झारखण्ड देश का ऐसा राज्य जहाँ मजदूर वर्ग बहुत बड़ी संख्या में निवास करता है | राज्य के गरीब वर्ग के लिए सरकार निरंतर राज्य सरकारें नई-2 योजनाओं की घोषणा करती रहती है, किन्तु सरकार द्वारा जितनी भी गरीब मजदूरों के लिए योजनाए चलाई जाती हैं ये लोग उन योजनाओ का लाभ नहीं उठा पाते और योजनाओ से मिलने वाले लाभ से वंचित रह जाते हैं | जिससे की ये लोग अपनी आर्थिक स्थिति नहीं सुधार पाते |
असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले मजदूरों को राज्य सरकार द्वारा योजनाओ का लाभ देने के लिए झारखण्ड सरकार द्वारा Shrmik Card jharkhand योजना शुरू कि गई है | इसमें कारखाने सड़क निर्माण भवन निर्माण आदि कार्यो में लगे मजदुर व कारीगर अपना मजदुर (Labour) कार्ड बना सकते है | और इसके माध्यम से झारखण्ड के मजदुर राज्य सरकार की कई योजना का लाभ ले सकते है |
श्रमिक कार्ड के लिए कौन-कौन आवेदन कर सकते है:-
राज मिस्त्री हेल्पर
बढ़ई
लोहार
अकुशल कारीगर
भवन निर्माण कारीगर
टाइल मिस्त्री
इलेक्ट्रिशियन
गेट ग्रिल वेल्डिंग रिड्यूसर
मनरेगा कार्य में बागवानी और वानिकी को छोड़कर श्रमिक
सीमेंट घोल मिक्सर
कंक्रीट मिक्सर
रोलर चालक
केन्द्रित और लोहे का बांधना
सड़क पुल आदि बनाने वाले कारीगर और सहायक |
श्रमिक पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज व पात्रता:-
श्रमिक के पास आधार कार्ड होना चाहिए |
बैंक अकाउंट नंबर
मोबाइल नंबर
उम्मीदवार श्रमिक की आयु 18 वर्ष से 40 वर्ष के बीच होनी चाहिए |
राशन कार्ड
मूल निवास प्रमाण पत्र
परिवार के सभी सदस्यों का का आधार कार्ड
पासपोर्ट साइज फोटो
श्रमिक प्रमाण पत्र
परिवार के एक ही सदस्य का श्रमिक कार्ड बनेगा |
जिन श्रमिकों ने 12 महीने में 90 दिन श्रमिक के रूप में कार्य किया है वे इस योजना में अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते है |
श्रमिक मजदूर कार्ड के लाभ:-
यदि उम्मीदवार के पास श्रमिक कार्ड होगा तो उससे आपको 2 रूपये गेंहू प्राप्त होंगे |
लेबर कार्ड से उम्मीदवार को सरकार द्वारा चलाई गयी योजनाओ जैसे छात्रवृति, प्रसूति के दौरान होने वाला खर्चा, शुभ शक्ति योजना, आवास योजना, गंभीर बीमारियो का इलाज आदि योजनाओ का लाभ दिया जायेगा | (आपको बता दे श्रमिक योजना का लाभ लेने के लिए आपके राज्य के द्वारा इसके लिए अलग अलग नियम बनाये गए है आप सरकार द्वारा निर्धारित ही योजनाओ का लाभ ले सकते हैं |)
श्रम विभाग से जुड़ी एवं अन्य प्रकार की सभी सरकारी योजनाओं का लाभ मजदुर नागरिक श्रमिक कार्ड से प्राप्त कर सकते है |
प्रत्येक राज्य के सभी श्रमिक नागरिक अपने राज्य के श्रम विभाग की ऑफिसियल वेबसाइट से घर बैठे मजदूर कार्ड के लिए आवेदन कर सकते है |
झारखण्ड मजदूर कार्ड के लिए ऑनलाइन आवेदन:-
अगर आप झारखण्ड के नागरिक है और मजदुर कार्ड के लिए आप आवेदन करना चाहते है तो आप ऊपर दी गए निम्न पात्रता व दस्तावेज के साथ Online या Offline दोनों माध्यमों से आवेदन कर अपना मजदुर कार्ड बना सकते है |
इसके लिए या तो आप झारखण्ड कल्याण बोर्ड कि Official website के माध्यम से Online आवेदन कर सकते है | ऑनलाइन आवेदन के लिए सबसे पहले झारखण्ड Welfare बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट https://shramadhan.jharkhand.gov.in/home पर जाए यहा से आवेदन पत्र Download कर आवेदन करें | या सीधे कार्यालय में जाएं और आवेदन पात्र प्राप्त कर सही विवरण भर कर कार्यालय में जमा करें |
Prarambhik Balyavastha Shiksha Ke Moolbhoot Siddhant Jodi Milan- यह कोर्स शिक्षकों को प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा से परिचित कराता है।
यह कोर्स प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा (अर्ली चाइल्ड्हुड एजुकेशन ECE) के कुछ मूलभूत सिद्धांतों पर आधारित है जिन्हें जानना और समझना शिक्षकों के लिए लाभदायक है। विशेष रूप से यह कोर्स उन शिक्षकों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है जो एक ECE शिक्षक के तौर पर अपना क्रियान्वयन प्रारंभ करने वाले है।
यह कोर्स प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा में शिक्षकों की भूमिका, बच्चों की स्कूली तैयारी (स्कूल रेडीनेस), बच्चों के विकास के मुख्य क्षेत्र और दैनिक दिनचर्या जैसे कुछ मुख्य पहलुओं पर गहराई से चर्चा करता है।
इस कोर्स का उद्देश्य हैं- शिक्षकों को प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा की महत्ता को जानने में मदद करना, विकास के क्षेत्रों से संबंधित गतिविधियाँ कक्षा में करा पाना और एक ऐसी दैनिक दिनचर्या का निर्माण और पालन करना जो बच्चों को इस बेहद संवेदनशील समय में गुणवत्ता पूर्ण अनुभव दे और उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित करे।
प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा के मूलभूत सिद्धांत – CM RISE शिक्षक प्रशिक्षण को मुख्यतः तीन भागों में बाटा गया है लेकिन कोर्स से परिचय को मिलाकर इसके चार भाग हैं साथ ही सभी भागों को छोटे छोटे पार्ट में विभाजित किया गया है जिन्हें आपको पूरा करना है और अंतिम में प्रश्नोत्तरी भाग है जिनके उत्तर आपको देना है |
Prarambhik Balyavastha Shiksha Ke Moolbhoot Siddhant Jodi Milan
कोर्स से परिचय
भाग 1- प्री वर्क
भाग 2 – कोर्स सत्र
भाग 3 – पोस्ट वर्क
तो चलिए शुरू करते हैं आज के पश्नोतरी को शुरू करने से पहले प्रशिक्षण के भाग १ पर आपको जोड़ी मिलाने के लिए कहा जायेगा जिसके सही जोड़ नीचे दिए जा रहे हैं जिसकी सहायता से आप भी प्रशिक्षण में सही जोड़ी का मिलान कर सकेंगे |
राष्ट्रीय शिक्षा नीति – 5+3+3+4
सार्वभौमिक साक्षरता – 2025
प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा – सर्वांगीण विकास की नीव
छोटी उम्र में ज्ञान बटोरने की क्षमता
5. प्रारंभिक वर्षों में बच्चों के मस्तिष्क का तीव्रता से विकास
Prarambhik Balyavastha Shiksha Ke Moolbhoot Siddhant- यह कोर्स शिक्षकों को प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा से परिचित कराता है। यह कोर्स प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा (अर्ली चाइल्ड्हुड एजुकेशन ECE) के कुछ मूलभूत सिद्धांतों पर आधारित है जिन्हें जानना और समझना शिक्षकों के लिए लाभदायक है।
विशेष रूप से यह कोर्स उन शिक्षकों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है जो एक ECE शिक्षक के तौर पर अपना क्रियान्वयन प्रारंभ करने वाले है। यह कोर्स प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा में शिक्षकों की भूमिका, बच्चों की स्कूली तैयारी (स्कूल रेडीनेस), बच्चों के विकास के मुख्य क्षेत्र और दैनिक दिनचर्या जैसे कुछ मुख्य पहलुओं पर गहराई से चर्चा करता है।
इस कोर्स का उद्देश्य हैं- शिक्षकों को प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा की महत्ता को जानने में मदद करना, विकास के क्षेत्रों से संबंधित गतिविधियाँ कक्षा में करा पाना और एक ऐसी दैनिक दिनचर्या का निर्माण और पालन करना जो बच्चों को इस बेहद संवेदनशील समय में गुणवत्ता पूर्ण अनुभव दे और उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित करे।
प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा के मूलभूत सिद्धांत – CM RISE शिक्षक प्रशिक्षण को मुख्यतः तीन भागों में बाटा गया है लेकिन कोर्स से परिचय को मिलाकर इसके चार भाग हैं साथ ही सभी भागों को छोटे छोटे पार्ट में विभाजित किया गया है जिन्हें आपको पूरा करना है और अंतिम में प्रश्नोत्तरी भाग है जिनके उत्तर आपको देना है |
Prarambhik Balyavastha Shiksha Ke Moolbhoot Siddhant
प्रश्न 1: सभी प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा में बच्चों के विकास के सभी क्षेत्रों पर ध्यान देना क्यों आवश्यक है?
