DCP के पास होगी।

12 Add. DCP : शहर में एडीशनल SP लेवल के 12 अफसरों की पोस्टिंग एडीशनल DCP के रूप में हो जाएगी। ये अलग-अलग मामलों को लेकर DCP को रिपोर्ट करेंगे। इनसे यातायात, क्राइम, हेडक्वार्टर संबंधी काम, आम लोगों के लिए जागरुकता कार्यक्रम, सिक्योरिटी, ST SC महिलाओं से जुड़े अपराध देखने होंगे।

30 सहायक पुलिस आयुक्त : CSP लेवल के 29 सहायक पुलिस आयुक्त होंगे। ये एडिशनल एसपी को रिपोर्ट करेंगे। इनमें से 29 फील्ड ऑफिसर होंगे जबकि 1 रेडियो का जिम्मा संभालेंगे।

Police Commissioner System से जनता को क्या फायदा होगा?

  • वर्तमान में ट्रैफिक सिस्टम के लिए ट्रैफिक पुलिस को नगर निगम, रोड कंस्ट्रक्शन एजेंसियों के भरोसे रहना पड़ता था। लैटर कम्युनिकेशन और परमिशन में वक्त लगता था। अब पुलिस का ट्रैफिक डिपार्टमेंट यह व्यवस्थाएं करेगा। इससे शहर का ट्रैफिक बेहतर होगा। वाहनों की स्पीड लिमिट भी पुलिस तय करेगी।
  • लोगों में खौफ पैदा करने वाले गुंडों, आदतन क्रिमिनल्स को पुलिस जिला बदर कर सकेगी। इससे लोगों को गुंडों के खौफ से मुक्ति मिलेगी।
  • वर्तमान शहर में दो SP थे, अब आठ होंगे। साथ ही, अन्य लेवल के अफसरों की संख्या बढ़ गई है। इसका फायदा शहर की चौकसी में होगा। इससे शहर में क्राइम भी कम होगा।

इससे ट्रैफिक में तो सुधार होगा ही। इसके साथ, आरोपियों पर कार्रवाई भी हो सकेगी। पहली चीज ट्रैफिक में भी सुधार आएगा। अभी इसके लिए डीएम पर निर्भर रहना होता है, लेकिन अब सीधे पुलिस डिसीजन ले पाएगी। SDM के पावर पुलिस के पास आ जाएंगे। इसमें माफिया में भी डर का माहौल पैदा होगा। उन्हें जेल में डालकर अपने हिसाब से निर्णय लिया जाएगा। लॉ एंड ऑर्डर में भी मौके पर फैसला लिया जाएगा।

राजस्थान अपना खाता दिखाओ जमाबंदी नक़ल / भू नक्शा / खसरा मैप ऑनलाइन (apnakhata.raj.nic.in)

Apna Khata Rajasthan, राजस्थान अपना खाता पोर्टल:- E Dharti

Apna Khata Rajasthan- E Dharti, राजस्थान सरकार द्वारा डिजिटलीकरण की प्रक्रिया काफी तेजी से चल रही है | डिजिटलीकरण के अंतर्गत सभी प्रकार के दस्तावेजों को ऑनलाइन उपलब्ध कराया जा रहा है | इसी बात को ध्यान में रखते हुए राजस्थान सरकार ने अपना खाता राजस्थान पोर्टल का आरंभ किया है | अपना खाता राजस्थान के माध्यम से राज्य के सभी लोग अपनी जमीन से जुड़े दस्तावेजों का विवरण प्राप्त कर सकते हैं |

इस पोर्टल के माध्यम से आप खेती की जमाबंदी, खसरा नंबर, भूमि का नक्शा देख सकते हैं | अब राजस्थान के नागरिकों को भूमि से संबंधित जानकारी प्राप्त करने के लिए किसी भी सरकारी कार्यालय के चक्कर काटने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी | वह घर बैठे आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से भूमि से संबंधित सभी जानकारी ऑनलाइन प्राप्त कर सकते हैं |

अपना खाता राजस्थान पोर्टल को E Dharti के नाम से भी जाना जाता है | इस पोर्टल के माध्यम से समय की बचत होगी तथा प्रणाली में भी पारदर्शिता आएगी | इस पोर्टल के माध्यम से यह भी पता लगाया जा सकता है कि किस व्यक्ति पर नाम पर कौन सा खसरा नंबर है या फिर किस भूमि का मालिक कौन है | अपना खाता राजस्थान द्वारा प्राप्त किए गए भूमि के दस्तावेजों को दिखाकर बैंक से लोन भी प्राप्त किया जा सकता है |

