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IBPS PO भर्ती 2020: PO/MT के 1167 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें |

IBPS PO भर्ती 2020: PO/MT

Institute of Banking Personnel Selection (IBPS) ने PO/MT (Probationary Officer/Management Trainee) के 1167 पदों पर भर्ती के लिए एक नवीनतम अधिसूचना जारी की है | IBPS PO Jobs 2020 के PO/MT (Probationary Officer/Management Trainee) पदों के लिए आवेदन करने के इच्छुक उम्मीदवार 26/08/2020 तक आवेदन कर सकते हैं |

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IBPS PO भर्ती की आवश्यक तिथियां:-

ऑनलाइन आवेदन की प्रारंभिक तिथि – 05/08/2020

ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि – 26/08/2020

IBPS PO भर्ती के पदों का विवरण:-

  • आधिकारिक अधिसूचना देखें |

IBPS PO भर्ती का वेतनमान:-

  • आधिकारिक अधिसूचना देखें |

IBPS PO भर्ती आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • उम्मीदवारों के पास एक मान्यता प्राप्त बोर्ड / विश्वविद्यालय / संस्थान से स्नातक की डिग्री या समकक्ष होना चाहिए |

IBPS PO भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

  • न्यूनतम आयु सीमा – 20 वर्ष
  • अधिकतम आयु सीमा – 30 वर्ष

IBPS PO भर्ती 2020 के लिए आवेदन शुल्क:-

  • General/OBC उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 850/- रुपये
  • SC/ST/PWD/ Ex-Serviceman उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 175/- रुपये

IBPS PO भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • Pre Exam.
  • Mains Exam.
  • Interview.

How to Apply:- IBPS PO भर्ती 2020, PO/MT

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: All India.

IBPS PO भर्ती के लिए Important Links:-

IBPS PO Recruitment Notification PDF Click Here

Apply Online Click Here

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DGR Punjab भर्ती 2020: Manager, Technical Asst के 324 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें?

DGR Punjab भर्ती 2020: Manager, Technical Asst

Directorate of Governance Reforms (DGR) पंजाब ने सीनियर सिस्टम मैनेजर (SSM), सिस्टम मैनेजर (SM), असिस्टेंट मैनेजर (AM), टेक्निकल असिस्टेंट (TA) के 324 पदों पर DGR पंजाब जॉब्स वेकेंसी के लिए नवीनतम अधिसूचना जारी की है | DGR पंजाब भर्ती 2020 के 324 पदों पर Manager, Technical Asst जॉब्स रिक्ति के लिए आवेदन करने के इच्छुक उम्मीदवार 21 फरवरी 2020 (विस्तारित तिथि 14 अगस्त 2020 तक) तक आवेदन कर सकते हैं |

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DGR Punjab की आवश्यक तिथियां:-

ऑनलाइन आवेदन करने की प्रारंभिक तिथि : 01 फरवरी 2020

ऑनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि: 21 फरवरी 2020 (विस्तारित तिथि 14 अगस्त 2020 तक)

DGR Punjab भर्ती के पदों का विवरण:-

  • Senior System Manager (SSM)02 पद
  • System Manager (SM)19 पद
  • Assistant Manager (AM)57 पद
  • Technical Assistant (TA)246 पद

DGR Punjab भर्ती का वेतनमान:-

  • Senior System Manager (SSM)125000/- रुपये
  • System Manager (SM)85000/- रुपये
  • Assistant Manager (AM)55000/- रुपये
  • Technical Assistant (TA)35000/- रुपये

DGR Punjab भर्ती आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • उम्मीदवारों को मान्यता प्राप्त बोर्ड / विश्वविद्यालय / संस्थान से B.E या B.Tech , मास्टर डिग्री समकक्ष होना चाहिए |

DGR Punjab भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

  • न्यूनतम आयु सीमा – 18 वर्ष
  • अधिकतम आयु सीमा – 37 वर्ष

DGR Punjab भर्ती 2020 के लिए आवेदन शुल्क:-

  • General/OBC उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 1000/- रुपये
  • SC/ST उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 500/- रुपये

DGR Punjab भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • Written Test.
  • Interview.

How to Apply:- Manager, Technical Asst

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: Punjab.

DGR Punjab भर्ती के लिए Important Links:-

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Binod कौन है? Binod Funny Memes ने सोशल मीडिया पर मचाया तहलका।

Binod kon hai:- अगर आप भी सोशल मीडिया में एक्टिव हैं, तो सायद आपने भी Binod के बारे में सुना होगा, या फिर अपने उसके ऊपर बनाए गए memes जरूर देखे होंगे, सोशल मीडिया में खास कर के Twitter में #Binod के बारे में लोग खूब मजे ले रहे हैं, और बहौत से लोग Binod कौन है, क्या है, और क्यू इतना Viral हो रहा है, इसके बारे में बहौत सर्च कर रहे हैं।

जैसा की आप भी जानते हे होंगे की सोशल मीडिया में कोई भी चीज़ को फैलने में टाइम नहीं लगता है, और ऐसे में ये Binod भी कुछ इसी तरह से तेज़ से फ़ैल रहा है, और लोग इसके मजे ले रहे हैं, तो आइए आपको बताते हैं, Binod से जुडी हुई एक छोटी सी कहानी।

Binod कौन है?

इसकी शुरुआत एक एक यूट्यूब चैनल Slayypoint के एक वीडियो से हुई है. बिनोद नाम के एक व्यक्ति ने वीडियो में कमेंट में अपने नाम से ही कमेंट कर दिया. बिनोद के नाम के कमेंट को सात लाइक्स मिले थे. उस एक चीज से इंटरनेट पर मानों Binod नाम का इतना तेज़ी से viral सा हो गया.

इस शब्द के जरिए वीडियो को स्पैम करने लगे. यह किसी भी YouTuber द्वारा लाइव स्ट्रीम के दौरान भी देखा जाता है. तो बिनोद कौन है? एक व्यक्ति जिसने YouTube वीडियो पर अपना नाम कमेंट किया और जो अब लोगों का स्पैम करने का एक नई तकनीक बन चुका है.

binod इतना ज्यादा ट्रेंड में आज्ञा की, लोगो के इस नाम से फेक एकाउंट्स बनाना सुरु कर दिया। लोग इसके जैम कर मजे ले रहे हैं। इतनी कहानी अब तक आपको पता चल ही चुकी होगी, मौज तो बिनोद की बिनोदता में है, उसके फैलाव और विस्तार में है. Binod का इतना नाम इसलिए भी हुआ क्योंकि लोकल वोकल हो पड़ा, आत्मनिर्भर मेमेबाज़ों ने देसी मेमेंओं की बाढ़ ला दी.

Binod से जुड़े हुए बहौत सारे चुटकुले यानी memes सोशल मीडिया में बहौत ज्यादा शेयर किए जा रहे हैं, तो आइए आपको भी दिखाते है।

अब यह शब्द सोशल मीडिया पर एक स्पैमिंग ट्रेंड बन गया है. इतना ही “#binod” अब ट्विटर पर भी मजेदार मीम्स और चुटकुलों के साथ ट्रेंड कर रहा है. कुछ लोग अभी भी यह जानने की कोशिश कर रहे हैं कि बिनोद कौन है? जबकि अन्य सिर्फ ट्रेंड के साथ जुड़कर मीम्स का मजा उठा रहे है. Binod एक अज्ञात व्यक्ति है जिसने YouTube वीडियो पर अपना नाम कमेंट किया और जो अब लोगों का स्पैम करने का एक नया हथियार बन चुका है।

हरियाणा सक्षम युवा योजना के लिए आवेदन स्थिति की जांच कैसे करें?

हरियाणा सक्षम युवा योजना आवेदन स्थिति:-

हरियाणा सक्षम युवा योजना आवेदन स्थिति:- (Educated Youth Allowance and Honorarium Scheme (EYAHS)) हरियाणा सरकार द्वारा चलायी जा रही एक बहुत ही महत्वाकांक्षी योजना है | जिसके तहत पढे लिखे बेरोजगार युवाओं को काम दिया जा रहा है और काम के बदले में वित्तीय सहायता | सक्षम युवा योजना वर्ष 2016 में शुरू की गई थी और अब तक (5 अगस्त 2020 तक) 2.5 लाख से ज्यादा युवक इस योजना के तहत पंजीकरण कर चुके हैं जिनमें से 106471 युवाओं को काम दिया जा चुका है |

हरियाणा सक्षम योजना के तहत सभी 12वीं पास / ग्रेजुएट और पोस्ट-ग्रेजुएट युवाओं को स्किल ट्रेनिंग, काम और आर्थिक सहायता दी जा रही है | इस सक्षम युवा योजना का मुख्य उद्देश्य हरियाणा में सभी बेरोजगार सक्षम युवाओं को बेरोजगारी भत्ता और मानदेय दिया जाना है | हरियाणा सक्षम योजना को 1 नवम्बर 2016 को शुरू किया गया था |

इस योजना के तहत सभी पात्र और सक्षम युवाओं को हरियाणा सरकार के विभिन्न विभागों / बोर्डों / निगमों / पंजीकृत सोसायटी और निजी कंपनियों / उद्यमों में आदि में मानद assignment दिया जा रहा है | हरियाणा सक्षम योजना युवाओं को अपने कौशल को विकसित करने और उन्हें सक्षम बनाने के लिए शुरू की गई है | यह योजना युवाओं को उनके पसंद के क्षेत्र में रोजगार या स्वरोजगार लेने में सक्षम करेगी |