बच्चों को प्राथमिक विद्यालय के लिए तैयार करना |
बच्चों का सर्वांगीण विकास और आजीवन सीखने हेतु मजबूत नीव डालना |
बच्चों को लगन से सीखने वाला बनने, समीक्षात्मक रूप से सोच सकने, रचनात्मक बनें और अपने परिवेश से सहयोग संवाद और जुड़ाव स्थापित कर सकने में मदद करना |
उपरोक्त सभी
उत्तर 1: उपरोक्त सभी
प्रश्न 2:निम्न विकास के क्षेत्र और गतिविधि की जोड़ियों में से सही जोड़ी चुने :
संज्ञानात्मक और पूर्व संख्या कौशल (A) बागवानी का अभ्यास |
चनात्मकता एवं सौन्दर्य की सराहना (B) चीजों को एक पर एक, क्रमानुसार रखना |
सामाजिक – भावनात्मक विकास (C) अभिवादन करने का अभ्यास करना
उत्तर 2: 1 (B) 2 (A) 3 (C)
प्रश्न 3:इनमे से क्या समय सारणी का उचित उपयोग नहीं है ?
बच्चे आत्म नियंत्रण, सकरात्मक व्यवहार और सामाजिक कौशल सीखते हैं |
बच्चों को रूटीन की आदत डलवाने का एक अच्छा तरीका है |
खेलने के समय को कम कर विषयों पर ज्यादा देने का अच्छा तरीका है |
विभिन्न कौशल को बेहतर सिखाने में समय सारणी हमारी मदद करती है |
उत्तर 3: खेलने के समय को कम कर विषयों पर ज्यादा देने का अच्छा तरीका है |
प्रश्न 4: निम् कथनों में कौन सा कथन सही है ?
बच्चों को स्कूली शिक्षा के लिये तैयार करने का मतलब है उन्हें पढने लिखने और अंकगणित के कौशल सीखना |
अनुशाशन सीखना बच्चों को स्चूली शिक्षा के लिए तैयार करने का आधार है |
बच्चों को स्कूली शिक्षा के लिए तैयार करने की अवधारणा में बच्चों की तैयारी के साथ साथ विद्यालय की तैयारी और समुदाय की तैयारी भी महत्त्वपूर्ण है |
उपरोक्त सभी
उत्तर 4: बच्चों को स्कूली शिक्षा के लिए तैयार करने की अवधारणा में बच्चों की तैयारी के साथ साथ विद्यालय की तैयारी और समुदाय की तैयारी भी महत्त्वपूर्ण है |
प्रश्न 5: एक निपुण ECE शिक्षक अपनी कक्षा के भौतिक वातावरण के सन्दर्भ में इनसे क्या करते दिखाई देंगे |
सुनाश्चित करेंगे की कक्षा में बहुत सारे नए खिलौने एवं बच्चों के खेलने के लिए अन्य संसाधन रखे हों |
हर पथ के लिए नए संसाधनों की व्यवस्था करेंगे एवं उन पर आधारित नियोजन बनायेंगे |
सुनाश्चित करेंगे की सभी गतिविधियाँ सामूहिक हो और एक निर्धारित स्थान पर की जाएँ |
एक प्रिंट समृद्ध और आकर्षक कक्षा का निर्माण करेंगे जिसमें सभी संसाधन बच्चों के लिए आसानी से उपलब्ध हो |
उत्तर 5: एक प्रिंट समृद्ध और आकर्षक कक्षा का निर्माण करेंगे जिसमें सभी संसाधन बच्चों के लिए आसानी से उपलब्ध हो |
प्रश्न 6:आशा मैडम की कक्षा में बच्चों को एक दुसरे के साथ रस्सी कूदने का खेल बहुत पसंद है | उन्हें जब भी अवसर मिलता है वह रस्सी उठाते है और टीम्स बनाके खेलना शुरू कर देते हैं ! आपके हिसाब से इनकी कक्षा के बच्चों में कौन से विकास के क्षेत्र विकसित हो रहे हैं |
रचनात्मक और संख्या पूर्व कौशल|
संज्ञानात्मक और सौन्दर्य की सराहना |
सूक्ष्म मांसपेशिय कौशल और सामाजिक कौशल |
स्थूल मांसपेशिय कौशल और सामाजिक भावनात्मक कौशल
उत्तर 6: स्थूल मांसपेशिय कौशल और सामाजिक भावनात्मक कौशल
Prarambhik Balyavastha Shiksha Ke Moolbhoot Siddhant
प्रश्न 7 : कमल सर की कक्षा की दैनिक दिनचर्या दी गयी है | इसे ध्यान से पढ़ें और नीचे दिए गए विकल्पों में से किसी एक विकल्प को चुनकर बताएं की आप इस दिनचर्या में क्या बदंला चाहेंगे |
मार्निंग सर्कल की अवधि में से मिनट 10 कम करेंगे |
सौचालय अवकाश के स्थान पर1 करेंगे |
भाषा विकास और आरंभिक साक्षरता के लिए एक सत्र रखेंगे|
इस दिनचर्या में कुछ नहीं बदलेंगे |
उत्तर 7: भाषा विकास और आरंभिक साक्षरता के लिए एक सत्र रखेंगे|
प्रश्न 8: चित्र को ध्यान से देखें | आशा मैडम अपनी कक्षा में एक गतिविधि करा रही है | आपके हिसाब से मैडम को इस गतिविधि में क्या बदलना चाहिए ?
मैडम को एक बड़ा चित्र दिखाना चाहिए जिसमें और भी व्यवसायों को प्रदर्शित किया गया हो |
मैडम को बच्चों को एक सर्कल में बैठना चाहिए ताकि सभी बच्चे उन्हें ठीक से देख सकें |
मैडम को बच्चों को विभिन्न व्यवसायों के नीचे उनके नाम भी दर्शाने चाहिए |
मैडम को ऐसी किताब/ चार्ट का चयन करना चाहिए जो लैंगिक पूर्वग्रह से मुक्त हो
उत्तर 8 : मैडम को ऐसी किताब/ चार्ट का चयन करना चाहिए जो लैंगिक पूर्वग्रह से मुक्त हो
प्रश्न 9 : सरिता मैडम अपनी कक्षा के लिए पहले से पाठ योजना बनाती है, समय सारणी का प्रयोग भी करती हैं ……
बच्चों से जोड़ियों में बातें करने को कहना |
बच्चों को समूह में बैठकर कहानिया सुनाना |
बच्चों को समूह में बैठकर किसी विषय पर बातें करने के लिए प्रोत्साहित करना |
कक्षा में बच्चों से अपनी भावनाओं को चित्र के माध्यम से व्यक्त करने को कहना |
उत्तर 9 : बच्चों को समूह में बैठकर किसी विषय पर बातें करने के लिए प्रोत्साहित करना |
प्रश्न 10 : रुकमनी मैडम ने कुछ समय पहले एक ECE कक्षा को पढाना शुरू किया| इनकी कक्षा में ज्यादातर बच्चे 3 से 4 साल की उम्र के हैं | एक शिक्षक साथी के तौर पर आप उन्हें निम्न में से कौन सी गतिविधियाँ कक्षा में करने को कहेंगे |…..