राजस्थान अपना खाता दिखाओ पोर्टल का उद्देश्य:- E Dharti

इस अपना खाता का उद्देश्य का मुख्य उद्देश्य है कि राज्य के लोगो को उनकी  ज़मीन से जुड़ी सारी जानकारी आसानी से प्राप्त हो सके उन्हें परवारखाने के चक्कर न लगाने पड़े और किसी भी प्रकार की  परेशानियों का सामना न करना पड़े | राज्य की इस नयी पहल से राज्य के सभी लोगो को काफी फायदा होगा | अब लोग कही से भी इंटरनेट के माध्यम से ऑनलाइन अपनी ज़मीन का विवरण प्राप्त कर सकेंगे |

Apna khata rajasthan land record

Sr. No.अभिलेख का नामपरिमाण शुल्क
1जमाबंदी प्रतिलिपि10 खसरा नंबर तक प्रत्येक अतिरिक्त 10 खसरा नंबर या उसके भाग के लिए₹10 ₹5
2नक्शा प्रतिलिपिप्रत्येक 10 खसरा नंबर या उसके भाग के लिए₹20
3नामांतरण पी21प्रत्येक नामांतरण के लिए₹20

अपना खाता जमाबंदी नकल राजस्थान ऑनलाइन कैसे देखे:- (Apna khata jamabandi rajasthan)

  • सर्वप्रथम आवेदक को राजस्थान अपना खाता ऑनलाइन करने के लिए  ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा | आधिकारिक वेबसाइट पर जाने के बाद आपने सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इस होम पेज पर आपको सबसे पहले जिला चुने के ऑप्शन पर क्लिक करना होगा | फिर अपने जिले को चुनना होगा |
Apna khata rajasthan land record
  • District Name पर क्लिक करने के बाद, एक नई window खुलेगी जहां आप तहसील या भू-अभिलेख का चयन कर सकते हैं |
Apna Khata Rajasthan
  • उसके बाद लोगों को जमाबंदी नकल डाउनलोड करने के लिए अपने “गांव” का चयन करना होगा |
Apna Khata Rajasthan
  • गांव का चयन करने के बाद आपके सामने एक फॉर्म खुलेगा उस फॉर्म में आपको अपनी सभी जानकारी जैसे आवेदक का नाम ,पता आदि भरनी होंगी |
राजस्थान अपना खाता
  • फिर आपको नीचे नकल जारी करने के लिए विकल्प सेक्शन में जाकर विकल्प चुनना होगा |
  • यहाँ आपको बटन होगा की आप जमाबंदी के लिए आवश्यक जानकारी क्या देना चाहते है आप खाता संख्या देना चाहते है या खसरा संख्या ,या फिर नाम से या USN से
  • इसमें से आपको एक विकल्प चुन सकते है आप खाता संख्या भी चुन सकते है |
  • सभी जानकारी भरने के बाद आप जमाबंदी नकल ऑनलाइन देख सकते है |
E Dharti rajasthan

राजस्थान भू नक्शा \ खसरा मैप डाउनलोड कैसे करे:-

  • सर्वप्रथम लाभार्थी को भू नक्शा आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा | आधिकारिक वेबसाइट पर जाने के बाद आपके सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इसके पश्चात, उम्मीदवार अपने खाता नंबर या खसरा नंबर या नाम या अन्य खाते के माध्यम से जमाबंदी नकल को देख और डाउनलोड कर सकते हैं |
  • इसके पश्चात उम्मीदवार राजस्थान अपना खाता से जमाबंदी नकल डाउनलोड करने के लिए नीचे “नकल प्राप्त करें” tab पर क्लिक कर सकते हैं |
  • इसके बाद अपने खसरा नंबर पर क्लिक करे जो मैप में दिखाए गए है | इसके पश्चात् आपको नक्शा दिख जायेगा |
  • यहाँ से आप इस नक़्शे को डाउनलोड करें के लिए प्रिंट के विकल्प पर क्लिक करे और आप पीडीएफ फाइल सेव कर सकते है |

अपना खाता नामांतरण के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करे:-

  • सबसे पहले आपको अपना खाता राजस्थान की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा | ऑफिसियल वेबसाइट पर जाने के बाद आपके सामने होम पेज खुल जायेगा |
  • इस होम पेज पर आपको नामांतरण के लिए ऑनलाइन आवेदन करे का विकल्प दिखाई देगा | आपको इस विकल्प पर क्लिक करना होगा | विकल्प पर क्लिक करने के बाद आपके सामने अगला पेज खुल जायेगा |
अपना खाता राजस्थान
  • इस पेज पर आपको आवेदन फॉर्म दिखाई देगा | आपको इस आवेदन फॉर्म में पूछी गयी सभी जानकारी जैसे आवेदक का नाम , मोबाइल नंबर ,पिता का नाम ,पता , जिला , गांव आदि  भरनी होगी | सभी जानकारी भरने के बाद आपको सबमिट के बटन पर क्लिक करना होगा |