सक्षम युवा योजना के लिए पात्रता:-

  • आवेदक हरियाणा का स्थायी निवासी होना चाहिए |
  • आवेदक हरियाणा एम्प्लोयेमेंट एक्स्चेंज में रजिस्टर होना चाहिए | अगर नहीं है तो पहले https://panchkula.nic.in/service/employment-exchange-registration/ पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन नंबर प्राप्त करें |
  • ग्रेजुएट और पोस्ट-ग्रेजुएट आवेदक के पास स्नातकोत्तर / स्नातक डिग्री केवल पंजाबी विश्वविद्यालय, पटियाला और यूटी चंडीगढ़ या एनसीटी दिल्ली या हरियाणा में किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालयों से नियमित पाठ्यक्रम के माध्यम से प्राप्त की जानी चाहिए | वे आवेदक जिन्होंने पत्राचार पाठ्यक्रम के माध्यम से अपनी डिग्री प्राप्त की है और योजना के तहत लाभ ले रहे हैं, वे भी लाभ प्राप्त करना जारी रखेंगे |
  • आवेदक की किसी भी मान्यता प्राप्त स्कूल से नियमित रूप से 10 + 2 परीक्षा उत्तीर्ण होनी चाहिए, जो बोर्ड ऑफ स्कूल एजुकेशन हरियाणा, भिवानी, केंद्रीय विद्यालय शिक्षा बोर्ड (CBSE) और भारतीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (ICSE) बोर्ड से होनी चाहिए |
  • आवेदक की आयु स्नातक / स्नातकोत्तर के लिए 21 से 35 वर्ष और 10 + 2 के लिए 18 से 35 वर्ष के बीच होनी चाहिए |
  • पत्राचार / नेशनल ओपन स्कूल के माध्यम से 10 + 2 परीक्षा उत्तीर्ण आवेदक को पात्र नहीं माना जाएगा |
  • आवेदक किसी भी रेगुलर कोर्स का फुल टाइम छात्र नहीं होना चाहिए |
  • आवेदक सरकारी सेवा से बर्खास्त कर्मचारी नहीं होना चाहिए |
  • आवेदक किसी भी प्रकार के रोजगार में नहीं होना चाहिए, सार्वजनिक / निजी क्षेत्र / अर्ध-सरकारी या स्व-रोजगार |
  • आवेदक की सभी स्रोतों से वार्षिक पारिवारिक आय रुपए तीन लाख (रु 3 लाख) से अधिक नहीं होनी चाहिए |
  • मानदेय का भुगतान अधिकतम 03 वर्ष (36 महीने) या 35 वर्ष की आयु के लिए किया जाएगा, जो भी पहले हो | 3 साल (36 महीने) की अवधि मानदेय असाइनमेंट के आवंटन की तारीख से शुरू होगी और 35 साल की उम्र 35 साल पूरा होने की सही तारीख होगी |
  • योजना के इस घटक के लिए पंजीकरण केवल https://hreyahs.gov.in पर डिजिटल मोड में ऑनलाइन होगा |

हरियाणा सक्षम युवा योजना आवेदन स्थिति:-

  • सबसे पहले सक्षम हरियाणा योजना की वैबसाइट के स्टेटस चेक के लिंक पर जाएँ |
  • इस पेज पर जाने के बाद अपने “District”, “Qualification Choice”, “Qualification” और “Gender” चुनें करें और “Search” बटन पर क्लिक करें |
  • Search बटन क्लिक करने के बाद आपको कुछ इस तरह की लिस्ट दिखाई देगी जिसमें आप अपना स्टेटस टेबल के आखिरी कॉलम में चेक कर सकते हैं |
हरियाणा सक्षम युवा योजना आवेदन स्थिति:-
Saksham Yojana Application Status

सक्षम योजना के लाभ:-

बेरोजगारी भत्ता: पोस्ट-ग्रेजुएट को 3000 रुपए प्रतिमाह, ग्रेजुएट को 1500 रुपए प्रतिमाह और 10+2 आवेदकों को 900 रुपए प्रति माह।

मानदेय वेतन: सभी 10+2, ग्रेजुएट और पोस्ट-ग्रेजुएट आवेदकों को 100 घंटे के मानदेय काम के एवज में 6000 रुपए प्रति माह।

स्किल ट्रेनिंग: सभी पात्र आवेदकों / सक्षम युवाओं के लिए Skill Training |

सक्षम योजना के लिए दस्तावेज़ सूची:-

सक्षम योजना के आवेदन के लिए निम्नलिखित दस्तावेजों की जरूरत होगी।

  • आधार कार्ड
  • पैन कार्ड
  • हरियाणा स्थायी निवास प्रमाण पत्र (Domicile)
  • Degree or Marksheets
  • पारिवारिक आय प्रमाण पत्र
  • स्वयं घोषणा पत्र |

हरियाणा सक्षम युवा योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?

हरियाणा सक्षम युवा योजना:-

हरियाणा सक्षम युवा योजना (Educated Youth Allowance and Honorarium Scheme (EYAHS)) हरियाणा सरकार द्वारा चलायी जा रही एक बहुत ही महत्वाकांक्षी योजना है | जिसके तहत पढे लिखे बेरोजगार युवाओं को काम दिया जा रहा है और काम के बदले में वित्तीय सहायता | सक्षम युवा योजना वर्ष 2016 में शुरू की गई थी और अब तक (5 अगस्त 2020 तक) 2.5 लाख से ज्यादा युवक इस योजना के तहत पंजीकरण कर चुके हैं जिनमें से 106471 युवाओं को काम दिया जा चुका है |

हरियाणा सक्षम योजना के तहत सभी 12वीं पास / ग्रेजुएट और पोस्ट-ग्रेजुएट युवाओं को स्किल ट्रेनिंग, काम और आर्थिक सहायता दी जा रही है | इस सक्षम युवा योजना का मुख्य उद्देश्य हरियाणा में सभी बेरोजगार सक्षम युवाओं को बेरोजगारी भत्ता और मानदेय दिया जाना है | हरियाणा सक्षम योजना को 1 नवम्बर 2016 को शुरू किया गया था |

इस योजना के तहत सभी पात्र और सक्षम युवाओं को हरियाणा सरकार के विभिन्न विभागों / बोर्डों / निगमों / पंजीकृत सोसायटी और निजी कंपनियों / उद्यमों में आदि में मानद assignment दिया जा रहा है | हरियाणा सक्षम योजना युवाओं को अपने कौशल को विकसित करने और उन्हें सक्षम बनाने के लिए शुरू की गई है | यह योजना युवाओं को उनके पसंद के क्षेत्र में रोजगार या स्वरोजगार लेने में सक्षम करेगी |

हरियाणा सक्षम युवा योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया:-

  • सबसे पहले सक्षम योजना हरियाणा की आधिकारिक वैबसाइट / पोर्टल https://www.hreyahs.gov.in/ पर जाएँ जो कि आपको कुछ इस प्रकार दिखाई देगा |
हरियाणा सक्षम युवा योजना
Haryana Saksham Yuva Yojana Portal
  • Login/Sign-In के तहत “SAKSHAM Yuva” के लिंक पर क्लिक करें जैसा कि नीचे दिखाया गया है |
Saksham Yuva Link
  • इसके बाद आपको सक्षम युवा लॉगिन फॉर्म दिखाई देगा जिसके नीचे दिये गए “SignUp/Register” के लिंक पर क्लिक करें |
Saksham Yojana Registration Link
  • इस लिंक पर क्लिक करने के बाद आपके सामने कुछ इस तरह का पेज खुलेगा जहां पर आपको अपनी योग्यता का चयन करना है और “Go to Registration” के लिंक पर क्लिक करना है |
हरियाणा सक्षम युवा योजना
  • इस लिंक पर क्लिक करने के बाद आपके पास सक्षम योजना का रजिस्ट्रेशन अथवा पंजीकरण फॉर्म का पेज खुल जाएगा जिसमें आपको “सक्षम युवा योजना – 2016 के लिए पंजीकरण / You are registering for SAKSHAM YUVA Scheme – 2016” के बॉक्स का चयन करना है, फिर “क्या आप हरियाणा के निवासी हैं?” में “YES” का चयन करना है, फिर “अधिवास प्रकार / Domicile Type” में चयन करना है और फिर अपनी जन्म तारीख भरनी है | ये सब जानकारी भरने के बाद आपके पास सक्षम योजना का रजिस्ट्रेशन फॉर्म खुल जाएगा | इस फॉर्म में बाकी जानकारी भरके सबसे नीचे दिये गए “Register” बटन पर क्लिक करें |
Saksham Yojana Registration Form
  • Register” बटन पर क्लिक करने के बाद आपका रजिस्ट्रेशन कंप्लीट हो जाएगा और आपको एक Acknowledgement / Registration नंबर मिल जाएगा | इसके बाद लॉगिन करके आप योजना के तहत अपने लिए दिये गए कार्य क्षेत्रों का चयन कर सकते हैं और अपने पसंदीदा जिले का भी चयन कर सकते हैं जाने पर आपको काम करने अथवा आने जाने में आसानी हो |

ध्यान रहे कि सक्षम युवा योजना के लिए रजिस्ट्रेशन करने से पहले आपके पास हरियाणा इम्प्लॉइमेंट एक्स्चेंज का रजिस्ट्रेशन नंबर होना जरूरी है | अपना Haryana Employment Exchange रजिस्ट्रेशन नंबर प्राप्त करने के लिए https://panchkula.nic.in/service/employment-exchange-registration/ पर अपना पंजीकरण करें |

एमपी कॉलेज प्रवेश 2020-21 : कैसे करें रजिस्ट्रेशन देखें पूरी प्रोसेस

ePravesh MP College Online Registration 2020-21

12 पास छात्रों को आगे की पढाई के लिए कॉलेज की प्रवेश प्रक्रिया ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन आज दिनांक 5 अगस्त से स्टार्ट कर दिया गया है आवेदक जो कॉलेज में प्रवेश लेना चाहते हैं नीचे बताई गयी प्रक्रिया के अनुसार ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन (MP College Online Registration 220-21) कर सकते हैं आवेदन करते समय यदि आपको कोई सस्य आती है तो नीचे कमेंट के मध्य से भी जानकारी ले सकते हैं । यदि आप आवेदन करने जा रहे हैं तो नीचे दी गयी पोस्ट को आवेदन करने से पहले एक बार जरूर पढ़ें :-