भारत एक विशाल जनसंख्या वाला बहुत बड़ा देश है जिसमे बहुत से नागरिक ऐसे है जो मजदूरी करके अपनी रोजी रोटी कमाते हैं | देश के गरीब वर्ग के लिए सरकार निरंतर नई-2 योजनाओं की घोषणा करती रहती है, किन्तु सरकार द्वारा जितनी भी गरीब मजदूरों के लिए योजनाए चलाई जाती थी ये लोग उन योजनाओ का लाभ नहीं उठा पाते थे और योजनाओ से मिलने वाले लाभ से वंचित रह जाते थे | जिससे की ये लोग अपनी आर्थिक स्थिति नहीं सुधार पाते थे |
सरकार ने ऐसी समस्या को देखते हुए मजदूर कार्ड बनाने के आदेश दिया | जिससे की श्रमिकों को सारी सेवाएं उपलब्ध कराई जाये | ताकि वो अपनी आर्थिक स्थिति को सही कर सके |
श्रमिक कार्ड योजना का लाभ देश के सभी मजदूर वर्गो को मिलेगा इस कार्ड को बनाने से लाभार्थी को बहुत सी योजनाओ का लाभ लेने का मौका मिलेगा | साथ ही आप जिस राज्य में निवास कर रहे है उस राज्य की सरकार आपको श्रमिक योजना के अंतर्गत आर्थिक सहायता भी प्रदान करेगी |
देश के हर राज्य के लोग इस योजना का लाभ उठा सकते है लेकिन आपको इसके लिए पहले ऑनलाइन आवेदन करना होगा |
श्रमिक पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज व पात्रता:-
श्रमिक के पास आधार कार्ड होना चाहिए |
बैंक अकाउंट नंबर
मोबाइल नंबर
उम्मीदवार श्रमिक की आयु 18 वर्ष से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए |
राशन कार्ड
मूल निवास प्रमाण पत्र
परिवार के सभी सदस्यों का का आधार कार्ड
पासपोर्ट साइज फोटो
श्रमिक प्रमाण पत्र
परिवार के एक ही सदस्य का श्रमिक कार्ड बनेगा |
जिन श्रमिकों ने 12 महीने में 90 दिन श्रमिक के रूप में कार्य किया है वे इस योजना में अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते है |
श्रमिक मजदूर कार्ड के लाभ:-
श्रमिक मजदूर कार्ड योजना का लाभ पुरे देश के श्रमिकों को मिलेगा |
हर राज्य सरकार द्वारा श्रमिक कार्ड के रजिस्ट्रेशन के लिए राज्य के अनुसार आधिकारिक वेबसाइट जारी की गयी है |
यदि उम्मीदवार के पास श्रमिक कार्ड होगा तो उससे आपको 2 रूपये गेंहू प्राप्त होंगे |
लेबर कार्ड से उम्मीदवार को सरकार द्वारा चलाई गयी योजनाओ जैसे छात्रवृति, प्रसूति के दौरान होने वाला खर्चा, शुभ शक्ति योजना, आवास योजना, गंभीर बीमारियो का इलाज आदि योजनाओ का लाभ दिया जायेगा | (आपको बता दे श्रमिक योजना का लाभ लेने के लिए आपके राज्य के द्वारा इसके लिए अलग अलग नियम बनाये गए है आप सरकार द्वारा निर्धारित ही योजनाओ का लाभ ले सकते हैं |)
श्रम विभाग से जुड़ी एवं अन्य प्रकार की सभी सरकारी योजनाओं का लाभ मजदुर नागरिक श्रमिक कार्ड से प्राप्त कर सकते है |
प्रत्येक राज्य के सभी श्रमिक नागरिक अपने राज्य के श्रम विभाग की ऑफिसियल वेबसाइट से घर बैठे मजदूर कार्ड के लिए आवेदन कर सकते है |
श्रमिक कार्ड के लिए कौन-कौन आवेदन कर सकते है:-
कुआ खोदने वाले
लेखाकर का काम करने वाले
छप्पर छानेवाले
कारपेंटर का कार्य करने वाले
राजमिस्त्री
सड़क निर्माण करने वाले
लोहार
बिल्डिंग का कार्य करने वाले
निर्माण स्थल पर चौकीदारी करने वाले
हतोड़ा चलाने वाले
मोची
पत्थर तोड़ने वाले
बांध प्रबंधक ,भवन निर्माण के अधीन कार्य करने वाले
इट भट्टों पर इट का निर्माण करने वाले
प्लम्बर
इलेक्ट्रिक वाले
पुताई करने वाले
चट्टान तोड़ने वाले
सीमेंट ,पत्तर ढोने का काम करने वाले
चुना बनाने का काम करने वाले
खिड़की ग्रिल एवं दरवाज़ों की गढ़ाई और स्थापना करने वाले |
NREGA ग्रामीण परिवारों को कम से कम 100 दिन का रोजगार प्रदान करता है, जो स्वेच्छा से हर साल अकुशल कार्य करने के लिए सहमत होते हैं |
18 वर्ष से अधिक आयु का कोई भी भारतीय नागरिक और ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाला NREGA योजना के लिए आवेदन कर सकता है |
नरेगा जॉब कार्ड आपको पारदर्शी तरीके से काम के लिए आवेदन करने का अधिकार देता है और किसी भी धोखाधड़ी से बचाता है |
नरेगा जॉब कार्ड के लिए आवेदन करने के लिए, आपको आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन पत्र गोयन कार्यालय में जमा करना होगा |
भुगतान सीधे आवेदकों के बैंक / डाकघर खाते में मजदूरी स्थानांतरित करके किया जाता है |
MGNREGA or NREGA क्या है:-
नरेगा (NREGA) या राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम वर्ष 2005 में लागू किया गया था, ताकि ग्रामीण परिवारों को कम से कम 100 दिन का रोजगार उपलब्ध कराया जा सके, जो स्वेच्छा से हर साल अकुशल कार्य करने के लिए सहमत हों |
वह अधिनियम जिसे बाद में मनरेगा (MGNREGA) या महात्मा गांधी ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम में बदल दिया गया था, जो विभिन्न दीर्घकालिक अचल संपत्तियों जैसे कुओं, तालाबों, सड़कों और नहरों के विकास के लिए देश के अनुपयोगी या कम-उपयोग वाले ग्रामीण कार्यबल को श्रम प्रदान करने का वादा करता है | ग्रामीण भारत में और रोजगार, आजीविका और जीविका प्रदान करते हैं |
NREGA के लिए पात्रता मानदंड:-
नरेगा, जिसे “काम के अधिकार (Right to work)” को स्वीकार करने वाले सामाजिक कानूनों में से एक के रूप में पेश किया गया था, मजदूरी रोजगार के लिए एक कानूनी गारंटी प्रदान करता है | इस योजना का लाभ पाने के लिए, आवेदकों को निम्नलिखित पात्रता मानदंडों को पूरा करना होगा:
18 वर्ष से अधिक आयु का कोई भी भारतीय नागरिक, जो ग्रामीण भारत में रहता है, नरेगा योजना के लिए आवेदन कर सकता है |
आवेदक को अकुशल कार्य करने के लिए स्वेच्छा से होना चाहिए |
NREGA Job Card क्या है:-
नरेगा जॉब कार्ड एक प्रमुख दस्तावेज है जो नरेगा योजना के तहत श्रमिक अधिकारों को रिकॉर्ड करता है | इसमें आवेदक के बारे में विभिन्न विवरण जैसे नाम, नरेगा पंजीकरण संख्या और घर में आवेदकों की अन्य जानकारी आदि शामिल हैं |
इसके अलावा, यह ग्रामीण परिवारों को पारदर्शी तरीके से नरेगा के तहत गारंटीकृत कार्य योजनाओं के लिए अधिकार देता है, उन्हें सभी प्रकार की धोखाधड़ी से बचाता है |
NREGA / MGNREGA Job Card के लिए पंजीकरण प्रक्रिया:-
MGNREGA जॉब कार्ड के लिए आवेदन करने के लिए, आवेदक को संबंधित राज्य की वेबसाइट से MGNREGA के तहत जॉब कार्ड के लिए Performa डाउनलोड करना होगा और विधिवत भरा हुआ आवेदन पत्र गोयन कार्यालय या उनके संबंधित क्षेत्र के किसी अन्य समकक्ष कार्यालय में जमा करना होगा |
वैकल्पिक रूप से, वे स्थानीय पंचायत से नरेगा जॉब कार्ड फॉर्म भी प्राप्त कर सकते हैं, या फिर निम्नलिखित विवरण प्रस्तुत करके एक सादे कागज पर आवेदन किया जा सकता है:-
आवेदक का फोटो
नाम, आयु और लिंग
गाँव का नाम
ग्राम पंचायत का नाम
ब्लॉक का नाम
आवेदक SC / ST/ IAY/ LR के लाभार्थी हैं या नहीं इसका विवरण
आवेदकों के हस्ताक्षर / अंगूठे का निशान |
NREGA के तहत Application Verification:-
एक बार आवेदक द्वारा आवेदन पत्र जमा करने के बाद, ग्राम पंचायत निम्नलिखित कारकों के आधार पर फॉर्म का सत्यापन करती है:-
जिन आवेदकों ने आवेदन किया है, वे वयस्क होने चाहिए |
सभी आवेदकों के पास एक स्थानीय अधिवास होना चाहिए |
अगर कोई महिला अकेली है और अकेली रहती है, तो वह नरेगा योजना के तहत भी आवेदन कर सकती है |
NREGA Job Card की सुविधाएं:-