अपना खाता राजस्थान जिलेवार आधिकारिक वेबसाइट

जिलों के नामआधिकारिक वेबसाइटजिलों के नामआधिकारिक वेबसाइट
अजमेरयहां क्लिक करेंबीकानेरयहां क्लिक करें
अलवरयहां क्लिक करेंबूंदीयहां क्लिक करें
बांसवाड़ायहां क्लिक करेंचित्तौड़गढ़यहां क्लिक करें
बारांयहां क्लिक करेंचुरुयहां क्लिक करें
बाड़मेरयहां क्लिक करेंडोसायहां क्लिक करें
भरतपुरयहां क्लिक करेंधौलपुरयहां क्लिक करें
भीलवाड़ायहां क्लिक करेंडूंगरपुरयहां क्लिक करें
हनुमान नगरयहां क्लिक करेंजयपुरयहां क्लिक करें
जालौरयहां क्लिक करेंपालीयहां क्लिक करें
झालावाड़यहां क्लिक करेंप्रतापगढ़यहां क्लिक करें
झुंझुनूयहां क्लिक करेंराजसमंदयहां क्लिक करें
जोधपुरयहां क्लिक करेंसवाई माधोपुरयहां क्लिक करें
करौलीयहां क्लिक करेंसीकरयहां क्लिक करें
कोटायहां क्लिक करेंसिरोहीयहां क्लिक करें
नागौरयहां क्लिक करेंश्रीगंगानगरयहां क्लिक करें
टोंकयहां क्लिक करेंउदयपुरयहां क्लिक करें

Rajasthan E Dharti पोर्टल के लाभ क्या हैं?

  • राजस्थान खाता नक़ल ऑनलाइन करने के बाद समय की बचत होगी।
  • राज्य के लोग इस सुविधा का लाभ राज्य के किसी भी कोने से ले सकते है।
  • इस खाता खसरा नक़ल के लिए लोगो को पटवारखाने नहीं जाना पड़ेगा।
  • राजस्व विभाग द्वारा इसका कार्यभार संभाला गया है ताकि इस पोर्टल को सफल बनाया जा सके।
  • जैसा की सब कुछ ऑनलाइन उपलब्ध करवाया गया है आप अपनी जरूरत के हिसाब से कभी भी प्राप्त कर सकतें हैं।
  • इस अपना खाता पोर्टल के माध्यम से राजस्थान का कोई भी व्यक्ति अपना खसरा नंबर और अपना जमाबंदी नंबर पता कर सकता है।
  • राज्य के लोग अब घर बैठे अपना खाता पोर्टल पर अपना खाता नंबर डालकर भूमि का सारा रिकॉर्ड जैसे खसरा नक्शा ,खतौनी, जमाबंदी नकल और गिरधावरी रिपोर्ट आदि प्राप्त कर सकते है।

Apna Khata Rajasthan (E Dharti) FAQ

E Dharti Portal Rajasthan क्या है?

अपना खाता राजस्थान के माध्यम से राज्य के सभी लोग अपनी जमीन से जुड़े दस्तावेजों का विवरण प्राप्त कर सकते हैं। इस पोर्टल के माध्यम से आप खेती की जमाबंदी, खसरा नंबर, भूमि का नक्शा देख सकते हैं। अब राजस्थान के नागरिकों को भूमि से संबंधित जानकारी प्राप्त करने के लिए किसी भी सरकारी कार्यालय के चक्कर काटने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। वह घर बैठे आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से भूमि से संबंधित सभी जानकारी ऑनलाइन प्राप्त कर सकते हैं।

Apna Khata क्या है?

Apna khata ऑनलाइन पोर्टल की माध्यम से राजस्थान राज्य के नागरिक अपने जमीन से जुडी सभी जानकारी आसानी से घर बैठे प्राप्त कर सकते है। खेती की जमाबंदी, खसरा नंबर, भूमि का नक्शा आदि की जानकारी देख सकते हैं।

अपना खाता राजस्थान का उद्देश्य क्या है?

अपना खाता का उद्देश्य का मुख्य उद्देश्य है कि राज्य के लोगो को उनकी ज़मीन से जुड़ी सारी जानकारी आसानी से प्राप्त हो सके उन्हें पटवारखाने के चक्कर न लगाने पड़े और किसी भी प्रकार की परेशानियों का सामना न करना पड़े। राज्य की इस नयी पहल से राज्य के सभी लोगो को काफी फायदा होगा। अब लोग कही से भी इंटरनेट के माध्यम से ऑनलाइन अपनी ज़मीन का विवरण प्राप्त कर सकेंगे।

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SBI CBO Recruitment 2021: 1226 ऑफिसर पदों पर निकली भर्ती, ऐसे करें आवेदन