आवेदकों हेतु यूजी पाठ्यक्रम में ऑनलाइन प्रवेश के लिए पंजीयन फार्म भरने संबंधी आवश्यक निर्देश (ePravesh MP College Online Registration 2020-21)

  • 1. आवेदकों को सर्वप्रथम प्रवेश प्रक्रिया में शामिल होने के लिये ऑनलाइन पंजीयन कराना अनिवार्य है।
  • 2. पंजीयन फार्म भरने से पूर्व आवेदक स्वयं की निम्‍न जानकारी जैसे: मार्कशीट पर अंकित रोल नंबर, परीक्षा उत्तीर्ण वर्ष, जन्मतिथि, मोबाइल नंबर, फोटो एवं हस्ताक्षर (स्कैन किये हुए) तथा सभी अन्य आवश्यक जानकारी एवं मेरिट में लाभ लेने हेतु संबंधित दस्तावेज एवं अधिभार प्रमाण पत्र एकत्र कर लें|

फॉर्म भरने के लिए आप इस लिंक का प्रयोग करें https://epravesh.mponline.gov.in इसके बाद टैब पर क्लिक करके रजिस्ट्रशन प्रोसेस को आगे बढ़ाएं|




इस पूरी प्रक्रिया को आठ भागों में बनता गया है जिसे आपको स्टेप बाय स्टेप पूरा करना है । आठ स्टेप्स कौन-कौन से होने आप नीचे इमेज में देख सकते हैं

यदि आप 12 वीं की परीक्षा एमपी बोर्ड से उत्तीर्ण हैं तो Yes करें और नहीं हैं तो No पर मार्क करें |और १२ वीं की मार्कशीट के आधार पर मांगी गयी जानकारी दर्ज करें |

ePravesh MP College Online Registration 2020-21

Step 1: Basic Details आपके द्वारा पहले स्टेप्स में Yes मार्क करने पर आपकी कुछ डिटेल्स स्वतः ही आ जाएगी और No मार्क करने पर आपको मांगी गयी जानकारी भरनी पड़ेगी । अब लास्ट में अपना मोबाइल नंबर डालकर OTP के माध्यम से वेरीफाई करें ।

ePravesh MP College Online Registration 2020-21

STEP 1A:सफलतापूर्वक मोबाइल नंबर वेरीफाई होने के पश्चात आपको पासवर्ड बनाने के लिए कहा जायेगा अतः दिए गए निर्देशानुसार अपना पासवर्ड बनायें एवं उसे कहीं सुरक्षित लिखकर रख लें क्योंकि आगे आपको प्रक्रिया पूरी करने के लिए उसकी जरुरत होगी ।

ePravesh MP College Online Registration 2020-21

STEP 2: Contact Details- आप अब अपना या छात्र का वर्तमान एवं स्थायी पता दिए हुए टेक्स्ट बॉक्स में इंटर करें और Save & Next बटन पर क्लिक करके आगे बढ़ें ।

ePravesh MP College Online Registration 2020-21

STEP 3: Reservation & Weightage– इस पार्ट में आपको अपनी जाती और आय सम्बंधित जानकारी भरनी होगी |

STEP 4: Qualifications– 12 परीक्षा के अनुसार अपनी जानकारी भरें यदि आप 12 वीं परीक्षा में पूरक हैं तब भी आप फॉर्म भर सकते हैं लेकिन आपको अंतिम चरण में सीट खली रहने पर ही कॉलेज अलॉट किया जायेगा |

STEP 5: Upload Photo & Sign– अब स्कैन किये गए छात्र की फोटो एवं हस्ताक्षर को नियमनुसार अपलोड करें ।

STEP 6: Misconduct Details– किसी भी प्रकार अपराध में आपके ऊपर यदि कोई पुलिस केस हुआ है तो उसकी जानकारी भरें अन्यथ NO विकल्प पर मार्क करें ।

STEP 7 : Print Preview– आपके द्वारा अभी तक भरी गयी जानकारी को ध्यानपूर्वक मिलान करके सही होने पर आगे की प्रक्रिया करें कुछ गलत होने की स्थिति में उसे सुधार करें क्यंकि पेमेंट होने के पश्चात आप सुधार नहीं कर पायेंगें |

STEP 8: Proceed & Lock Registration लिंक में क्लिक करें और भुगतान करें तथा प्राथमिकता के आधार पर कॉलेज एवं कोर्स कोड के आधार पर कॉलेज का चयन करें । कॉलेज कोड एवं कोस कोड की जानकारी आप यहाँ से प्राप्त कर सकते हैं :-MP College Admission – कॉलेज एवं कोर्स कोड कैसे पता करें (MP College Online Registration 2019)

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MP College Admission 2020-21 : अपना रजिस्ट्रेशन पासवर्ड कैसे पता करें?

How to Reset ePravesh MPonline Registration Password

How to Reset ePravesh MPonline Registration Password– जैसा की आप सभी जानते हैं e-Pravesh MP online के माध्यम से मध्य प्रदेश के महाविद्यालयों में स्नातक एवं परास्नातक में प्रवेश की प्रक्रिया अभी जारी है यदि आपको पता नहीं और आप भी UG एवं PG के लिए प्रवेश लेना चाहते हैं तो आने वाली कॉउंसलिंग में रजिस्ट्रेशन कर प्रवेश पा सकते हैं |रजिस्ट्रेशन के बारे में हमने पहले ही पूरी जानकारी से आपको अवगत करा चुके हैं

आप सभी सम्बंधित पोस्ट में क्लिक करके हमारे द्वारा बताई जानकारी को पढ़कर खुद ही रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को पूरी कर सकते हैं

अब दोस्तों हम आपको पासवर्ड प्राप्त करने की प्रक्रिया साझा करेंगे । हो सकता है आपने खुद रजिस्ट्रेशन किया हो या आपने किसी कीओस्क सेण्टर से कराया हो लेकिन कभी कभी ऐसा होता है की आप रजिस्ट्रेशन के वक्त पासवर्ड के बारे में ज्यादा ध्यान नहीं देते हैं फिर आपको जब जरुरत होती है तब आप परेशान होते हैं लईकिन हमारी बताई गयी प्रक्रिया को समझ कर आपको बिलकुल भी परेशान एवं कहीं जाने की जरुरत नहीं है |

सबसे पहले आप ध्यान दें की आपको पासवर्ड फिर से प्राप्त करने के लिए किन -2 चीजों की जरुरत पड़ेगी
1. छात्र का रजिस्ट्रेशन नंबर
2. छात्र की जन्मतिथि
3. रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर

How to Reset ePravesh MPonline Registration Password– Process

STEP 1: पासवर्ड चेंज करने के लिए आपको जाना होगा एमपी ऑनलाइन के e -Pravesh पोर्टल में पोर्टल में जाने के लिए आपको इस लिंक https://epravesh.mponline.gov.in/portal/index.aspx में क्लिक करना होगा जिससे आप e -Pravesh पोर्टल में पहुँच जायेंगे | अब आपको UG या PG टैब को चुने जिसमें छात्र द्वारा रजिस्ट्रेशन किया या कराया गया है

STEP 2: UG या PG टैब में आपको लेफ्ट साइड में Forget Password का लिंक मिलेगा अब आप लिंक पर क्लिक करें | जैसा की आपको नीचे स्क्रीन शॉट में दिखाया गया है ।

How to Reset ePravesh MPonline Registration Password

STEP 3: अब आप यहाँ पर आप आवेदन क्रमांक, जन्मतिथि, एवं रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर अंकित करें और सबमिट करें सबमिटकरें |

How to Reset E-Pravesh MPonline Registration Password

सबमिट करते ही आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक OTP प्राप्त होगा उस OTP को आप आने वाली स्क्रीन टेक्स्ट बॉक्स में अंकित करेंगे जैसे ही आप सफलता पूर्वक OTP को अंकित करेंगे आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक मैसेज फिर से प्राप्त होगा जिसमें आपके द्वारा रजिस्ट्रेशन के वक्त बनाया हुआ पासवर्ड प्राप्त होगा |

इस तरह आपका पासवर्ड रिसेट होजयेगा, Recover E-Pravesh MPonline Registration Password

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MP College Admission 2020-21: College की choice फिलिंग कैसे करें

epravesh MP College Choice Filling Process 2020-21

epravesh MP College Choice Fillingमध्य प्रदेश के सरकारी एवं गैर सरकारी में प्रवेश के लिए एमपी ऑनलाइन ई-प्रवेश पोर्टल में रजिस्ट्रेशन कराना जरुरी है MP College Choice Filling जिसके बारे में हमने आपको पहले ही बताया है यदि आप रजिस्ट्रशन की प्रक्रिया जानना चाहते हैं तो यहाँ क्लिक करें ।

रजिस्ट्रेशन के पश्चात आपको अपनी प्राथमिकता के आधार पर कॉलेज का चयन करना जरुरी होता है ताकि आपको आपकी प्राथमिकता के आधार पर कॉलेज में प्रवेश मिल सके जिसके लिए चॉइस फिलिंग करना होता है.