नरेगा जॉब कार्ड एक प्राथमिक पहचान पत्र है जो प्रमाण के रूप में कार्य करता है कि व्यक्ति योजना के तहत पंजीकृत है और इसमें आवेदक के बारे में निम्नलिखित विवरण शामिल हैं:
एक ही घर में सभी मनरेगा आवेदकों की व्यक्तिगत जानकारी जिसमें नाम, आयु, लिंग, पिता का नाम, पता, बैंक खाता संख्या / पोस्ट ऑफिस बैंक खाता संख्या शामिल है
नरेगा कार्ड धारक का फोटो |
रोजगार की तारीखों सहित रोजगार रिकॉर्ड के बारे में विवरण
यदि आवेदक को आवेदन पत्र जमा करने के 15 दिनों के भीतर नियोजित नहीं किया जाता है, तो बेरोजगारी भत्ता उन्हें प्रदान किया जाता है, और एक जॉब कार्ड में भी उसी के बारे में विवरण होता है |
बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार का अधिकतम लाभ प्रदान करने के लिए, MGNREGA योजना के तहत पंजीकरण पूरे वर्ष प्रदान किया जाता है | पंजीकरण 5 साल के लिए वैध है और आवश्यकता होने पर इसका नवीनीकरण किया जा सकता है |
मनरेगा योजना के तहत, आवेदक अपने घर के 5 किलोमीटर के दायरे में काम पाने के हकदार हैं | यदि उन्हें 5 KM के बाहर काम दिया जाता है, तो वे यात्रा भत्ता या यात्रा के लिए अतिरिक्त वेतन का 10% मांग सकते हैं |
CSC का अर्थ है Common Service Center यह एक गवर्नमेंट अप्रूव्ड कंपनी हो चुकी है और इसमें सारे लोग VLE के तौर पर काम करते हैं | CSC से हर प्रकार के सरकारी प्रमाण पत्रों के लिए का आवेदन किया जा सकता है,
यहां से आप PAN Card, Voter Id Card, जन्म प्रमाण, मृत्यु प्रमाण, बिजली बिल भुगतान, आयुष्मान भारत कार्ड बनाना, इन्शुरन्स का काम , राशन कार्ड , इत्यादि जैसे ढेर सारे काम कर सकते हैं ।
जब आप बहुत सारे सरकारी काम कर रहे हैं तो आप पर हमेशा एक खतरा बना रहता है सरकारी अधिकारी के वेरिफिकेशन का | इस CSC Certificate के माध्यम से आप अपनी प्रमाणता सरकारी अधिकारी के सामने रख सकते हैं|
इस CSC Certificate को दिखा कर प्रमाण दे सकते हो कि आप जो भी काम कर रहे हो वह सरकार से मान्यता प्राप्त है |
CSC Certificate कब और किस VLE को मिलता है:-
CSC Certificate किसी कॉमन सर्विस सेंटर संचालक (CSC Operator) की पहचान करने का सबसे आसान और सरल साधन है | सीएससी सर्टिफिकेट हर एक Common service center operator(CSC VLE) को CSC id और password मिलने के बाद दी जाती है |
यानी ऐसे Common service center operator (CSC VLE) जिनका CSC registration हो चुका और उनके पास CSC ID मौजूद है और जिनका QC Verification हो चुका है केबल वो ही अपने CSC Certificate को डाउनलोड कर सकते हैं |
CSC Certificate होने के फायदे:-
CSC Certificate होने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि आप सभी के नजर में एक Authorised CSC operator और आपकी दुकान या सेंटर (Authorised CSC Center) होते हैं जो CSC के द्वारा दी जाने वाली हर सेवा को अपने दुकान के माध्यम से ग्राहकों तक पहुंचा सकता है |
किसी भी सरकारी अधिकारी या पुलिसकर्मी के द्वारा आपको किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं दी जाएगी |
अगर आप किसी बैंक से छोटे-मोटे लोन के लिए आवेदन करते हैं तो आप CSC Certificate का इस्तेमाल भी कर सकते हैं |
CSC Certificate को आप अपने कॉमन सर्विस सेंटर के बाहर और भीतर जरूर लगाकर रखें |
CSC Certificate Download कैसे करें:-
CSC Certificate download करने के लिए जरुरी है कि आपका CSC Certificate CSC SPV के द्वारा जारी किया गया हो |अगर आपका CSC Certificate CSC SPV के द्वारा जारी नहीं किया गया है तो आपको इंतजार करना होगा तब तक जब तक CSC SPV के द्वारा आपका सीएससी सर्टिफिकेट जारी नहीं कर दिया जाता है |
मान लेते हैं आपका CSC Certificate जारी है या आपको यह नहीं पता है कि आपका CSC Certificate जारी है या नहीं तो CSC Certificate कैसे डाउनलोड करें?
सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट https://register.csc.gov.in/ पर जाएं |
वेबसाइट पर जाते ही My account वाले सेक्शन के अंतर्गत आपको log in करना होगा |
log in करने के लिए अपनी CSC id और दिए गए Captcha code को सबमिट करना होगा |
अब आपके CSC Registered Email ID पर एक OTP भेजा गया होगा उस OTP को दर्ज कर Validate के बटन पर क्लिक करना होगा |
इस संपूर्ण प्रक्रिया में आपको Browser chrome का उपयोग करना है और आपको इस संपूर्ण प्रक्रिया के द्वारा अपने Biometric device को अपने system के साथ कनेक्ट करके भी रखनी है |
अब यहां पर आपके Biometric device की लाइट जल जाएगी उस पर आप अपना फिंगर रखें और Finger capture होने का इंतजार करें |
आपका बायोमेट्रिक जैसे ही सफलता पूर्वक कैप्चर हो जाता है आप अपने CSC Account Dashboard में लॉगिन हो जाते हैं |
अब यहां पर आपको एक ऑप्शन Certificate का देखने का मिलता है |
csc certificate download 2021 के ऑप्शन पर क्लिक करते ही आपको Next के बटन पर क्लिक करना होगा |
Next पर क्लिक करते ही आपका CSC Certificate download हो कर आ जाएगा जिसे आप save and Print कर अपने प्रयोग में ला सकते हैं |
GMC Khandwaभर्ती 2021 Staff Nurse:- गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज, खंडवा (GMC Khandwa) ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट http://www.gmckhandwa.org/index.html#home पर स्टाफ नर्स (Staff Nurse) के पदों पर भर्ती के लिए एक नोटिफिकेशन जारी की है|
इस भर्ती प्रक्रिया के तहत संगठन में 62 पदों को भरा जाएगा | इन पदों के लिए आवेदन प्रक्रिया 12 अप्रैल 2021 तक चलेगी | आवेदन करने के इच्छुक उम्मीदवार गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज, खंडवा भर्ती 2021 से संबंधित शैक्षणिक योग्यता, चयन प्रक्रिया, पात्रता मापदण्ड एवं विभागीय विज्ञापन GMC Khandwa Recruitment 2021 से जुड़ें समस्त जानकरी निचे प्राप्त कर सकते हैं |
Latest Sarkari Jobs और सरकारी नौकरी के लिए यहाँ क्लिक करें।
GMC Khandwaभर्ती की आवश्यक तिथियां:-
ऑनलाइन आवेदन जमा करने की प्रारंभिक तिथि: 24 मार्च2021
ऑनलाइन आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि: 12 अप्रैल2021
GMC Khandwaभर्ती 2021: Staff Nurseआवेदन शुल्क:-
General उम्मीदवारों के लिए आवदेन शुल्क – 1000/- रुपये
OBC / EWS उम्मीदवारों के लिए आवदेन शुल्क – 900/- रुपये
SC / ST उम्मीदवारों के लिए आवदेन शुल्क – 800/- रुपये
अधिक शुल्क विवरण के लिए कृपया नीचे दी गई आधिकारिक अधिसूचना पर जाएं |
GMC Khandwaभर्तीके पदों का विवरण:-
स्टाफ नर्स (Staff Nurse) – 62 पद
GMC Khandwaभर्ती का वेतनमान:-
स्टाफ नर्स (Staff Nurse) के लिए वेतनमान – 28700/- (Level-5)
GMC Khandwaभर्ती के लिएआवश्यकशैक्षिक योग्यता और अनुभव:-
उम्मीदवारों को भौतिकी, रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान के साथ अनिवार्य (10 + 2) होना चाहिए |
B.Sc Nursing Or General Nursing
GMC Khandwaभर्ती 2021के लिए आयु सीमा:-
अनारक्षित श्रेणियां – न्यूनतम 18 वर्ष और अधिकतम 40 वर्ष
आरक्षित वर्ग / अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए – न्यूनतम 18 वर्ष और अधिकतम 45 वर्ष (अधिकतम आयु सीमा में 5 वर्ष की छूट)।
GMC Khandwaभर्तीके लिएचयन प्रक्रिया:-
Test.