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SBI CBO Recruitment 2021:-

भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने सर्किल बेस्‍ड ऑफिसर (CBO) पदों पर योग्‍य उम्‍मीदवारों की भर्ती के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है | कुल 1226 रिक्तियों के लिए रजिस्‍ट्रेशन की प्रक्रिया 09 दिसंबर, 2021 से शुरू हो गई है | उम्‍मीदवार आधिकारिक वेबसाइट sbi.co.in पर जारी नोटिफिकेशन में सभी जानकारियां देख सकते हैं और अपना आवेदन भी दर्ज कर सकते हैं |

SBI CBO 2021 भर्ती 3 चरणों में होगी | ऑनलाइन लिखित परीक्षा, स्क्रीनिंग और साक्षात्कार के बाद कैंडिडेट शॉर्टलिस्‍ट किए जाएंगे | प्रत्येक राउंड में, उम्मीदवारों को उस राउंड में प्राप्त योग्यता के आधार पर शॉर्टलिस्ट किया जाएगा. अंतिम चयन के लिए, उम्मीदवारों को ऑनलाइन लिखित परीक्षा और स्क्रीनिंग राउंड दोनों को अलग-अलग क्लियर करना होगा |

आवेदन करने के लिए आयुसीमा 21 से 30 वर्ष निर्धारित की गई है | इसके अलावा उम्‍मीदवार को निर्धारित शैक्षणिक योग्‍यता के साथ न्‍यूनतम 2 वर्ष का काम का अनुभव होगा भी जरूरी है | इसके लिए, रिजर्व बैंक की दूसरी अनुसूची में सूचीबद्ध किसी भी अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक या किसी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक में एक अधिकारी के रूप में काम को मान्‍यता दी जाएगी |

उम्‍मीदवारों को मूल वेतन लगभग 36,000/- रुपये दिया जाएगा. चयनित उम्‍मीदवार नियमानुसार DA, HRA/लीज रेंटल, CCA, मेडिकल एवं अन्य भत्तों के लिए भी पात्र होंगे | अनारक्षित कैटेगरी के उम्‍मीदवारों के लिए एप्लिकेशन फीस 750 रुपये है जबकि आरक्षित कैटेगरी के लिए आवेदन निशुल्‍क है |

SBI CBO 2021 के लिए महत्वपूर्ण तिथियां:-

आवेदन शुरू- दिसंबर 9 2021 से

आवेदन करने की अंतिम तिथि – 29 दिसंबर, 2021 है

आवेदनों को एडिट करने की अंतिम तिथि – 29 दिसंबर, 2021 है

ऑनलाइन शुल्क भुगतान- 9 दिसंबर 2021 से 29 दिसंबर 2021

आवेदन का प्रिंट लेने की अंतिम तिथि- 13 जनवरी, 2022 है

कॉल लेटर डाउनलोड- 12 जनवरी, 2022

ऑनलाइन टेस्ट- जनवरी 2022

कैसे होगा आवेदकों का चयन:-

एसबीआई के रिक्त पदों पर आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों का चयन ऑनलाइन लिखित परीक्षा, स्क्रीनिंग और साक्षात्कार के आधार पर किया जाएगा | हर राउंड में आवेदकों के प्रदर्शन के आधार उन्हें शॉर्टलिस्ट किया जाएगा | यानी फाइनल राउंड तक पहुंचने के लिए अभ्यर्थियों को ऑनलाइन लिखित परीक्षा और स्क्रीनिंग दोनों में क्वालिफाई करना पड़ेगा |

SBI CBO 2021 के लिए निर्धारित योग्यता:-

आयु सीमा : इन पदों पर आवेदन करने के लिए आवेदकों की आयु न्यूनतम 21 वर्ष और अधिकतम 30 वर्ष होनी चाहिए | यानी उम्मीदवारों का जन्म 01.12.2000 के बाद और 02.12.1991 (दोनों दिन शामिल) से पहले नहीं हुआ होना चाहिए |

कार्य अनुभव: आवेदकों के पास किसी भी अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक या किसी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक में एक अधिकारी के रूप में न्यूनतम 2 वर्ष का अनुभव (आवश्यक शैक्षणिक योग्यता के बाद का अनुभव) होना चाहिए |

आवेदन कैसे करें:-

  • उम्मीदवारों को सीबीओ भर्ती की आधिकारिक वेबसाइट – sbi.co.in या sbi.co.in/careers पर जाना होगा |
  • होमपेज पर, नए आवेदक के रूप में पंजीकरण करने के लिए एसबीआई सीबीओ भर्ती विज्ञापन पर क्लिक करें |
  • वैकल्पिक रूप से, उम्मीदवार एसबीआई सीबीओ भर्ती 2021 के लिए आवेदन करने के लिए यहां दिए गए सीधे लिंक पर क्लिक कर सकते हैं |
  • रजिस्ट्रेशन करने के बाद बनाए गए यूजर आईडी और पासवर्ड का इस्तेमाल कर लॉगइन करें |
  • सभी विवरण देकर और आवश्यक दस्तावेज अपलोड करके आवेदन पत्र भरना शुरू करें |
  • आवेदन शुल्क का भुगतान करें, यदि उल्लेख किया गया है और फिर सबमिट पर क्लिक करें |
  • भविष्य के संदर्भ के लिए आवेदन पत्र का प्रिंट लेना न भूलें |