चॉइस फिलिंग के लिए आपको सम्बंधित कॉलेज का कॉलेज कोड एवं विषय कोड पता होना चाहिए यदि आप कॉलेज एवं विषय कोड नहीं जानते हैं तो यहाँ से जान सकते हैं, कॉलेज कोड एवं कोर्स कोड जानने के लिए यहाँ क्लिक करें ।

कॉलेज एवं कोर्स कोड को प्राथमिकता के आधार पर किसी जगह नोट कर लें ताकि चॉइस फिलिंग करते समय आपको कोई परेशानी न हो ।

epravesh MP College Choice Filling: अलॉटमेंट लेटर कैसे प्रिंट करें

अब यदि आपने अपना रजिस्ट्रेशन ई-प्रवेश पोर्टल पर कर लिया है MP College Choice Filling और कॉलेज कोड एवं कोर्स कोड नोट कर लिया है तो अब हम आपको चॉइस फिलिंग करना सिखाएंगे जिसके लिए आपको नीचे दिए जारी स्टेप्स को फॉलो करना होगा :-

STEP 1: सबसे पहले आप एमपी ऑनलाइन के ई-प्रवेश पोर्टल पर जाएँ https://epravesh.mponline.gov.in/ ई-प्रवेश पोर्टल में UG के लिए Under Graduate टैब एवं PG कॉलेज की चॉइस के लिए Post Graduate टैब पर क्लिक करके आगे बढ़ें |

epravesh MP College Choice Filling process 2020-21

STEP 2: UG या PG टैब पर क्लिक करने के पश्चात आपको Choice Filling लिंक पर क्लिक करना होगा |

STEP 3: अब रजिस्ट्रेशन के समय प्राप्त रजिस्ट्रेशन नंबर एवं जन्म दिनांक तथा रजिस्ट्रेशन के वक्त बनाये हुए पासवर्ड का प्रयोग कर लॉगिन प्रक्रिया पूरी करें |

STEP 4: कॉलेज कोड एवं कोर्स कोड जानने के लिए यहाँ क्लिक करें अब आपको कॉलेज एवं कोर्स कोड एंटर करना है जहाँ आप प्रवेश लेने की इच्छा रखते हैं ।इसलिए प्राथमिकता के आधार पर कॉलेज कोड एवं कोर्स कोड को एंटर करते हुए चॉइस फिलिंग प्रक्रिया को पूर्ण करें तथा प्राथमिकता को वेरीफाई करने के बाद ही लॉक करें लॉक करने के लिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर ओने टाइम पासवर्ड भेजा जायेगा इसलिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर को भी अपने पास रखें |

ePravesh MP College Choice Filling Process 2020-21

MP Colleges Online Admission 2020-21 – Candidate Registration FAQ :-

MP Colleges Online Admission 2020-21 – Candidate Registration FAQ :-

उच्च शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया हेतु पंजीयन (Registration) कहाँ करना होगा?

Madhya Pradesh उच्च शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया मे पंजीयन (Registration) करने हेतु एमपी ऑनलाइन के पोर्टल https://epravesh.mponline.gov.in पर क्लिक करें| MP Colleges Online Admission 2020-21 स्नातक स्तर (BA./BSC./B.COM. etc.) के पाठ्यक्रमो हेतु Under Graduate Tab एवं स्नाकोत्तर स्तर (MA./MSC./MCOM.etc) के पाठ्यक्रमो हेतु Post Graduate Tab पर क्लिक करने के उपरांत पंजीयन फॉर्म की लिंक उपलब्ध रहेगी| माध्यमिक शिक्षा मण्डल, भोपाल से 10+2 उत्तीर्ण अभ्यर्थियों की जानकारी माध्यमिक शिक्षा मण्डल द्वारा जारी किए गए रिज़ल्ट से सत्यापन स्वत: ही हो जावेगी| जिससे अभ्यर्थियों की जानकारी पंजीयन फॉर्म मे भरी हुई आवेगी| जिसमे छात्र द्वारा किसी भी प्रकार का बदलाव नहीं किया जा सकेगा| अन्य शिक्षा मण्डल द्वारा उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को जानकारी स्वत: भरनी होगी|10+2 परीक्षा के उत्तीर्ण विद्यार्थी कौन-कौन से विषय में प्रवेश के लिए पात्र होंगें ?

(क) विज्ञान संकाय के विद्यार्थीयों को विज्ञान संकाय के सुसंगत विषय में प्रवेश के अतिरिक्त वाणिज्य संकाय,कला संकाय एवं गृह विज्ञान संकाय मैं भी प्रवेश की पात्रता होगी |
(ख) वाणिज्य /कला /गृह विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों को विज्ञान संकाय में प्रवेश की पात्रता नहीं होगी |
(ग) वाणिज्य संकाय के विद्यार्थियों वाणिज्य संकाय के अतिरिक कला एवं गृह विज्ञान संकाय में प्रवेश की पात्रता होगी |
(घ) कला संकाय के विद्यार्थियों कला संकाय के अतिरिक गृह विज्ञान संकाय में प्रवेश की पात्रता होगी |
(ङ) गृह विज्ञान संकाय में, 10+2 परीक्षा गृह विज्ञान से उत्तीर्ण आवेदकों के साथ-साथ विज्ञान, वाणिज्य, कला संकाय तथा 10+2 परीक्षा में व्यावसायिक पाठ्यक्रमों से उत्तीर्ण विद्यार्थियों को भी प्रवेश की पात्रता होगी|
(च) गृह विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों को गृह विज्ञान संकाय के अतिरिक्त कला संकाय में प्रवेश की पात्रता होगी |
अधिक जानकारी के लिए नियम पुस्तिका में प्रवेश कंडिका 2.6 का अवलोकन करें |
पोर्टल पर उपलब्ध Eligibility टैब द्वारा विद्यार्थी अपनी पात्रता की जांच कर सकते हैं |

क्या दस्तावेजों का सत्यापन करना अनिवार्य हैं?

ऐसे अभ्यर्थी जिनकी समस्त प्रविष्ट की गयी जानकारी ऑनलाइन सत्यापित होने पर, सत्यापन केंद्र पर जा कर सत्यापन करना आवश्यक नहीं होगा| अन्य सभी आवेदकों को एवं विशेषत: ऐसे अभ्यर्थी जो किसी भी प्रकार के अधिभार की पात्रता रखते हैं, को सत्यापन केंद्र पर जा कर दस्तावेजों का सत्यापन करना अनिवार्य होगा| दस्तावेजों के सत्यापन के अभाव मे अभ्यर्थी ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया मे शामिल नहीं किए जाएँगे|

MP Online Admission – कॉलेज एवं कोर्स कोड कैसे पता करें क्या दस्तावेजों का सत्यापन के पहले महाविद्यालय/पाठ्यक्रम का चयन करना अनिवार्य हैं?

हाँ, दस्तावेजों का सत्यापन के पहले महाविद्यालय/पाठ्यक्रम का चयन करना अनिवार्य हैं |दस्तावेजों का सत्यापन कहाँ होगा ?

सत्यापन हेतु आवेदक मध्यप्रदेश के समस्त जिलों के किसी भी शासकीय महाविद्यालय में जा सकते हैं |पंजीयन करते समय कौन-कौन से दस्तावेजों को संलग्न करना होगा ?

पंजीयन फॉर्म के साथ केवल फोटो और हस्ताक्षर ही संलग्न करने होंगे, परन्तु सत्यापन केंद्र पर जा कर सभी आवश्यक दस्तावेजों का सत्यापन करना अनिवार्य होगा| दस्तावेजों के सत्यापन के अभाव मे अभ्यर्थी ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया मे शामिल नहीं किए जाएँगे|क्या पंजीयन का त्रुटि सुधार संभव हैं ? ( MP Colleges Online Admission 2019-20 )

क. (भुगतान से पूर्व) हाँ ! आवेदक भुगतान से पूर्व अपने लॉग इन से पंजीयन का त्रुटी सुधार कर सकता है|
ख.(भुगतान के पश्च्यात) हाँ ! आवेदक हेल्प सेंटर पर त्रुटि सुधार के लिए आवेदन कर सकता हैं, हेल्प सेंटर आपके आवेदन को त्रुटि सुधार हेतु अनुमति प्रदान करेगा ,जिसके बाद आप पोर्टल पर उपलब्ध Edit Registration (For Error correction sent by the help center) विकल्प द्वारा त्रुटि सुधार कर सकते है| आवेदन में त्रुटि सुधार पश्चात् आवेदक को पुन:चॉइस फिलिंग करना आवश्यक होगा तथा सभी आवश्यक दस्तावेजों का पुनः सत्यापन करना अनिवार्य होगा|चॉइस फिल्लिंग लॉक करने के पश्चात् चॉइस फिल्लिंग मे त्रुटि सुधार कैसे करें ?

आवेदक चॉइस फिलिंग लॉक करने के पश्चात् Choice Filling (Only Registered Candidate) विकल्प के द्वारा अपनी चॉइस फिलिंग में सुधार कर सकता है|क्या 10+2 में पूरक (Supplementary) प्राप्त विद्यार्थी ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया हेतु पंजीयन (Registration) के लिए पात्र होंगें ?

हाँ ,कक्षा १२वी में पूरक प्राप्त विद्यार्थी को भी प्रावधिक प्रवेश के लिए पंजीयन कराना अनिवार्य हैं | इन विद्यार्थियों को अंतिम चरण में स्थान रिक्त रहने पर ही प्रवेश दिया जा सकेगा |आवेदन क्र. (Application Id ) और पासवर्ड ज्ञात न होने की स्थिति में कैसे प्राप्त किया जा सकता हैं?

आवेदक पोर्टल पर उपलब्ध Know Your Applicant Id और Forget Your Password के द्वारा अपना आवेदन क्र. एवं पासवर्ड प्राप्त कर सकता हैं |क्या पंजीयन के भुगतान के समय पर Payment failure होने की स्थिति में दुबारा आवेदन करना होगा?

नहीं, आप Fill/ Pay Unpaid Registration Form के द्वारा अपने आवेदन का पुन: भुगतान कर सकते है |Registered Mobile No. गुम हो जाने की स्थिति पासवर्ड कैसे प्राप्त किया जा सकता है ?