How to Apply:- GMC Khandwaभर्ती:
Mode of Apply: Through Online.
Job Location: Madhya Pradesh.
GMC Khandwaभर्ती के लिए Important Links:-
GMC KhandwaStaff NurseRecruitment Notification PDFClick Here
Latest Sarkari Jobs और सरकारी नौकरी के लिए यहाँ क्लिक करें।
अगर आपको ये Article अच्छा लगा हो तो आप इसे अपने friends और family के साथ भी जरूर Share करे | अगर आपको कोई Problem आ रही हो तो आप हमसे निचे दिए गए comment box में पूछ सकते है | EnterHindi Team आपकी जरूर Help करेगी |
भूखण्ड/गाटे की वाद ग्रस्त स्थिति कैसे जाने– उत्तर प्रदेश भूलेख पोर्टल उत्तरप्रदेश सरकार ने कम्पूटरीकृत मोड में ऑनलाइन भूमि अभिलेख (खसरा / खतौनी / नक्शा भू-अभिलेख / भूलेख) प्रदान करना शुरू कर दिया है | अब राज्य के नागरिक कंप्यूटर के माध्यम से अपने भूमि रिकॉर्ड की प्रतिलिपि प्राप्त कर सकते हैं | इसके लिए आवेदक http://upbhulekh.gov.in/public/public_ror/Public_ROR.jsp पर जा सकते हैं | यहाँ सभी प्रकार के मानचित्र उपलब्ध कराए गए हैं |
अक्सर देखा गया है की लोगों को अपने खेत की खतौनी और अन्य भू अभिलेख की प्रति / नक़ल प्राप्त करने के लिए बहुत परेशानियों का सामना करना पड़ता है | उन्हें कई बार सरकारी कार्यालयों और पटवारी के चक्कर भी लगाने पड़ते हैं | लेकिन अब नागरिक इन अभिलेखों की प्रतिलिपि अपने नजदीकी CSC Centers में जा कर प्राप्त कर सकते हैं |
इससे अनावश्यक सरकारी कार्यालयों और पटवारी के चक्कर लगाने की आवश्यकता खत्म हो जाएगी अब लोगों को भुलेख प्राप्त करने के लिए केवल नक्शा(मानचित्र) पर अपने जिले का चयन करना होगा और अपना खाता नंबर या खसरा नंबर दर्ज करना होगा | लोगों को अपनी जमाबंदी नकल (प्रतिलिपि)/ Jamabandi NAKAL(copy) खोजने के लिए, उत्तरप्रदेश की आधिकारिक वेबसाइट http://upbhulekh.gov.in/public/public_ror/Public_ROR.jsp पर जाना होगा | (UP भूखण्ड/गाटे की वाद ग्रस्त स्थिति कैसे जाने)
STEP 1: किसी भी भूखंड की वाद ग्रस्त होने की स्थिति में जानकारी के लिए आपको कहीं जाने की जरूरत नहीं है सभी जानकारी आपको भूलेख पोर्टल पर सम्बंधित जमीन की वादग्रस्त स्थिति का विवरण प्राप्त कर सकते हैं । जिसके लिए आपको UP BHULEKH पोर्टल http://upbhulekh.gov.in/ पर जाना होगा और मुख्य पृष्ठ में नीचे दिए हुए इमेज के अनुसार ब्लॉक पर क्लिक करना होगा
STEP 2: अब संबधित जिला का चयन करते हुए तहसील तथा ग्राम का चयन करना होगा
STEP 3:खसरा या गाटा संख्या के अनुसार सम्बंधित जम्में को खोजें
STEP 4: खसरा या गाटा संख्या दर्ज करते ही भूमि मालिक का नाम, भूखण्ड के यूनिक कोड के साथ आपकी स्क्रीन में होगा अब कार्नर में दिए हुए टैब गाटा प्रस्थिति पर स्थिति जानने के लिए क्लिक करें । यदि कोई वाद विवाद का प्रकरण है तो सारा विवरण और उसकी स्थिति की जानकारी दी गयी होगी ।
HRA पर tax exemption, HRA (House Rent Allowance) क्या है:-
HRA पर tax exemption- अगर आप भी वेतन पाने वाले Employee हैं तो आपको House Rent Allowance (HRA) जरूर मिलता होगा | अब जब Income Tax Return (ITR) भरने की आखिरी तारीख करीब आ रही है, तब आपको यह जानना जरुरी है कि आप HRA पर टैक्स छूट (tax exemption) का दावा किस तरह कर सकते हैं |
इनकम टैक्स कानून के हिसाब से HRA पर छूट Section 10 (13A) के तहत मिलती है | कुल Taxable Income की गणना HRA को कुल आय से घटाकर की जाती है | अगर Employee अपने घर में रहता है या मकान का किराया नहीं देता, तो उसके वेतन में HRA के रूप में मिली रकम टैक्स के दायरे में आती है |
HRA वास्तव में Employee को दिया जाने वाला एक भत्ता है | नियोक्ता अपने Employee को उनके घर का किराया चुकाने के लिए यह भत्ता देता है | Employee के हाथ में आने पर यह भत्ता taxable (करयोग्य) होता है |
आयकर कानून के सेक्शन 10(13A) के अंतर्गत कुछ सीमाओं के अधीन HRA पर टैक्स छूट ली जा सकती है | HRA के रूप में हुई आमदनी पर टैक्स की बचत केवल वही नौकरीपेशा व्यक्ति कर सकता है जिसके वेतन में HRA शामिल हो और वह किराए के मकान में रहता हो | अपना रोजगार करने वाले व्यक्ति को एचआरए पर टैक्स छूट का लाभ नहीं मिलता |
HRA लाभ कितना मिल सकता है:- HRA पर tax exemption
HRA के रूप में होने वाली कुल आमदनी
महानगर में रहने वाले व्यक्ति को मूल वेतन के 50 फीसदी तक, छोटे शहरों में रहने वाले लोगों को बेसिक सैलरी का 40 फीसदी तक
कुल सालाना आमदनी का 10 फीसदी मकान किराए के रूप में चुकाने पर |
HRA पर टैक्स लाभ के लिए दस्तावेज:-
HRA पर टैक्स छूट उसी स्थिति में मिल सकती है जब आपके पास किराये की रसीद हो |
अगर आपके पास मकान मालिक के साथ हुआ रेंट एग्रीमेंट है तब भी आप इसका लाभ उठा सकते हैं |
यदि किराए के रूप में आपने हर महीने 15,000 रुपये या साल में एक लाख रुपये से ज्यादा किराया चुकाया है तो छूट पाने के लिए मकान मालिक का पैन नंबर देना जरूरी है |
HRA की गणना कैसे करें:-
अपने सालाना/मासिक HRA के लिए उपलब्ध टैक्स छूट की गणना करने के लिए ये तरीके हैं:
वेतन में मिला HRA
बेसिक सैलरी का 40 फीसदी (यदि किराये पर ली गई प्रॉपर्टी मुंबई, दिल्ली, चेन्नई या कोलकाता में है तो सैलरी का 50 फीसदी)
वास्तव में चुकाए गए किराये में से वेतन का 10 फीसदी घटाने के बाद बची राशि इनमें जो भी सबसे कम हो, उस रकम पर HRA पर टैक्स छूट का लाभ लिया जा सकता है |
मान लें कि किसी Employee का मूल वेतन और महंगाई भत्ता (DA) 40,000 रुपये है | उसकी कंपनी से उसे HRA के रूप में 20,000 रुपये मिलते हैं | वह Employee दिल्ली में अपने मकान का किराया 15,000 रुपये चुकाता है |
-साल का कुल वेतन-4,80,000 रुपये -HRA के रूप में मिली रकम-2,40,000 रुपये -वास्तविक किराया-1,80,000 रुपये सबसे कम रकम= वास्तव में चुकाया गया किराया – सैलरी का 10% =1,80,000-48,000 =1,32,000 रुपये
इस हिसाब से इस Employee को नियोक्ता से मिले HRA की रकम में से 1,32,000 रुपये पर टैक्स छूट मिलेगी, जबकि इस मद में ही मिली बाकी 1,08,000 रुपये की रकम पर इनकम टैक्स चुकाना पड़ेगा |
How to Calculate TDS- मूल रूप से वेतन पर TDS का अर्थ है कि नियोक्ता द्वारा कर्मचारी के खाते में वेतन जमा करने के समय कर में कटौती की गई है | कर्मचारी के खाते से कटौती की गई राशि नियोक्ता द्वारा सरकार के पास जमा की जाती है |
नियोक्ता द्वारा कर्मचारी के वेतन से स्रोत पर कर घटाने से पहले, उसे TAN पंजीकरण प्राप्त करना चाहिए | कर कटौती और संग्रह खाता संख्या या TAN नंबर अनिवार्य रूप से एक 10-अंकीय alphanumeric संख्या है जिसका उपयोग TDS कटौती के साथ-साथ आयकर विभाग द्वारा प्रेषण के लिए किया जाता है |