योगी आदित्यनाथ द्वारा उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना का शुभारम्भ

उत्तर प्रदेश जन आरोग्य योजना:-

उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश जन आरोग्य योजना 2021 शुरू की गई है | मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में पीएम जन आरोग्य योजना के छूटे हुए परिवारों के लिए मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना (MMJAY) शुरू की है | यूपी आयुष्मान भारत योजना और मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया ayushmanup.in पोर्टल पर या सामान्य सेवा केंद्रों (CSC) पर या अस्पतालों में तैनात आरोग्य मित्र के माध्यम से शुरू की गई है |

वे सभी लोग जो SECC 2011 सूची में अपने नाम की अनुपलब्धता के कारण आयुष्मान भारत योजना से छूट गए हैं, उन्हें इस यूपी मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत कवर किया जाएगा | गरीब लोगों का यह नि:शुल्क इलाज उत्तर प्रदेश के पैनल में शामिल सभी सरकारी और निजी अस्पतालों में उपलब्ध रहेगा | लोगों को अब यूपी मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना पंजीकरण कराना होगा ताकि गोल्डन कार्ड प्राप्त करने के लिए किसी भी सूचीबद्ध अस्पतालों में 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज किया जा सके |

मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना क्या है:-

प्रधान मंत्री जन आरोग्य योजना (PMJAY) के शुभारंभ के बाद, यह महसूस किया गया कि ऐसे कई परिवार हैं जो सामाजिक-आर्थिक जाति जनगणना 2011 के लिए निर्धारित समान वंचित मानदंड के अंतर्गत आते हैं, लेकिन योजना के समावेश से गायब हैं | उत्तर प्रदेश राज्य सरकार ने “मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना” नाम से ऐसी ही योजना शुरू की है जिसमें ऐसे छूटे हुए परिवार शामिल हैं | यूपी मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना 1 मार्च 2019 को माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ द्वारा शुरू की गई थी | MMJAY लाभार्थियों को PMJAY आयुष्मान भारत के सभी लाभ मिलते हैं | MMJAY योजना राज्य सरकार द्वारा 100% वित्त पोषित है |

आयुष्मान भारत योजना (पीएम जन आरोग्य योजना) और मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना दोनों उत्तर प्रदेश राज्य में कार्यात्मक हैं | दोनों योजनाएं समान सुरक्षा प्रदान करती हैं लेकिन बुनियादी अंतर यह है कि “उन सभी परिवारों का नाम जिनका नाम SECC 2011 डेटा में आता है, उन्हें यूपी एबी-पीएमजेएवाई योजना के तहत सूचीबद्ध निजी / सार्वजनिक अस्पतालों में 5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज मिलेगा | जबकि उन सभी परिवारों को जिनका नाम SECC 2011 डेटा में नहीं आता है, उन्हें यूपी MMJAY योजना के तहत सूचीबद्ध निजी / सार्वजनिक अस्पतालों में 5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज मिलेगा |

UP Ayushman Card Apply Online – PMJAY Uttar Pradesh Golden Card:-

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार आयुष्मान पखवाड़ा आयोजित करने जा रही है, जिसके तहत नि: शुल्क आयुष्मान कार्ड बनाए जाएंगें | योगी आदित्यनाथ सरकार उत्तर प्रदेश में सभी ग्राम पंचायतों में आयुष्मान कार्ड वितरण के लिए कैंप आयोजित करने जा रही है | आप भी इस मौके का फायदा उठाकर अपने परिवार के लिए आयुष्मान कार्ड बनवा सकते हैं |

केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार (Narendra Modi Government) के द्वारा गरीबों के इलाज के मुफ्त इलाज के लिए प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PMJAY) की चलाई जा रही है | इस योजना के तहत आयुष्मान कार्ड (Ayushman Card) बनाया जाता है, जिसके तहत लाभार्थी प्रति परिवार प्रति वर्ष 5 लाख रुपये तक की नि: शुल्क चिकित्सा सुविधा हासिल कर सकते हैं |

जनसेवा केंद्रों पर गोल्डन कार्ड बनवाने की प्रक्रिया:- उत्तर प्रदेश जन आरोग्य योजना

  • पात्र परिवारों के प्रत्येक सदस्य हेतु प्रति कार्ड 30 रू की धनराशि गोल्डेन कार्ड प्राप्त होने के पश्चात देय
  • व्यक्तिगत पहचान हेतु आधार कार्ड अनिवार्य
  • परिवार की पहचान हेतु राशन कार्ड / प्रधान मंत्री जी का पत्र / परिवार रजिस्टर की नक़ल अनिवार्य