Registration (For Error correction sent by the help center) विकल्प द्वारा त्रुटि सुधार कर सकते है| आवेदन में त्रुटि सुधार पश्चात् आवेदक को पुन:चॉइस फिलिंग करना आवश्यक होगा |

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छत्तीसगढ़ सरकार की शहीद महेंद्र कर्मा तेंदूपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना

शहीद महेंद्र कर्मा तेंदूपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना:-

शहीद महेंद्र कर्मा तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना (Shaheed Mahendra Karma Tendupatta Sangrahak Samajik Suraksha Yojana) छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा शुरू की जाने वाली एक नई योजना है जिसके तहत सरकार तेंदुपत्ता संग्राहकों को 4 लाख रुपए तक की सहायता राशि प्रदान करेगी | अगर तेंदुपत्ता संग्राहक परिवार में से मुखिया की किसी कारणवश मौत होती है तो छत्तीसगढ़ सरकार इस योजना के तहत नामांकित व्यक्ति को 2 लाख रुपए की सहायता प्रदान करेगी |

छत्तीसगढ़ तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना का संचालन राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ (Chhattisgarh State Minor Forest Produce Cooperatives Union Ltd.) करेगी | योजना के तहत सहायता राशि सीधे नामांकित व्यक्ति के बैंक खाते में जमा कारवाई जाएगी | यह राशि मृत्यु के एक महीने के भीतर ही ट्रान्सफर कर दी जाएगी |

शहीद महेंद्र कर्मा तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना (Shaheed Mahendra Karma Tendupatta Sangrahak Samajik Suraksha Yojana) का मुख्य उद्देश्य तेंदुपत्ता मजदूरों को सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना है | इस योजना को Chhattisgarh State Minor Forest Produce Cooperatives Union Ltd. ने छत्तीसगढ़ वन विभाग के साथ मिलकर शुरू किया है |

तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत सहायता राशि:-

छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा शुरू की गई इस योजना का पूरा नाम शहीद महेंद्र कर्मा तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत मरने वाले व्यक्ति के उत्तराधिकारी अथवा नामांकित व्यक्ति को मिलने वाली सहायता कुछ इस प्रकार है:

अगर आयु 50 वर्ष से कम है तो:

  • सामान्य मृत्यु पर 2 लाख रुपए दिये जाएँगे
  • दुर्घटना से मौत होने पर 2 लाख रुपए अतिरिक्त सहायता राशि के रूप में दिये जाएँगे अथवा कुल मिलाकर 4 लाख रुपए दिये जाएँगे
  • दुर्घटना में पूर्ण विकलांगता की स्थिति में 2 लाख रूपए की सहायता राशि
  • आंशिक विकलांगता की स्थिति में 1 लाख रूपए की सहायता अनुदान राशि दी जाएगी |

अगर आयु 50 से 59 वर्ष के बीच है:

  • सामान्य मृत्यु होने पर 30 हजार रुपए
  • दुर्घटना में मृत्यु होने पर 75 हजार रूपए
  • दुर्घटना में पूर्ण विकलांगता की स्थिति पर 75 हजार रूपए
  • आंशिक विकलांगता की स्थिति में 37 हजार 500 रूपए की सहायता अनुदान राशि परिवार के नामांकित व्यक्ति अथवा उत्तराधिकारी को दी जाएगी |

छत्तीसगढ़ तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया:-

छत्तीसगढ़ तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना के आवेदन अथवा रजिस्ट्रेशन से संबन्धित अभी किसी प्रकार की कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है | इस योजना के लिए शायद ही कोई आवेदन अथवा पंजीकरण प्रक्रिया शुरू की जाये | हो सकता है राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ या फिर वन विभाग के पास सभी पंजीकृत तेंदुपत्ता मजदूरों को इस योजना के तहत स्वत: ही शामिल कर लिया जाये | फिर भी यदि तेंदुपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना के आवेदन अथवा पंजीकरण के बारे में कोई जानकारी मिलती है तो हम इस पेज पर अपडेट करेंगे |

योजना का लाभ लेने के लिए मरने वाले अथवा विकलांग होने वाले तेंदुपत्ता संग्राहक परिवार के मुखिया की आयु 59 वर्ष या कम होनी चाहिए | इस योजना के लिए सभी पंजीकृत तेंदुपत्ता संग्राहक परिवार पात्र होंगे |

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट: मिलिए उन शिल्पकारों से जिनके जिम्मे है भव्य राम मंदिर का निर्माण

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट

सुप्रीम कोर्ट के फैसले और केंद्र सरकार की पहल के बाद अयोध्या में रामजन्मभूमि पर भव्य राममंदिर निर्माण की कवायद शुरू हो चुकी है | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पांच अगस्त को अयोध्या में भूमि पूजन करेंगे, जिसके बाद से राममंदिर बनाने का काम तेजी से शुरू हो जाएगा | राममंदिर बनाने का काम मल्टी नेशनल कंपनी लार्सन एंड टुब्रो (L&T) को दिया गया है, लेकिन राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में शामिल सदस्यों की मुख्य भूमिका है | श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट

राममंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष की कमान नृपेंद्र मिश्रा के हाथों में है, जिनकी अगुवाई में ही मंदिर निर्माण का काम चल रहा है | इसके अलावा उत्तर प्रदेश सरकार की भी मंदिर निर्माण में भूमिका है | साथ ही राम मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में कुल 15 सदस्य हैं, जिनके कंधों पर राम मंदिर राममंदिर निर्माण का जिम्मा है |

नृपेंद्र मिश्रा:-

अयोध्या में राम मंदिर निर्माण की सबसे अहम जिम्मेदारी नृपेंद्र मिश्रा के ऊपर है, क्योंकि वो राममंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष हैं | नरेंद्र मोदी 2014 में प्रधानमंत्री बनते ही नृपेंद्र मिश्रा को अपना प्रधान सचिव नियुक्त कर लिया था | नृपेंद्र मिश्रा ने पीएम मोदी की उज्ज्वला योजना से लेकर घर-घर शौचालय बनाने की योजना सहित सभी योजनाओं को जमीनी स्तर पर उतारने का काम किया था |

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट

मिश्रा को मंदिर निर्माण समिति का अध्यक्ष इसीलिए बनाया गया ताकि मंदिर का निर्माण पूरी भव्यता के साथ समयसीमा के अंदर हो | नृपेंद्र मिश्रा 1967 बैच के यूपी काडर के आईएएस अधिकारी रहे हैं | वह पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के निजी सचिव और पूर्व मुख्यमंत्री और समजवादी नेता मुलायम सिंह के भी प्रधान सचिव रह चुके हैं | अब मंदिर निर्माण को साकार करने की जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर है |

चंपत राय:-

विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय उपाध्यक्ष चंपत राय भी राम मंदिर आंदोलन से जुड़े रहे हैं | उन्हें कंधों पर राम मंदिर निर्माण की अहम जिम्मेदारी है | श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव की जिम्मेदारी चंपत राय को मिली है |

इसके अलावा राम मंदिर निर्माण से जुड़ी बातों को मीडिया में रखने के लिए भी अधिकृत हैं | विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) की राम मंदिर के राष्ट्रव्यापी जन आंदोलन खड़ा करने में अहम भूमिका अदा की थी और अब राममंदिर निर्माण को भव्य बनाने की जिम्मेदारी भी चंपत राय और वीएचपी के हाथों में है |

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट

महंत नृत्य गोपाल दास:- श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट

अयोध्या आंदोलन में अहम भूमिका निभाने वाले महंत नृत्य गोपाल दास श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष हैं | ऐसे में राममंदिर निर्माण के लिए उन्हें सबसे अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है | नृत्यगोपाल दास दशकों तक राम मंदिर आंदोलन के संरक्षक की भूमिका में रहे हैं |

वो लगातार मंदिर निर्माण के लिए होने वाले कार्यों में अगुवा की भूमिका निभाते रहे हैं | इनकी अगुवाई में लंबे समय से राम मंदिर निर्माण के लिए चंदा भी एकत्र किया जाता रहा है | नृत्यगोपाल दास पर बाबरी विध्वंस में शामिल रहने का आरोप है और इस मामले में लखनऊ की सीबीआई कोर्ट में उनके खिलाफ मुकदमा भी चल रहा है |

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट

के. पराशरण:-

सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील के. पराशरण श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के स्थायी सदस्य हैं | पराशरण ने सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या केस में लंबे समय से हिंदू पक्ष की पैरवी की | आखिर तक चली सुनवाई में भी पराशरण खुद बहस करते थे | रामलला के पक्ष में फैसला लाने में उनका अहम योगदान रहा है |

93 साल के पराशरण रामसेतु समुद्रम प्रॉजेक्ट के खिलाफ भी केस लड़ चुके हैं | उन्हें पद्म भूषण और पद्म विभूषण जैसे पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है | पराशरण भारतीय इतिहास, वेद पुराण और धर्म के साथ ही संविधान के जानकार हैं |

राम मंदिर केस के दौरान उन्होंने स्कन्ध पुराण के श्लोकों का जिक्र करके राम मंदिर का अस्तित्व के संबंध में मजबूत दलील दी थी | रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट गठन के बाद के पराशरण को राम मंदिर की जमीन का कब्जा सौंपा गया था |

बिमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र:-

अयोध्या राज परिवार के बिमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के स्थायी सदस्य हैं | राम मंदिर निर्माण में बिमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र अहम जिम्मेदारी निभा रहे हैं | ट्रस्ट गठन के बाद कमिश्नर एमपी अग्रवाल ने राम जन्मभूमि के रिसीवर की जिम्मेदारी उन्हें सौंपी थी |

कामेश्वर चौपाल:-

श्रीरामजन्मभूमि मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में दलित समुदाय के तौर पर कामेश्वर चौपाल स्थायी सदस्य के तौर पर शामिल हैं | 1989 के राम मंदिर आंदोलन के समय हुए शिलान्यास में कामेश्वर ने ही राम मंदिर की पहली ईंट रखी थी | आरएसएस ने उन्हें पहले कारसेवक का भी दर्जा दिया है | राममंदिर निर्माण की देखरेख में कामेश्वर चौपाल लगे हुए हैं |