TDS on Salary Calculate कैसे करें:- (How to Calculate TDS)
Tax Deducted at Source या TDS वह राशि है जो किसी व्यक्ति की आय में कटौती करके एक अधिकृत कटौतीकर्ता द्वारा और IT विभाग में जमा की जाती है | TDS की गणना कुछ सरल चरणों का पालन करके की जा सकती है | जब मूल वेतन संबंधित कर ब्रैकेट के अनुसार पूरी तरह से कर योग्य है, कुछ छूट भत्ते और भत्तों के रूप में किए गए भुगतान के लिए उपलब्ध हैं |
मूल आय, भत्ते और अनुलाभ के योग के रूप में सकल मासिक आय की गणना करें |
आयकर अधिनियम (ITA) की धारा 10 के तहत उपलब्ध छूट की गणना करें | छूट चिकित्सा, एचआरए, यात्रा जैसे भत्तों पर लागू होती है |
चरण (1) में गणना की गई सकल मासिक आय के लिए चरण (2) के अनुसार छूट कम करें |
जैसा कि टीडीएस की वार्षिक आय पर गणना की जाती है, ऊपर की गणना से संबंधित आंकड़ा 12 से गुणा करें | यह वेतन से आपकी वार्षिक कर योग्य आय है |
यदि आपके पास कोई अन्य आय स्रोत है जैसे घर के किराए से आय या आवास ऋण के ब्याज का भुगतान करने से नुकसान हुआ है, चरण (4) में इस राशि को जोड़ दें / घटाएँ |
अगला, आईटीए के अध्याय VI-A के तहत आने वाले वर्ष के लिए अपने निवेशों की गणना करें और चरण (5) में गणना की गई सकल आय से इस राशि को घटाएं |
इसका एक उदाहरण धारा 80 सी के तहत 1.5 लाख रुपये तक की छूट होगी, जिसमें निवेश शामिल हैं जैसे PPF ,जीवन बीमा प्रीमियम, mutual funds , गृह ऋण चुकौती, ELSS, NSC, सुकन्या समृद्धि खाता आदि |
अब, वेतन पर अधिकतम स्वीकार्य आयकर छूट को कम करें | वर्तमान में, 25 लाख रुपये तक की आय करों का भुगतान करने से पूरी तरह से छूट दी गई है | 2.5 लाख रुपये से 5 लाख रुपये तक की आय पर 10% कर लगता है, और 5 लाख रुपये से 10 लाख रुपये तक आय वर्ग पर 20% कर लगाया जाता है | इस राशि से ऊपर की सभी आय पर 30% कर लगता है |
Example:
Steps (1) & (2)
मान लीजिए कि आपकी मासिक सकल आय 80,000 रुपये है | इस आंकड़े में विभाजन हो सकता है – मूल वेतन 50,000 रुपये, HRA 20,000 रुपये, यात्रा भत्ता 800 रुपये, चिकित्सा भत्ता 1250 रुपये, बाल शिक्षा भत्ता (CEA) 200 रुपये, और अन्य भत्ते कुल 12750 रुपये |
Steps (3) & (4)
यह मानते हुए कि आप अपनी संपत्ति पर रहते हैं, भत्ते से आपकी मासिक छूट (चिकित्सा + यात्रा + CEA) 2250 रुपये के बराबर है | इसलिए, आपकी वार्षिक कर योग्य राशि (80,000 रुपये- 2,250 रुपये) * 12 है, जो 9,33,000 रुपये तक आती है |
Step (5)
मान लीजिए कि आपने साल भर में हाउस लोन के ब्याज अदायगी पर डेढ़ लाख रुपये का नुकसान उठाया | इस छूट की राशि को कर योग्य आय से कम करने पर, आपकी कर योग्य आय 7,83,000 रुपये हो जाती है |
Step (6)
मान लीजिए कि आपने विभिन्न श्रेणियों में 1.2 लाख रुपये का निवेश किया है जो धारा 80 C छूट के अंतर्गत आती हैं और धारा 80 D के तहत आने वाली श्रेणियों में अन्य 30,000 रुपये का निवेश किया | इसलिए, परिणामी 1.5 लाख रुपये अध्याय VI-A के अनुसार करों से मुक्त है | उपरोक्त गणना की गई कर योग्य आय से इस राशि को घटाकर, आपकी कर योग्य आय 6,33,000 रुपये हो जाती है |
Step (7)
आईटी विभाग द्वारा सूचीबद्ध आय स्लैब के अनुसार आपका अंतिम टैक्स ब्रेकअप इस प्रकार है:
Income Tax Slabs
TDS Deductions
Tax Payable
Up to Rs.2.5 lakhs
Nil
Nil
Rs.2.5 lakhs to Rs.5 lakhs
10% of(Rs.5,00,00-Rs.2,50,00
Rs.25,000
Rs.5 lakhs to Rs.6.33 lakhs
20% of(Rs.6,33,00-Rs.5,00,00)
Rs.26,600
इसलिए, आपकी वार्षिक आय पर घटाया जाने वाला अंतिम TDS Rs.25,000 + Rs.26,600 है, जो कि वर्तमान वर्ष की आय के लिए Rs. 51,600 तक आता है |
Income Tax Slab
New Tax Rate
Up to Rs.2.5 lakh
Nil
From Rs.2,50,001 to Rs.5 lakh
5% of the total income that is more than Rs.2.5 lakh + 4% cess
From Rs.5,00,001 to Rs.7.5 lakh
10% of the total income that is more than Rs.5 lakh + 4% cess
From Rs.7,50,001 to Rs.10 lakh
15% of the total income that is more than Rs.7.5 lakh + 4% cess
From Rs.10,00,001 to Rs.12.50 lakh
20% of the total income that is more than Rs.10 lakh + 4% cess
From Rs.12,50,001 to Rs.15 lakh
25% of the total income that is more than Rs.12.5 lakh + 4% cess
Income above Rs.15,00,001
30% of the total income that is more than Rs.15 lakh + 4% cess
होलिका दहन 2021- होली का त्योहार 29 मार्च 2021 को मनाया जाएगा | होली से एक दिन पहले यानी 28 मार्च को होलिका दहन मनाया जाएगा | होलिका दहन में होलिका पूजा की जाती है |
कहा जाता है कि प्राचीन काल में अत्याचारी राक्षसराज हिरण्यकश्यप की बहन होलिका को अग्नि से बचने का वरदान था | उसको वरदान में एक ऐसी चादर मिली हुई थी जो आग में नहीं जलती थी |
हिरण्यकश्यप ने अपनी बहन होलिका की सहायता से अपने पुत्र प्रहलाद जो भगवान विष्णु का परम भक्त था उसे आग में जलाकर मारने की योजना बनाई |
होलिका बालक प्रहलाद को गोद में उठा जलाकर मारने के उद्देश्य से वरदान वाली चादर ओढ़ धूं-धू करती आग में जा बैठी | प्रभु-कृपा से वह चादर वायु के वेग से उड़कर बालक प्रह्लाद पर जा पड़ी और चादर न होने पर होलिका जल कर वहीं भस्म हो गई |
इस प्रकार प्रह्लाद को मारने के प्रयास में होलिका की मृत्यु हो गई | तब से होलिका दहन को बुराई पर अच्छाई की जीत के पर्व के रूप में मनाया जाता है |
होलिका दहन के शुभ मुहूर्त-
फाल्गुन शुक्ल पक्ष पूर्णिमा तिथि 28 मार्च 2021 दिन रविवार की रात में होलिका दहन किया जाएगा | भद्रा दिन में 1 बजकर 33 बजे समाप्त हो जाएगी | साथ ही पूर्णिमा तिथि रात में 12:40 तक ही व्याप्त रहेगी |
शास्त्रानुसार भद्रा रहित पूर्णिमा तिथि में ही होलिका दहन किया जाता है इस कारण रात में 12:30 बजे से पूर्व होलिका दहन हो जाना चाहिए | क्योंकि रात में 12:30 बजे के बाद प्रतिपदा तिथि लग जाएगी |
अभिजीत मुहूर्त – दोपहर 12 बजकर 07 मिनट से दोपहर 12 बजकर 56 मिनट तक |
अमृत काल – सुबह 11 बजकर 04 मिनट से दोपहर 12 बजकर 31 मिनट तक |
ब्रह्म मुहूर्त – सुबह 04 बजकर 50 मिनट से सुबह 05 बजकर 38 मिनट तक |
सर्वार्थसिद्धि योग -सुबह 06 बजकर 26 मिनट से शाम 05 बजकर 36 मिनट तक | इसके बाद शाम 05 बजकर 36 मिनट से 29 मार्च की सुबह 06 बजकर 25 मिनट तक |
अमृतसिद्धि योग – सुबह 05 बजकर 36 मिनट से 29 मार्च की सुबह 06 बजकर 25 मिनट तक |
होलिका पूजा विधि:-
होलिका दहन में होलिका पूजा की जाती है | पूजा में सर्वप्रथम गणेश का स्मरण कर स्थान शुद्धि करें | होलिका के पास पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके बैठना चाहिए | होलिका मंत्र-