पात्रता जानने/नि:शुल्क इलाज के लिए:-

  1. नि:शुल्क हेल्पलाइन नंबर 1800 1800 4444 पर कॉल करें।
  2. नजदीकी सूचीबद्ध अस्पताल में आरोग्य मित्र से मिलें।
  3. नजदीकी जन सेवा केंद्र पर संपर्क करें।
उत्तर प्रदेश जन आरोग्य योजना

जानिए कैसे बनवाएं सूचीबद्ध निजी व सरकारी अस्पतालों में आयुष्मान कार्ड:-

  1. आयुष्मान कार्ड सूचीबद्ध निजी व सरकारी अस्पतालों में फ्री बनाए जाते हैं |
  2. आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए व्यक्तिगत पहचान हेतु आधार कार्ड लेकर जाएं |
  3. परिवार की पहचान हेतु राशन कार्ड अथवा प्रधान मंत्री जी का पत्र अथवा परिवार रजिस्टर की नकल साथ लेकर जाएं |

इस योजना के तहत मिलने वाली सुविधाएं

  1. लाभार्थी परिवार को हर साल 5 लाख रुपये तक की नि: शुल्क चिकित्सा सुविधा |
  2. गंभीर बीमारियों जैसे ह्दय रोग, किडनी रोग, घुटना प्रत्यारोपण, कैंसर, मोतियाबिंद और सर्जरी इत्यादी की सुविधा
  3. केवल भर्ती मरीजों को ही नि:शुल्क उपचार की सुविधा

उत्तराखंड दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन योजना 2021 का शुभारंभ

उत्तराखंड दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन योजना 2021:-

उत्तराखंड सरकार ने 8 दिसंबर 2021 को दूध मूल्य प्रोत्साहन योजना शुरू की है | इस योजना में, राज्य सरकार दूध के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए दूध की कीमत पर प्रोत्साहन प्रदान करेगी | उत्तराखंड दूध मूल्य प्रोत्साहन योजना 2021 से राज्य भर में लगभग 53,000 लोगों को लाभ होने वाला है |

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी ऑडिटोरियम में दुग्ध विकास विभाग (milk development department) के अंतर्गत संचालित दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन योजना (Milk Price Incentive Scheme) का शुभारंभ किया | इस योजना के तहत दुग्ध उत्पादकों को डीबीटी के माध्यम से दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन राशि का भुगतान किया गया |

मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने मैदानी क्षेत्रों के दुग्ध समितियों के सचिव के लिए 50 पैसा प्रति लीटर दूध में प्रोत्साहन राशि और पर्वतीय क्षेत्रों में दुग्ध समितियों के सचिवों के लिए ₹1 प्रति लीटर दूग्ध मूल्य प्रोत्साहन राशि बढ़ाए जाने की घोषणा की | दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन राशि को ₹4 प्रति लीटर से बढ़ाकर ₹5 प्रति लीटर किए जाने की घोषणा की | साथ ही हल्द्वानी में दुग्ध विकास विभाग के निदेशालय के लिए जल्द से जल्द धनराशि जारी करने की घोषणा की |

कार्यक्रम में सीएम धामी ने कहा दूध उत्पाद काश्तकारों से जुड़ी हर समस्या का समाधान सभी विभागों के साथ समन्वय बनाकर किया जा रहा है | आज इस दूध मूल्य प्रोत्साहन योजना से करीब 53 हजार लोगों को सीधे-सीधे लाभ होगा | यह राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के खातों में जाएगी | इस तरह की योजना आने वाले समय में मील का पत्थर साबित होगी |

उत्तराखंड दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन योजना क्या है:-

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को “दूध मूल्य प्रोत्साहन योजना” शुरू की, जिससे राज्य के लगभग 53,000 लोगों को लाभ होगा | देहरादून में सभा को संबोधित करते हुए, सीएम धामी ने कहा, “मैं वादा करता हूं कि उत्तराखंड अपना 25 वां वर्ष मनाने तक भारत में दूध उत्पादन में नंबर एक राज्य होगा | दूध मूल्य प्रोत्साहन योजना से लगभग 53,000 लोगों को लाभ होने जा रहा है | आगे मुख्यमंत्री ने कहा कि यह राशि डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर (डीबीटी) के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के खातों में जाएगी |

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास के मंत्र के साथ हमारी सरकार हर क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रही है | धामी ने यह भी बताया कि राज्य सरकार उत्तराखंड में 500 दूध बिक्री केंद्र खोलने के लिए 444.62 करोड़ रुपये खर्च करेगी |

उत्तराखंड दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन योजना का उद्देश्य:-

  • ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष रूप से छोटे/सीमांत किसानों, खेतिहर मजदूरों/भूमिहीनों, महिलाओं और समाज के अन्य कमजोर वर्ग के लिए डेयरी गतिविधि को लाभदायक बनाना |
  • ग्रामीण युवाओं को डेयरी गतिविधि करने के लिए प्रेरित करना और उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार करना और आजीविका की तलाश में युवाओं के शहरी क्षेत्रों में पलायन से बचना |
  • ग्रामीण क्षेत्रों में दुग्ध उत्पादक डेयरी किसानों की आर्थिक और सामाजिक स्थिति में सुधार करना |
  • खाद्य सुरक्षा प्रदान करने में मदद करने के लिए दुग्ध उत्पादन में वृद्धि करना, और
  • ग्रामीण क्षेत्रों में सहकारी क्षेत्र में डेयरी गतिविधियों को समर्थन और प्रोत्साहित करना |

UKPSC: Assistant Professor Govt, Degree College Recruitment 2021

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UKPSC Assistant professor recruitment 2021

UKPSC Assistant professor recruitment 2021- उत्तराखंड लोक सेवा आयोग (यूकेपीएससी) ने हाल ही में सरकार में सहायक प्रोफेसर के पद के लिए ऑनलाइन आवेदन पत्र आमंत्रित किया है। डिग्री कॉलेज (455 पोस्ट) भर्ती 2021। वे उम्मीदवार जो इस रिक्ति के लिए इच्छुक हैं और सभी पात्रता मानदंड रखते हैं, वे ऑनलाइन आवेदन करने से पहले पूर्ण अधिसूचना पढ़ सकते हैं।

महत्वपूर्ण तिथियाँ: UKPSC Assistant professor recruitment 2021

ऑनलाइन आवेदन प्रारंभ04 दिसंबर 2021
पंजीकरण की अंतिम तिथि24 दिसंबर 2021
शुल्क भुगतान की अंतिम तिथि24 दिसंबर 2021
परीक्षा तिथिजल्द ही अधिसूचित
प्रवेश पत्रजल्द ही अधिसूचित

आवेदन शुल्क:

सामान्य, ओबीसी उम्मीदवारकोई शुल्क नहीं
एससी, एसटी उम्मीदवारकोई शुल्क नहीं

भुगतान का प्रकार:

परीक्षा शुल्क का भुगतान क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड, नेट बैंकिंग, ई चालान शुल्क मोड के माध्यम से करें।

आयु सीमा 01/07/2021 के अनुसार :

  • न्यूनतमआयु: 21 वर्ष।
  • मैक्स आयु: 42 वर्ष।
  • आयु में छूट के लिए अधिसूचना पढ़ें।

पात्रता विवरण : UKPSC Assistant professor recruitment 2021

  • उम्मीदवारों के पास संबंधित विषय में 55% अंकों और एससी, एसटी 50% अंकों के साथ मास्टर डिग्री है।
  • क्वालिफाइड नेट/स्लेट (NET/SLET ) परीक्षा।
  • अधिक जानकारी के लिए अधिसूचना पढ़ें।

रिक्ति विवरण:

Total Vacancy: 455 Post

Post NameGeneralOBCEWSSCSTTotal Post
Assistant Professor111992117648455

Subject Wise Vacancy Details

Subject NameGeneralOBCEWSSCSTTotal Post
Hindi11839233
English517221752
Sanskrit10025219
Geography8323319
Economics815213442
Political Science10319124
Sociology5818123
History14324124
Education210104
Psychology000202
Physical Education000101
Philosophy100001
Home Science7224015
Military Science000202
Music110002
Statistics100001
Geology311106
Drawing and Painting110002
Anthropology000101
Physics47022336
Chemistry33022634
Zoology112016534
Botany5417421
Mathematics81114529
Commerce28110425
BCA110103

आवेदन कैसे करें: UKPSC Assistant professor recruitment 2021 Apply Online

  • उत्तराखंड यूकेपीएससी सहायक प्रोफेसर भर्ती 2021 के लिए सभी इच्छुक उम्मीदवार 04/12/2021 से 24/12/2021 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
  • यूकेपीएससी सहायक प्रोफेसर भर्ती के बारे में अधिक जानकारी के लिए अधिसूचना पढ़ें।
  • कृपया अपना मूल विवरण भरें और अपना फोटो, साइन, आईडी प्रूफ और अन्य दस्तावेज अपलोड करें।
  • आवेदन पत्र जमा करने से पहले अपना पूरा विवरण पूर्वावलोकन देखें।
  • फॉर्म को पूरा करने के लिए आवश्यक आवेदन शुल्क का भुगतान करें। अगर फीस मांगी जाती है।
  • आगे की प्रक्रिया के लिए सबमिट फाइनल फॉर्म का प्रिंट आउट ले लें।

महत्वपूर्ण लिंक्स:

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Madhulika Rawat Biography: जानिए कौन थीं CDS जनरल बिपिन रावत की पत्नी मधुलिका रावत |

Madhulika Rawat Biography:-

भारतीय सेना के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत, उनकी पत्नी मधुलिका रावत समेत एमआई 17 हेलिकॉप्टर पर सवार 13 सदस्यों का हादसे में निधन हो गया है | भारतीय वायुसेना ने इसकी पुष्टि कर दी है. एमआई-17 हेलिकॉप्टर तमिलनाडु के कून्नूर क्षेत्र में क्रैश हो गया था | हेलिकॉप्टर जहां क्रैश हुआ वह स्थान हेलिकॉप्टर लैंड करने वाले हेलिपैड से महज 10 किलोमीटर दूर था | यह हादसा उस वक्त हुआ जब जनरल रावत डिफेंस सर्विस स्टाफ कॉलेज, वेलिंगटन में एक कैंडेट इंटरेक्शन प्रोग्राम में हिस्सा लेने जा रहे थे |

भारत के पहले सीडीएस जनरल बिपिन रावत की पत्‍नी मधुलिका सिंह रीवा राज घराने से ताल्‍लुक रखतीं थीं | मधुलिका सिंह के पिता मृगेंद्र सिंह सोहागपुर क्षेत्र के इलाकेदार थे | मृगेंद्र सिंह की बेटी मधुलिका की शादी बिपिन रावत से 1986 में हुई थी | बिपिन रावत को अपनी पत्‍नी मधुलिका से वे बेहद लगाव था | अंतिम पलों में भी वे साथ रहे और दुखद हादसे में एक साथ ही जिंदगी को अलविदा कह गए |

कौन हैं मधुलिका रावत:- Madhulika Rawat Biography

भारतीय सेना के पहले सीडीएस जनरल बिपिन रावत पत्नी मधुलिका रावत मध्य प्रदेश के शहडोल जिला निवासी नेता कुंवर मृगेंद्र सिंह की बेटी थीं | मृगेंद्र सिंह का संबंध शहडोलपुर जिले में स्थित सोहागपुर रियासत से है |

सैनिकों की पत्नियों की जिम्मेदारी:-

मधुलिका रावत आर्मी वाइव्स वेलफेयर एसोसिएशन यानी आवा की प्रेसिडेंट भी थीं | आर्मी वाइव्स वेलफेयर एसोसिएशन भारतीय सैनिकों की पत्नी, बच्चों और उन पर निर्भर अन्य सदस्यों के वेलफेयर के लिए काम करने वाला देश का सबसे बड़ा एनजीओ है | वह आर्मी सैनिकों की विधवाओं को मदद पहुंचाने वाली एक संस्था से भी जुड़ी थीं |

इसके अलावा मिसेज रावत विभिन्न वेलफेयर प्रोग्राम और कैंपेन में सक्रिय भूमिका निभा चुकी थीं | इसमें वीर नारी और दिव्यांग बच्चों के लिए वेलफेयर कार्यक्रम शामिल थे| 

शहडोल को सैनिक स्कूल देने का था सपना:-

सीडीएस बिपिन रावत के छोटे साले हर्षवर्धन सिंह ने बताया कि अभी दशहरा के समय उनकी दीदी और जीजा बिपिन रावत से मुलाकात हुई थी | वो जनवरी में शहडोल आने वाले थे और उन्होंने कहा था कि वो शहडोल को एक सैनिक स्कूल देना चाहते हैं |

मधुलिका रावत के भाई यशवर्धन सिंह ने बताया कि कल दीदी ने बताया था कि किसी महत्वपूर्ण कार्यक्रम में जा रहे हैं | यह नहीं बताया की कहां जा रहे हैं, क्योंकि सेना के कार्यक्रमों को गोपनीय रखा जाता है | लोगों ने जब टेलीविजन पर हेलीकाप्टर के क्रैश होने की खबर देखी तब से लोग इस हादसे को लेकर काफी बेचैन थे | जनरल बिपिन रावत के साले साहब यशवर्धन सिंह से जब उनके फोन पर बात की तो उन्होंने कहा कि दीदी और जीजाजी हेलीकाप्टर में सवार थे और वह हेलीकाप्टर क्रैश हो गया है |

मधुलिका रावत ने कितनी की थी पढ़ाई:-

सीडीएस जनरल बिपिन रावत की पत्नी मधुलिका रावत ने अपनी पढ़ाई दिल्ली में पूरी की थीं | उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से मनोविज्ञान में ग्रेजुएशन किया था | इसके अलावा वह विभिन्न सामाजिक कार्यों खासकर कैंसर पीड़ितों के लिए लगातार काम कर रही थीं | सीडीएस जनरल रावत और मिसेज मधुलिका रावत की दो बेटियां हैं | इनमें से एक का नाम कृतिका रावत है |