डॉ. अनिल कुमार मिश्र:-

होम्योपैथी के डॉक्टर अनिल कुमार मिश्र श्रीरामजन्मभूमि मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के स्थायी सदस्य हैं | अयोध्या लक्ष्मणपुरी कॉलोनी में रहते हैं | हालांकि, अंबेडकर नगर जिले के पहतीपुर के पतौना गांव के मूल निवासी अनिल कुमार मिश्र राम मंदिर आंदोलन के दौरान विनय कटियार के साथ जुड़े थे | बाद में वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से भी जुड़े | मौजूदा समय में वह आरएसएस के अवध प्रांत के प्रांत कार्यवाह हैं |

महंत दिनेंद्र दास:-

निर्मोही अखाड़ा के प्रमुख महंत दिनेंद्र दास भी श्रीरामजन्मभूमि मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के स्थायी सदस्य के तौर पर शामिल हैं | निर्मोही अखाड़े की ओर से सुप्रीम कोर्ट में लंबे समय तक मुकदमा लड़ते रहे हैं | 10 साल की उम्र में ही वो मठिया के आश्रम के महंत बन गए थे |

इसके बाद बीए की पढ़ाई करने के लिए अयोध्या में रहने लगे तो निर्माही अखाड़ा से जुड़ गए | 1992 में निर्मोही अखाड़ा के नागा बने, उसके बाद 1993 में पंच और उपसरपंच बना दिए गए |

वासुदेवानंद सरस्वती जी महाराज:-

जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वतीजी महाराज श्रीरामजन्मभूमि मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य हैं | वो बद्रीनाथ स्थित ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य हैं | हालांकि, इनके शंकराचार्य बनाए जाने पर विवाद भी रहा | ज्योतिष मठ की शंकराचार्य की पदवी को लेकर द्वारका पीठ के शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती ने हाईकोर्ट में केस दाखिल किया था |

प्रसन्नतीर्थ जी महाराज:-

जगतगुरु मध्वाचार्य स्वामी विश्व प्रसन्नतीर्थ जी महाराज श्रीरामजन्मभूमि मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के ट्रस्टी सदस्य हैं | वो कर्नाटक के उडुपी स्थित पेजावर मठ के 33वें पीठाधीश्वर हैं | दिसंबर 2019 में पेजावर मठ के पीठाधीश्वर स्वामी विश्वेशतीर्थ के निधन के बाद पदवी संभाली |

युगपुरुष परमानंद:-

युगपुरुष परमानंद जी महाराज श्रीरामजन्मभूमि मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य हैं | अखंड आश्रम हरिद्वार के प्रमुख वेदांत पर उनकी 150 से ज्यादा किताबें प्रकाशित हो चुकी हैं | इन्होंने साल 2000 में संयुक्त राष्ट्र में आध्यात्मिक नेताओं के शिखर सम्मेलन को संबोधित किया था |

देव गिरि जी महाराज:-

स्वामी गोविंद देव गिरि जी महाराज श्रीरामजन्मभूमि मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य के साथ-साथ कोषाध्यक्ष भी हैं | ऐसे में राममंदिर निर्माण के लिए चंदे का सारा हिसाब-किताब इन्हीं के पास है | देवगिरी जी महाराज का महाराष्ट्र के अहमद नगर में 1950 में जन्म हुआ. रामायण, श्रीमद्भगवद्गीता, महाभारत और अन्य पौराणिक ग्रंथों का देश-विदेश में प्रवचन करते हैं | स्वामी गोविंद देव महाराष्ट्र के विख्यात आध्यात्मिक गुरु पांडुरंग शास्त्री अठावले के शिष्य हैं |

उत्तर प्रदेश सरकार के प्रतिनिधि:-

अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए गठित श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में उत्तर प्रदेश सरकार के प्रतिनिधि के तौर पर अपर मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी और अयोध्या के जिलाधिकारी अनुज कुमार झा शामिल हैं | UP सरकार का राममंदिर निर्माण में अहम रोल है | मंदिर ही नहीं बल्कि अयोध्या को सुंदर बनाने और सजाने की जिम्मेदारी इन्हीं दोनों लोगों के हाथ में है | अनुज कुमार झा अयोध्या के जिलाधिकारी होने के नाते सारे भूमि उन्हीं के अधीन आती है |

Jai Shri Ram Quotes in Hindi

भारत के इतिहास में हिन्दू धर्म को प्राचीनतम धर्म कहा जाता हैं जहा अनेक देवी देवताओं की पूजा की जाती हैं जिनमे से प्रमुख ब्रह्मा, विष्णु और शिव हैं | हिन्दू मान्यताओं के अनुसार एक तरफ जहा शिव काल और ब्रह्मा सृष्टिकरता हैं वही भगवान् विष्णु पालनहार हैं, और समय समय पर भगवन शिव और विष्णु जी इस पावन धरती पर कई बार अवतरित हुए हैं |

एक और जहा भगवान् विष्णु जी का कृष्णा अवतार जग विख्यात हैं वही दूसरी और श्री राम का अवतार भी विश्व प्रसिद्ध हैं | रघुकुल में जन्मे मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम जी, अयोध्या के राजा दशरथ और रानी कौशल्या के सबसे बड़े पुत्र थे |

इनके तीन भाई लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न थे तथा इनकी पत्नी का नाम सीता था | बजरंगबली या हनुमान जी इनके प्रिये भक्त हैं, इनका परिवार आदर्श भारतीय परिवार का प्रतिनिधित्व करता हैं | वे स्वाभाव से भी बहुत विनम्र थे और उनके शौर्य, शालीनता व मर्यादा की दुहाई हर कोई देता था |

वही दूसरी तरफ वे एक कुशल शासक और महान शक्तिशाली यौद्धा के साथ जन प्रिय राजा भी थे | उनकी प्रजा को उनसे बहुत स्नेह था और श्री राम भी अपनी प्रजा से बहुत प्यार करते थे, इसलिए जब लंकापति रावण का वध कर लंका से भगवान् राम, माता सीता और लक्ष्मण चौदह वर्ष के वनवास से अयोद्धया लोटे तो नगरवासियों ने चारो तरफ घी के दिए जलाकर उनका स्वागत किया |

Jai Shri Ram Quotes:-

मन राम का मंदिर हैं, यहाँ उसे विराजे रखना,

पाप का कोई भाग नहीं होगा, बस राम को थामे रखना।

राम नाम का महत्तव ना जाने, वो अज्ञानी अभागा हैं,

जिसके दिल में राम बसा, वो सुखद जीवन पाता हैं। जय सियाराम।

मुसलमान भी दवा बेचते वक्त कहता हैं,

रामबाण इलाज हैं अल्लाबाण नही, ऐसी महिमा हैं राम नाम की

राम नाम का फल हैं मीठा, कोई चख के देख ले,

खुल जाते हैं भाग, कोई पुकार के देख ले।

मंजिले मुझे छोड़ गई रास्तो ने पाल लिया हैं,

जा जिंदगी तेरी जरुरत नही, मुझे श्रीराम ने सम्भाल लिया हैं।

आज दुनिया ने रामसेतु का सच स्वीकार कर लिया हैं,

देश के लोग तो अदालत में लिख के दे आए थे, श्रीराम सिर्फ़ कल्पना हैं।

फतवा नहीं बस भगवा का नाम होगा,

मेरे देश में अब सलाम नहीं सिर्फ जय श्रीराम होगा।

जंगल मे छाती चोडी करके शेर चला करते हैं,

ओर हिन्दूस्तान में छाती चोडी करके रामभक्त चला करते हैं ।

मोर की खूबसूरती पंख से होती हैं, उसी तरह,

हमारी खूबसूरती श्रीराम के भगवा रंग से होती हैं।

राम जी की धुन में जिये जा रहे हैं,

हर पल को मुस्कुराहट लिए बस जिये जा रहे हैं।

देख तज के पाप रावण, राम तेरे मन में हैं,

राम मेरे मन में हैं, मन से रावण जो निकाले, राम उसके मन में हैं।

ज़िन्दगी की सलवटों को एक ओर मौका देंगे सुलझ जाने का,

आ गया हैं वक़्त जय सिया राम गुनगुनाने का।

रामायण का पाठ ज़िन्दगी को आसान बनाता हैं,

हर पल कुछ नया करने का पाठ पढ़ाता हैं। जय सियाराम

अरे कब खुलेंगी तुम्हारी आंख हिंदुओ जयश्रीराम बोलने में डर कैसा,

दहेज मांग सकते हो लेकिन अपने भगवान का घर नही, जय श्री राम।

हिन्दू, मुस्लिम, सिख, ईसाई देते एक दूजे को त्योहारों की बधाई

भाईचारे ने इनके राम राज्य की कल्पना सच कर दिखाई।

राम जी के विचारों से एक नई क्रांति आएगी,

जन जन में आशा की नई अलख जग जाएगी।

लाल रंग हैं तन में, श्री राम बसे उनके मन में,

प्रेम गीत गए जो नाम राम का, हैं हनुमान वो जो झुके राम के चरण में।

जय श्री राम जय श्री हनुमान

कितने महान रहे होंगे वो वानर जिन्होंने मिल कर राम सेतु बना दिया,

हम सौ करोड़ हो कर भी एक राम मंदिर नही बना पा रहे।

अयोध्या के फटे तंबू में पड़ा तुम्हारी “नामर्दी” का प्रमाण हूँ,

हिन्दुओ में वही रावण का वध करने वाला दशरथ पुत्र राम हूँ।

अभिमन्यु की एक बात बड़ी शिक्षा देतीं हैं,

”हिम्मत से हारना, पर हिम्मत मत हारना“ जय सियाराम।

जानिए क्या है अयोध्या के राम मंदिर का अबतक का पूरा इतिहास

Ayodhya ram mandir history in hindi

Ayodhya ram mandir history in hindi– मैं मानता हूं कि अयोध्या स्थित भगवान श्रीराम जन्मभूमि मंदिर का पूरा इतिहास शब्दों में समेटना किसी के लिए संभव नहीं है | क्योंकि, इसके ऐतिहासिक और कानूनी महत्त्व को तो फिर भी काफी हद तक समेटा जा सकता है, लेकिन इसके असीमित धार्मिक और पौराणिक मान्यताओं और उनसे जुड़े तथ्यों को शब्दों में सहेजना असंभव है।