कहते हुए तीन परिक्रमा करें | इसी मंत्र के साथ अर्घ्य भी दे सकते है | तांबे के एक लोटे में जल, माला, रोली, चावल, गंध, फूल, कच्चा सूत, बताशे-गुड़, साबुत हल्दी, गुलाल, नारियल आदि का प्रयोग करना चाहिए | साथ में नई फसल के पके चने की बालियां व गेहूं की बालियां आदि भी सामग्री के रूप में रख लें | इसके बाद होलिका के पास गोबर से बने खिलौने रखें |
होलिका दहन मुहूर्त समय में जल, मौली, फूल, गुलाल तथा ढाल व खिलौनों की कम से कम चार मालाएं अलग से घर से लाकर सुरक्षित रख लेना चाहिए | इनमें से एक माला पितरों की, दूसरी हनुमानजी की, तीसरी शीतलामाता की तथा चौथी अपने परिवार के नाम की होती है।
कच्चे सूत को होलिका के चारों ओर तीन या सात परिक्रमा करते हुए लपेटना चाहिए। फिर लोटे का शुद्ध जल व अन्य पूजन की सभी वस्तुओं को प्रसन्न चित्त से एक-एक करके होलिका को समर्पित करें |
रोली, अक्षत व फूल आदि को भी पूजन में लगातार प्रयोग करें | गंध-पुष्प का प्रयोग करते हुए पंचोपचार विधि से होलिका का पूजन किया जाता है | पूजन के बाद जल से अर्घ्य दें।
होलिका दहन होने के बाद होलिका में कच्चे आम, नारियल, भुट्टे या सप्तधान्य, चीनी के बने खिलौने, नई फसल का कुछ भाग -गेहूं, चना, जौ भी अर्पित करें | होली की पवित्र भस्म को घर में रखना चाहिए और होली खेलने वाले दिन लगाना चाहिए। रात में गुड़ के बने पकवान प्रसाद स्वरूप लें |
उत्तरप्रदेश गंभीर बीमारी सहायता योजना- उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने गंभीर बीमारी सहायता योजना नामक एक नई योजना शुरू की है | यह योजना उन लोगों के लिए है जो लोग गंभीर बीमारी से ग्रस्त है और गरीबी की वजह से सही प्रकार से अपनी गंभीर बीमारी का इलाज नहीं करा पाते है |
गंभीर बीमारी सहायता योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को गंभीर बीमारी होने पर इलाज के लिए राज्य सरकार द्वारा वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी |
यह योजना पहले मुख्यमंत्री राहत कोष के नाम से संचालित होती थी लेकिन अब इस योजना को स्वास्थ्य सुरक्षा कोष आरोग्य निधि (CM Health Protection Fund Health Fund) के नाम से संचालित किया जा रहा है |
इस योजना का लाभ राज्य में गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले लोगों और उनके परिवार के सदस्यों को मिलेगा | इस योजना के तहत राज्य के सभी गरीब लोग या मजदूर जो उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य कर्मकार कल्याण बोर्ड में पंजीकृत है, वही इस योजना का लाभ उठा सकते है |
उत्तरप्रदेश गंभीर बीमारी सहायता योजना के अंतर्गत शामिल बीमारियां:-
हृदय आपरेशन
गुर्दा ट्रान्सप्लान्ट
लीवर ट्रान्सप्लान्ट
मस्तिष्क आपरेशन
रीढ़ की हड्डी ऑपरेशन
पैर के घुटने बदलना
कैंसर इलाज
Aids |
गंभीर बीमारी सहायता योजना के लिए पात्रता:-
आवेदक को उत्तर प्रदेश का मूल निवासी होना अनिवार्य है |
योजना का लाभ उठाने के लिए आवेदक व्यक्ति आर्थिक रूप से गरीब हो |
आवेदक सरकारी नौकरी पर कार्यरत न हो |
आवेदक भवन एवं अन्य कर्मकार कल्याण बोर्ड में पंजीकृत होना चाहिए |
आवेदनकर्ता या उसके परिवार का कोई व्यक्ति टैक्स न भरता हो |
श्रमिक बोर्ड का पंजीकृत लाभार्थी श्रमिक हो |
किसी गम्भीर बीमारी के इलाज के फलस्वरूप उपचार करने वाले चिकित्सक/अस्पताल द्वारा प्रारूप-2 पर दिया गया प्रमाण पत्र |
दवाईयों के क्रय पर हुए व्यय के मूल बिल/बाउचर जो कि उस चिकित्सक/अस्पताल द्वारा प्रामाणित किए गए हो, जिनके द्वारा उपचार किया गया हो |
गंभीर बीमारी सहायता योजना के लाभ:-
इस योजना के अंतर्गत राज्य सरकार आर्थिक रूप से कमजोर लोगों का इलाज मुफ्त में करेगी | लाभार्थी स्वयं या परिवार के किसी सदस्य का इलाज किसी सरकारी अस्पताल या मान्यता प्राप्त प्राइवेट अस्पताल में करवा सकता है | इलाज में होने वाले खर्चे का शत प्रतिशत भुगतान बोर्ड द्वारा किया जायेगा | लाभार्थी राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना भारत सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त अस्पतालों में इलाज करवाते है तो इलाज की प्रतिपूर्ति सीधे अस्पताल को दी जाएगी |
गंभीर बीमारी सहायता योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज:-
निर्धारित प्रारूप-1 पर आवेदन पत्र |
पहचान प्रमाण पत्र की फोटो प्रति |
निर्धारित प्रारूप-2 पर समक्ष मुख्य चिकित्साधीक्षक/चिकित्सा बोर्ड द्वारा अनुमन्य एवं प्रतिहस्ताक्षरित प्रमाण-पत्र |
दवाईयों के क्रय पर हुए व्यय के मूल बिल/बाउचर, जो कि उस चिकित्सक/अस्पताल द्वारा प्रमाणित तथा भुगतान हेतु सत्यापित किए गए हो, जिनके द्वारा उपचार किया गया हो |
यदि रोगी अविवाहित पुत्री अथवा 21 वर्ष से कम आयु का पुत्र है तो ऐसी स्थिति में उसका पंजीकृत निर्माण श्रमिक पर आश्रित होने का प्रमाण-पत्र |
गंभीर बीमारी सहायता योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया:-
प्रधान मंत्री मुद्रा ऋण योजना 2021 (PMMY), MUDRA (SIDBI की सहायक कंपनी) के माध्यम से भारत के केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई एक विशेष योजना है | MUDRA सूक्ष्म और लघु संस्थाओं की गैर-कॉर्पोरेट गैर-कृषि क्षेत्र आय सृजन गतिविधियों के लिए ऋण का विस्तार करने के लिए संस्था का समर्थन करता है |
यह उन उद्यमों के अधीन है जिनकी ऋण आवश्यकता 10 लाख रुपये से कम है | प्रधानमंत्री मुद्रा योजना की आधिकारिक वेबसाइट http://udyamitra.in/ और https://mudra.org.in/ दोनों हैं |
प्रधानमंत्री मुद्रा ऋण योजना 2021 सूक्ष्म उद्यमों क्षेत्र के लिए विकास का एक पारिस्थितिकी तंत्र बनाने में मदद करेगी | हितग्राही सूक्ष्म इकाई / उद्यमी के विकास / विकास और वित्त पोषण की जरूरतों के चरण को दर्शाने के लिए हस्तक्षेपों को “शिशु“, “किशोर” और “तरुण” नाम दिया गया है | मूल रूप से, MUDRA Yojana भारत में छोटे व्यवसाय के लिए एक पहल है |
इस योजना के अंतर्गत आवेदन करने वाले आवेदकों की उम्र 18 साल या उससे अधिक होनी चाहिए | हमारे देश में इस योजना की शुरुआत से पहले अपना खुद का व्यवसाय शुरू करने के लिए उद्यमियों को लोन पाने के लिए बैंको के चक्कर लगाने पड़ते थे तथा बहुत सी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था तथा बिना गारंटी के लोन नहीं मिल पाता था लेकिन अब PMMY 2021 के अंतर्गत सभी उद्यमियों को आसानी से 10 लाख तक ऋण बैंक द्वारा मिल सकेगा |
मुद्रा ऋण वाणिज्यिक बैंक ,आर आर बी एस,लघु वित् बैंक ,सहकारी बैंक, एम एफ आई द्वारा प्रदान किये जाते है | Mudra Loan Scheme के तहत कोई निश्चित ब्याज दर नहीं है विभिन्न बैंक मुद्रा ऋण के लिए अलग अलग ब्याज दर ली जाती है |मुख्यता ब्याज दर 12 % है |