फिर भी यहां पर हमने इस पवित्र मंदिर के बारे में उसके हर पहलुओं को कुछ गिनती के शब्दों में समेटने की कोशिश की है, जिसकी शुरुआत धार्मिक ग्रंथों और पौराणिक मान्यताओं से की जा रही है | Ayodhya ram mandir history in hindi

Also Read:- कैसा होगा भव्य राम मंदिर जन्मभूमि ट्रस्ट द्वारा जारी प्रस्तावित मॉडल तस्वीरों में देखें

भगवान राम के पुत्र कुश ने बनवाया था पहला राम मंदिर:-

पौराणिक कथाओं और धर्म ग्रंथों के आधार पर तय हुई परंपरागत धारणाओं के अनुसार अयोध्या के पवित्र श्री रामजन्मभूमि मंदिर के इतिहास का विवरण कुछ इस प्रकार है | जब भगवान श्रीराम प्रजा सहित बैकुंठ धाम चले गए तो पूरी अयोध्या नगरी (मंदिर-राज महल-घर-द्वार) सरयू में समाहित हो गई |

मात्र अयोध्या का भू-भाग ही बच गया और वर्षों तक यह भूमि यूं ही पड़ी रही। बाद में कौशांबी के महाराज कुश ने अयोध्या को फिर से बसाया | इसका वर्णन कालिदास के ग्रंथ ‘रघुवंश’ में मिलने की बात कही जाती है |

लोमश रामायण के अनुसार उन्होंने ही सर्वप्रथम पत्थरों के खंभों वाले मंदिर का अपने परम पिता की पूज्य जन्मभूमि पर निर्माण करवाया | वहीं जैन परंपराओं के मुताबिक अयोध्या को ऋषभदेव ने फिर से बसाया था |

महाराजा विक्रमादित्य ने बनवाया था भव्य राम मंदिर:-

Ayodhya ram mandir history in hindi

भविष्य पुराण के अनुसार उज्जैन के महाराज विक्रमादित्य ने ईसा पूर्व में एक बार फिर से (दूसरी बार) उजड़ चुकी अयोध्या का निर्माण करवाया | धार्मिक ग्रंथों के अनुसार उन्होंने अयोध्या में सरयू नदी के लक्ष्मण घाट को आधार बनाकर 360 मंदिरों का निर्माण करवाया था | वे भगवान विष्णु के परम भक्त थे और इसीलिए उन्होंने ही श्रीराम जन्मभूमि पर एक भव्य मंदिर का निर्माण करवाया था |

हिंदू पक्ष का दावा रहा है कि बाबर से पहले भी 1033 में मुस्लिम आक्रमणकारी सालार मसूद ने जन्मभूमि मंदिर को ध्वस्त कर दिया था। उसके बाद गहड़वाल वंश के राजाओं द्वारा इस पवित्र मंदिर का फिर से निर्माण (तीसरी बार) करवाया गया था |

1510-1511 में गुरुनानक देव जी ने किए थे जन्मभूमि के दर्शन:-

अयोध्या में राम जन्मभूमि मंदिर पर विवाद की कहानी की 1528 से शुरू हुई | हिंदुओं का दावा रहा है कि मुगल आक्रमणकारी बाबर ने उस पवित्र जगह को तोड़कर उसपर मस्जिद का निर्माण करवा दिया |

अयोध्या रामजन्मभूमि- बाबरी मस्जिद विवाद पर अपना ऐतिहासिक फैसला देते समय सुप्रीम कोर्ट ने उन सिख ग्रंथों को भी अहम सबूत माना है, जिसके मुताबिक सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव जी आक्रमणकारी बाबर के भारत आने से पहले ही भगवान राम की जन्मभूमि के दर्शन के लिए अयोध्या पहुंचे थे |

गुरु नानक देव जी 1510 से 1511 के बीच अयोध्या आए थे, जबकि बाबरी मस्जिद 1528 में बनाई गई थी | इतिहासकारों के अनुसार वहां पर बाबर के कहने पर उसके एक सूबेदार ने मस्जिद का निर्माण करवाया था |

1859 में राम चबूतरे पर फिर से पूजा की मिली इजाजत:-

राम मंदिर और बाबरी मस्जिद के विवाद को लेकर जन्मभूमि के आसपास के इलाके में पहली बार 1853 में दंगों का जिक्र मिलता है | 1859 में अंग्रेजों ने इस विवाद को रोकने लिए मुसलमानों को ढांचे के अंदर और हिंदुओं का राम चबूतरे पर पूजा-अर्चना की इजाजत दी | 1885 में पहली बार महंत रघबीर दास बाबरी मस्जिद के पास मंदिर निर्माण को लेकर फैजाबाद कोर्ट में एक याचिका लगाई, जिसे कोर्ट ने ठुकरा दिया |

Ayodhya ram mandir history in hindi

23 दिसंबर, 1949 को ढांचे के अंदर अचानक रामलला की मूर्ति पाई गई:-

23 दिसंबर, 1949 को राम जन्मभूमि मंदिर के इतिहास में एक बार से जबर्दस्त मोड़ आ गया | उस दिन रामलला की प्रतिमा मस्जिद के अंदर अचानक से विराजमान पाई गई | यह विवाद इतना बढ़ा कि आखिरकार तत्कालीन सरकार उस ढांचे को विवादित मानकर उसपर ताला लगवा देना पड़ा | ढांचे के अंदर नमाज रुक गई, लेकिन बाहर राम चबूतरे और परिसर के बाकी हिस्सों में पूजा-अर्चना निरंतर चलती रही |

1986 में विवादित ढांचे का ताला खुला, फिर से अंदर पूजा शुरू हुई:-

1950 से तात्कालिक विवादित परिसर को लेकर कानूनी जंग शुरू हुई | गोपाल विशारद और रामचंद्र दास ने ढांचे के अंदर रामलला की पूजा की इजाजत और उनकी प्रतिमा वहीं रहने देने की अनुमति के लिए फिरोजाबाद सिविल कोर्ट में दो अर्जी दाखिल की |

1959 में निर्मोही अखाड़ा ने भी तीसरी अर्जी लगा दी | इसके जवाब में 1961 में यूपी सुन्नी वक्फ बोर्ड ने विवादित जगह पर कब्जा लेने और ढांचे के अंदर से मूर्तियां हटाने की अर्जी लगाई | 25 साल बाद 1986 में यूसी पांडे की याचिका पर फैजाबाद के जिला जज केएम पांडे ने 1 फरवरी, 1986 के ऐतिहासिक फैसले में विवादित ढांचे से ताला हटाने का आदेश दिया और हिंदुओं को पूजा करने की अनुमति भी दे दी |

1989 में विवादित परिसर के पास ही शिलान्यास किया गया:-

अगस्त 1989 में इलाहाबाद हाई कोर्ट ने फैजाबाद जिला अदालत से टाइटल सूट अपने हाथों में ले लिया और विवादित जमीन पर यथास्थिति बरकरार रखने का आदेश दिया | यानि पूजा-अर्चना निरंतर जारी रही।

नवंबर, 1989 में तत्कालीन सरकार ने विश्व हिंदू परिषद के विवादित भूमि के पास ही शिलान्यास की इजाजत दे दी | 6 दिसंबर, 1992 को अयोध्या में रामजन्मभूमि आंदोलन से जुड़े लाखों कार सेवक जुटे थे | उन्होंने ही उस विवादित ढांचे को ध्वस्त कर दिया |

भगवान रामलला ढांचे से निकलकर अस्थाई टेंट में आ गए | सुप्रीम कोर्ट ने उस विवादित जमीन पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दे दिया और 6 दिसंबर, 1992 से लेकर 9 नवंबर, 2019 के सुप्रीम कोर्ट के फैसले तक रामलला उसी अस्थाई टेंट में विराजमान रहे, लेकिन उनकी पूजा-अर्चना और दर्शन का कार्य निरंतर संपन्न होता रहा | 1993 में तत्कालीन पीवी नरसिम्हा राव सरकार ने विवादित जमीन के आसपास की 67 एकड़ अतिरिक्त जमीन को भी अधिग्रहित कर लिया।

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने भी राम जन्मभूमि का हिस्सा हिंदुओं को दिया:-

अप्रैल 2002 से इलाहाबाद हाई कोर्ट ने विवादित जमीन के मालिकाना हक पर सुनवाई शुरू की | 30 सितंबर, 2010 को इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 2-1 जजों के बहुमत के फैसले से विवादित संपत्ति को तीन दावेदारों में बांटने का फैसला सुनाया जन्मभूमि समेत एक-तिहाई हिस्सा हिंदुओं को, एक-तिहाई हिस्सा निर्मोही अखाड़े को और तीसरा हिस्सा मुस्लिम पक्ष को |

मई 2011 में सुप्रीम कोर्ट ने कई याचिकाओं को देखने के बाद हाई कोर्ट के फैसले पर रोक लगा दी | बाद के वर्षों में सुप्रीम कोर्ट की देखरेख में मध्यस्थता की कोशिशें भी की गईं, लेकिन विवाद का कोई हल नहीं निकला |

राम मंदिर का निर्माण 5 अगस्त से:-

आखिरकार तत्कालीन चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अगुवाई वाली सुप्रीम कोर्ट की पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने 40 दिनों की मैराथन सुनवाई के बाद 16 अक्टूबर, 2019 को दशकों पुराने इस कानूनी विवाद पर फैसला सुरक्षित रख लिया | अंत में 9 नवंबर, 2019 का वह ऐतिहासिक दिन आया जब सुप्रीम कोर्ट ने सदियों पुराने इस विवाद को हमेशा-हमेशा के लिए निपटारा कर दिया।

सर्वोच्च अदालत ने संपूर्ण विवादित परिसर पर भगवान रामलला का मालिकाना हक दे दिया और उनके भव्य मंदिर निर्माण के लिए केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को तीन महीने के भीतर एक ट्रस्ट बनाने की जिम्मेदारी सौंप दी।