प्रधान मंत्री मुद्रा ऋण योजना 2021 के लिए आवेदन प्रक्रिया:-
चरण 1: सबसे पहले पीएमएमवाई की आधिकारिक वेबसाइट https://www.udyamimitra.in/ पर जाएं |
चरण 2: आवेदक होम पेज को नीचे स्क्रॉल कर सकते हैं और “Mudra loans” टैब पर क्लिक कर सकते हैं या सीधे यहां https://site.udyamimitra.in/Login/Register#NoBack लिंक पर क्लिक कर सकते हैं |
चरण 3: यहाँ आवेदक अपना नाम और मोबाइल नंबर दर्ज कर “GENERATE OTP” बटन पर क्लिक करें | इसके पश्चात आपके सामने पंजीकरण फॉर्म दिखाई देगा |
सभी आवश्यक जानकारी दर्ज करें और Save बटन पर क्लिक करें आवश्यक जानकारी का सत्यापन करने के पश्चात Submit बटन पर क्लिक करें |
PM Mudra Loan Yojana के प्रकार:-
शिशु – यह योजना उन उद्यमियों के लिए 50,000 रुपये तक के ऋण को कवर करती है जो या तो अपने पहले स्तर पर हैं या अपने व्यवसाय को शुरू करने के लिए उन्हें कम धन की आवश्यकता है |
किशोर – इसमें 5 लाख रुपये तक के ऋण शामिल हैं यह उन उद्यमियों के लिए है जिन्होंने अपना व्यवसाय शुरू कर दिया है और अब उन्हें अपने व्यवसाय को जुटाने के लिए अतिरिक्त धन की आवश्यकता है |
तरुण – पात्रता आवश्यकताओं को पूरा करने के बाद उद्यमियों के लिए 10 लाख रुपये तक के ऋण शामिल हैं |
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के लाभ:-
इस योजना का लाभ देश के उद्यमियों को प्रदान किया जायेगा ।
देश के उद्यमियों को स्वयं का उद्योग आरम्भ करने के लिए रियायती दरों पर बैंक से ऋण उपलब्ध कराने में सहायता प्रदान कर रही है ।
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार बैंक द्वारा 10 लाख तक का लोन उपलब्ध करा रही है
इस योजना के तहत लोन लेने के लिए आपको कोई गारेंटी नहीं देनी होगी ।
इस योजना के ज़रिये सरकार द्वारा लोन प्राप्त करके देश के लोग अपना खुद का कारोबार शुरू कर सकते है ।
Raj Kisan Sathi Portal Registration 2021 की प्रक्रिया राजस्थान सरकार द्वारा http://rajkisan.rajasthan.gov.in/ पर ऑनलाइन शुरू की गई है | इस पोर्टल पर, किसानों के लिए लगभग 150+ मोबाइल ऐप एक ही स्थान पर उपलब्ध रहेंगे | जैसा कि हम सभी जानते हैं कि किसान भारतीय राष्ट्र की रीढ़ हैं|
किसान हमें खाद्य सामग्री जैसे दाल, चावल, गेहूं आदि की आपूर्ति करते हैं जो खेतों में उनकी मेहनत से आती है | अब राज्य सरकार किसानों के पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू करने जा रहा है, जिससे वे ऑनलाइन योजना का लाभ उठा सकेंगे |
अब, डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) मोड के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करने के बाद, अधिकांश किसान योजनाओं का लाभ प्राप्त किया जा सकता है | इस आवेदन प्रक्रिया में केंद्र सरकार की राज्य सरकार की योजनाएं भी शामिल हैं |
लेकिन कुछ किसानों को किसानों की योजनाओं के लिए ऑफलाइन पंजीकरण कराना पड़ता है, जिसके लिए उन्हें सरकार के कार्यालयों में अनावश्यक यात्राएं करनी पड़ती हैं | किसानों को एक विभाग से दुसरे विभाग घूमने की वजह से बहुत परेशानी होती है |
इसके अलावा, किसानों को सरकार द्वारा प्रदान की जाने वाली योजनाओं का लाभ उठाने के लिए के विभिन्न पोर्टल्स पर आमंत्रित आवेदन फार्म भरने में असुविधा का सामना करना पड़ता है | एक ही स्थान पर किसानों की योजनाओं की उपलब्धता सुनिश्चित हो सके इस उद्देश्य से राज किसान साथी पोर्टल लॉन्च किया गया है |
Rajasthan Raj Kisan Sathi Portal के लाभ:-
इस ऑनलाइन पोर्टल का लाभ राजस्थान की किसानो और पशुपालको को प्रदान किया जायेगा।
राज्य के किसान इस ऑनलाइन पोर्टल पर सरकारी योजनाओं और खेती से सम्बन्धित हर जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
राज किसान साथी’ पोर्टल पर कृषि के साथ ही सम्बन्धित विभागों की सभी जानकारियां भी एक ही जगह ऑनलाइन उपलब्ध होंगी। इनमें उद्यान विभाग, कृषि विपणन विभाग, पशुपालन विभाग, सहकारिता विभाग, मत्स्य पालन विभाग, राज्य बीज निगम और जैविक प्रमाणीकरण संस्था को शामिल किया गया है।
इस ऑनलाइन पोर्टल के शुरू होने से विभागों के कामकाज में भी इससे पारदर्शिता आएगी।
इसके शुरू होने के बाद, किसान एक स्थान पर विभिन्न योजनाओं के लिए आवेदन कर सकेंगे।
एक स्थान पर राजस्थान के किसानों लगभग 150 ऐप विकसित किए जाएंगे ।
राज किसान साथी पोर्टलके मुख्य विशेषताएं:-
Raj Kisan Sathi के माध्यम से किसान के खाते में अनुदान के भुगतान से लेकर भुगतान तक की प्रक्रिया अब ऑनलाइन पूरी की जाएगी।
आवेदकों को अपने पंजीकृत मोबाइल फोन पर चरण दर चरण प्रक्रिया के संदेश प्राप्त होंगे।
पोर्टल पर, कृषि मशीनरी, बागवानी, कृषि विपणन, सहकारी समितियों, पशुपालन, मत्स्य विभाग, बीज निगम और जैविक प्रमाणीकरण निकाय को शामिल किया गया है।
यह पोर्टल राजस्थान के सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग के सहयोग से विकसित किया गया है।
राजस्थान राज किसान साथी पोर्टलके दस्तावेज़ (पात्रता):-
आवेदक राजस्थान का स्थायी निवासी होना चाहिए |
इस योजना के अंतर्गत राजस्थान के केवल किसानो और पशुपालको को भी पात्र माना जायेगा |
Indian Army Religious Teacher Bharti Admit Card 2021 :भारतीय सेना में रिलीजियस टीचर की होने वाली भारती के लिए आवेदकों के प्रवेश पत्र जारी कर दिए गए हैं | आवेदक बताई गयी प्रक्रिया के अनुसार अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर लें तथा दिए हुए तिथि एवं समय में उक्त स्थान पर उपस्थित होवें |
एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की प्रक्रिया की जानकारी नीचे दी जा रही है जिसका अवलोकन कर आप एडमिट कार्ड डाउनलोड करें |
Indian Army Religious Teacher Bharti Admit Card 2021 Download
STEP 1: प्रवेश पत्र डाउनलोड करने के लिए सबसे पहले आपको इंडियन आर्मी की आधिकारिक वेबसाइट https://joinindianarmy.nic.in/ पर जाना होगा | मुख्य पृष्ठ में JCO/OR लिंक पर क्लिक करें |
STEP 2: अब रजिस्टर्ड ईमेल आईडी एवं पासवर्ड दर्ज कर लॉग इन करें यदि पासवर्ड भूल गए हैं तो फॉरगेट पासवर्ड लिंक से पासवर्ड रिसेट करें
STEP 3: सफलतापूर्वक लॉग इन करने के पश्चात ADMIT CARD लिंक पर क्लिक करें जैसा की इमेज में दिखाया गया है |
STEP 4: दिए हुए एडमिट कार्ड में प्रिंट लिंक पर क्लिक करते हुए प्रवेश पत्र को डाउनलोड करें | डाउनलोड करने के बाद प्रवेश पत्र को ओपन करने के लिए पासवर्ड की जरुरत पड़ेगी जिसमें आपको अपना रजिस्टर्ड ईमेल आईडी ही डालना है और उसके बाद आप प्रवेश पत्र का प्रिंट ले सकते हैं |