अदालत ने सरकार को मुस्लिम पक्ष को भी मस्जिद बनाने के लिए अयोध्या में किसी महत्वपूर्ण स्थान पर 5 एकड़ जमीन देने का आदेश दिया | अदालत के इसी आदेश के बाद श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने 5 अगस्त, 2020 को वहां भव्य राम मंदिर के निर्माण के लिए भूमि पूजन और आधारशिला का कार्यक्रम तय किया गया है |

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कैसा होगा भव्य राम मंदिर जन्मभूमि ट्रस्ट द्वारा जारी प्रस्तावित मॉडल तस्वीरों में देखें

Ayodhya Ram Mandir Image

अद्भुत,अकल्पनीय,अविश्वश्नी,भव्य होगा आयोध्या का राम मंदिर, 5 अगस्त का दिन हिन्दुओं और भारतवासियों के लिए गर्व का क्षण होगा और 5 अगस्त का दिन इतिहास के स्वर्ण अक्षरों में दर्ज हो जायेगा यह वह दिन होगा जब माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र दामोदर दास मोदी अयोध्या में बनने वाले राम मंदिर का भूमि पूजन करेंगे और तभी से भव्य राम मंदिर का निर्माण की शुरुआत हो जाएगी।

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भूमि पूजन कार्यक्रम से ठीक पहले श्री राम जन्मभूमि ट्रस्ट ने आयोध्या में बनने वाले प्रस्तावित मॉडल तस्वीरें जारी करते हुए लिखा है “श्री राम जन्मभूमि मन्दिर विश्व में भारतीय स्थापत्य कला का अनुपम उदाहरण होगा।” यह भी कहा जा रहा है राम जन्मभूमि मन्दिर विश्व में भारतीय स्थापत्य कला का अनुपम उदाहरण होगा जो हजारों सालों तक अपनी भव्यता का अहसास कराएगा। अब देखना यह होगा की कब तक भव्य राम मंदिर बनकर तैयार होता है और आम नागरिकों के लिए कब तक में खोला जायेगा

राम मंदिर का निर्माण 5 अगस्त से:- Ayodhya Ram Mandir Image

आखिरकार तत्कालीन चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अगुवाई वाली सुप्रीम कोर्ट की पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने 40 दिनों की मैराथन सुनवाई के बाद 16 अक्टूबर, 2019 को दशकों पुराने इस कानूनी विवाद पर फैसला सुरक्षित रख लिया। अंत में 9 नवंबर, 2019 का वह ऐतिहासिक दिन आया जब सुप्रीम कोर्ट ने सदियों पुराने इस विवाद को हमेशा-हमेशा के लिए निपटारा कर दिया। सर्वोच्च अदालत ने संपूर्ण विवादित परिसर पर भगवान रामलला का मालिकाना हक दे दिया और उनके भव्य मंदिर निर्माण के लिए केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को तीन महीने के भीतर एक ट्रस्ट बनाने की जिम्मेदारी सौंप दी। अदालत ने सरकार को मुस्लिम पक्ष को भी मस्जिद बनाने के लिए अयोध्या में किसी महत्वपूर्ण स्थान पर 5 एकड़ जमीन देने का आदेश दिया। अदालत के इसी आदेश के बाद श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने 5 अगस्त, 2020 को वहां भव्य राम मंदिर के निर्माण के लिए भूमि पूजन और आधारशिला का कार्यक्रम तय किया गया है।

तो चलिए देखते हैं जन्मभूमि मन्दिर के प्रस्तावित मॉडल के कुछ चित्र।- Ayodhya Ram Mandir Image

राम मंदिर का नक्शा तैयार किया है चीफ आर्किटेक्ट सोमपुरा के बेटे निखिल सोमपुरा ने बताया कि मंदिर के पास 70 एकड़ जमीन है लेकिन, मंदिर 3 एकड़ में तैयार किया जायेगा। बाकी की जमीन पर मंदिर परिसर का विस्तार किया जाएगा।

Ayodhya Ram Mandir Image

मंदिर का निर्माण इस तरीके से किये जा रहा है की वह लगभग 1 हजार साल तक अपनी भव्यता का अहसास कराये इसलिए जरुरी है की उचित जगह का चुनाव किया जाये जिससे वह मंदिर का भर सह सके इसके लिए जमीन के नीचे 200 फ़ीट तक का मृदा परीक्षण कराया जा रहा है उसी के हिसाब से जगह का चुनाव किया जायेगा

Ayodhya Ram Mandir Image

राम मंदिर की प्रस्तावित ऊंचाई 161 फ़ीट होगी मंदिर बनाने के पहले लगभग 10 से 12 फ़ीट ऊँचा प्लेटफॉर्म बनाया जायेगा। आयोध्या के हर एक कोने से भव्य राम मंदिर का नजारा लिया जा सकेगा।

Ayodhya Ram Mandir Image

ड्रोन व्यू से कुछ प्रकार दिखेगा भव्य राम मंदिर

Ayodhya Ram Mandir Image

ऐसा कहा जा रहा है की मंदिर में सिंहद्वार, रंग मंडप, नृत्य मंडल, पूजा कक्ष और गर्भगृह के ऊपर पांचों गुंबद बनेंगे।

गुम्बद की नक्कासी कुछ इस प्रकार की होगी

राम मंदिर निर्माण में सीमेंट रेट ईंट का उपयोग न करके इसका निराम केवल तरासे गए पत्थरों से किया जायेगा यह नागर शैली में बना अष्टकोणीय मंदिर होगा। इसमें भगवान राम की मूर्ति और राम दरबार होगा। मुख्य मंदिर के आगे-पीछे सीता, लक्ष्मण, भरत और भगवान गणेश के मंदिर होंगे।

बाकी 67 एकड़ में श्री राम से जुडी छोटी छोटी मैंडरेन होगी और पूरे क्षेत्र को ग्रीन कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जायेगा जिसमें विभिन्न प्रकार के औषधीय वृक्ष, फल, फूल होंगे जिससे मंदिर का नजारा देखने लायक होगा

रामार्चन पूजा सभी प्रमुख देवी और देवताओं को भगवान राम के पधारने से पहले न्योता देने के लिए की जाने वाली पूजा है. इस पूजा को कई चरणों में किया जा रहा है. पहले चरण में राम के अलावा अन्य देवी-देवताओं की पूजा की जा रही है. दूसरे चरण में अयोध्या की पूजा होगी. इसके अलावा नल-नील, सुग्रीव की पूजा होगी. तीसरे चरण में दशरथ, उनकी रानियों, राम के सभी भाइयों और उनकी पत्नी की पूजा की जाएगी और अंत में भगवान राम का आह्वान किया जाएगा.

देश में नागर शैली के प्रमुख मंदिर
कंदरिया महादेव मंदिर, खजुराहो (मध्य प्रदेश)
लिंगराज मंदिर, भुवनेश्वर (उड़ीसा)
जगन्नाथ मंदिर, पुरी (उड़ीसा)
कोणार्क का सूर्य मंदिर, कोणार्क (उड़ीसा)
मुक्तेश्वर मंदिर, (उड़ीसा)
खजुराहो के मंदिर, मध्यप्रदेश
दिलवाड़ा के मंदिर, अबू पर्वत राजस्थान
सोमनाथ मंदिर, सोमनाथ (गुजरात)

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NCL भर्ती 2020: Supervisor & Technician के 512 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करें?

NCL भर्ती 2020: Supervisor & Technician

नॉर्दर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड /Northern Coalfields Limited (NCL) ने 512 पदों पर Supervisor & Technician भर्ती के लिए एक नवीनतम अधिसूचना जारी की है | नॉर्दर्न NCL भर्ती 2020 के 512 पदों पर Supervisor & Technician जॉब्स रिक्ति के लिए आवेदन करने के इच्छुक उम्मीदवार 25 अगस्त 2020 तक आवेदन कर सकते हैं |

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NCL की आवश्यक तिथियां:-

ऑनलाइन आवेदन करने की प्रारंभिक तिथि : 04/08/2020

ऑनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि: 25/08/2020

NCL भर्ती के पदों का विवरण:-

  • Assistant Foreman (E&T)07 पद
  • Assistant Foreman (Mechanical)72 पद
  • Technician Fitter (Trainee)149 पद
  • Technician Electrician (Trainee)174 पद
  • Technician Turner (Trainee)19 पद
  • Technician Machinist (Trainee)08 पद
  • Technician Welder (Trainee)83 पद

NCL भर्ती का वेतनमान:-

  • Assistant Foreman (E&T) /Assistant Foreman (Mechanical)31852/- रुपये
  • Technician Fitter (Trainee), Technician Electrician (Trainee), Technician Turner (Trainee), Technician Machinist (Trainee), Technician Welder (Trainee)1065.55/- रुपये

NCL भर्ती आवश्यक शैक्षिक योग्यता और अनुभव:-

  • उम्मीदवारों के पास एक उत्तीर्ण मैट्रिकुलेट और डिप्लोमा या मान्यता प्राप्त बोर्ड / विश्वविद्यालय / संस्थान से समकक्ष होना चाहिए |

NCL भर्ती 2020 के लिए आयु सीमा:-

  • न्यूनतम आयु सीमा – 18 वर्ष
  • अधिकतम आयु सीमा – 30 वर्ष

NCL भर्ती 2020 के लिए आवेदन शुल्क:-

  • General/OBC/ EWS उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – 500/- रुपये
  • SC/ST/PWD/ESM उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क – NIL

NCL भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया:-

  • WITI परीक्षा केवल यूपी या एमपी आधारित संस्थानों से होती है |

How to Apply:- Apprentice

  • Mode of Apply: Through Online.
  • Job Location: Madhya Pradesh.

NCL भर्ती के लिए Important Links:-

NCL Recruitment Notification PDF Click Here

Apply Online Click Here

Official Website Click Here

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